फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sonipat News ›   मुरथल यूनिवर्सिटी में छात्र संघ चुनाव में धांधली का आरोप, आर्किटेक्चर की 5 क्लास में बनाए 10 सीआर

मुरथल यूनिवर्सिटी में छात्र संघ चुनाव में धांधली का आरोप, आर्किटेक्चर की 5 क्लास में बनाए 10 सीआर

Sat, 01 Dec 2018 01:12 AM IST
Updated Sat, 01 Dec 2018 01:12 AM IST
विज्ञापन
मुरथल यूनिवर्सिटी में छात्र संघ चुनाव में धांधली का आरोप, आर्किटेक्चर की 5 क्लास में बनाए 10 सीआर
विवाद: दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी यूनिवर्सिटी मुरथल में छात्र संघ चुनाव में धांधली की शिकायत सीएम तक पहुंची
विज्ञापन

-आर्किटेक्चर की 5 क्लास में 10 डिवीजन दिखा दस सीआर बनाए
अमर उजाला ब्यूरो
सोनीपत। दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी यूनिवर्सिटी मुरथल में छात्र संघ चुनाव में घपलेबाजी की शिकायत हुई है। इस बार यूनिवर्सिटी प्रशासन से लेकर कई प्रोफेसरों पर चुनाव में धांधली कराने का आरोप लगा है। इसकी शिकायत भी सीएम के पास तक पहुंच गई है। जहां आर्किटेक्चर की 5 क्लास में 10 डिवीजन दिखाकर दस सीआर बना दिए गए और उनके सहारे ही पदाधिकारी चुने गए। इससे अध्यक्ष पद की हार-जीत भले ही प्रभावित नहीं हुई हो, लेकिन उपाध्यक्ष व संयुक्त सचिव की हार-जीत का अंतर पांच से कम होने के कारण वह प्रभावित हो गईं। जिस शिकायत को सीएम के पास भेजा गया है, उसमें नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए क्लास की जगह डिवीजन के सीआर बनाए जाने का आरोप लगाया है। इसके अलावा यूनिवर्सिटी के एक अधिकारी पर चुनाव से पहले कांग्रेस के नेता से मिलकर ऐसा कराने का आरोप भी लगाया गया है।
दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी यूनिवर्सिटी मुरथल में छात्र संघ चुनाव के बाद एक बड़ा खुलासा हुआ है और यह खुलासा सीएम विंडो पर बीटेक द्वितीय वर्ष के छात्र अंकुश की शिकायत से हुआ है। यूनिवर्सिटी में बी आर्किटेक्चर की पांच क्लास चलती हैं और एक क्लास में 80 छात्र-छात्राएं होने के कारण एकसाथ कमरे में पढ़ाई करने में परेशानी होती है। इस कारण ही एक क्लास की ए व बी दो डिवीजन बनाकर पढ़ाई कराई जा रही है। इस तरह पांच क्लास की दस डिवीजन बनाई गई हैं। आरोप है कि छात्र संघ चुनाव में क्लास की जगह डिवीजन के चुनाव कराकर सीआर (क्लास रिप्रजेंटेटिव) बना दिए गए और इस तरह से पांच की जगह दस सीआर हो गए। जबकि इस तरह ही जीजेयू व केयू में एक क्लास की कई डिवीजन बनाकर पढ़ाई कराई जा रही है, लेकिन वहां ऐसा नहीं किया गया। जबकि जीजेयू के वीसी प्रो. टंकेश्वर कुमार ने चुनाव के लिए नियम बनाए थे और इस तरह क्लास की जगह डिवीजन के आधार पर सीआर चुना जा सकता तो वह भी अपने यहां उस तरह ही सीआर का चुनाव कराते। इस मामले में एक प्रोफेसर पर आरोप लगाया गया है कि उसने कई प्रत्याशियों को बुलाकर डिवीजन के आधार पर सीआर चुनने का प्लान बनाया था। वहीं यूनिवर्सिटी के एक अधिकारी पर भी चुनाव से पहले हरियाणा की राजनीति में सक्रिय कांग्रेस के एक नेता से मुलाकात करने के बाद यह सब कुछ कराए जाने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन

--
इस गड़बड़ी से उपाध्यक्ष व संयुक्त सचिव पद हुए प्रभावित
सीएम विंडो पर छात्र अंकुश की ओर से जिस तरह पांच क्लास में दस डिवीजन बनाकर सीआर का चुनाव कराने का आरोप लगाया गया है, उससे उपाध्यक्ष व संयुक्त सचिव के पद प्रभावित हुए हैं। क्योंकि अध्यक्ष पद की जीत का अंतर 15 वोट का रहा है तो उपाध्यक्ष पद की जीत का अंतर चार व संयुक्त सचिव की जीत का अंतर तीन वोट का रहा है। ऐसे में पांच सीआर कम होते तो हार-जीत का फैसला बदल सकता था।
विज्ञापन
विज्ञापन

--
यह मामला मेरे संज्ञान में आया था और इसमें हमने जवाब दिया है कि हमने एक क्लास से अलग-अलग डिवीजन बनाई हुई हैं। उसके आधार पर ही चुनाव कराए गए हैं। क्योंकि जब हम उनकी पढ़ाई अलग-अलग करा रहे हैं तो चुनाव भी उनके उस तरह ही कराए गए। अनिल खुराना, रजिस्ट्रार मुरथल यूनिवर्सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed