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मोगियां बंद करवाने पहुंचे सिंचाई विभाग के अधिकारियों का किसानों ने किया विरोध

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 22 Jan 2022 11:36 PM IST
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The farmers protested against the officers of the Irrigation Department who came to get the moggies closed
धरना लगाकर विरोध करते हुए किसान। - फोटो : Sirsa
रानियां। ओटू हेड के आसपास के गांव धनूर, अबूतगढ़ व वन सुधार के पास घग्गर नदी पर किसानों की ओर से लगाई गई राईस सूट मोगियों को विभाग की ओर से उखाड़ कर बंद कर दिया गया है। विभाग की ओर से पुलिस बल के साथ ड्यूटी मैजिस्ट्रेट की नियुक्ति की गई जिसके पश्चात विभाग की ओर से अवैध रूप से लगाई गई तीन मोगियों को उखाड़ दिया गया।
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विभाग की ओर से घग्गर के तटबंध के ऊपर से पाइपलाइन डालने की परमिशन दी जाती है, लेकिन किसानों की ओर से तटबंधों के नीचे से मोगियां डाली गई थी। वहीं इसके बाद गांव कुत्ताबढ़ व गिदड़ा वाली के पास घग्गर नदी में लगी राइस सूट मोगियों को बंद करवाने के लिए पहुंचे सिंचाई विभाग के अधिकारियों को किसानों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। जिस कारण विभाग के अधिकारियों को बगैर मोगिया उखाड़े ही लौटना पड़ा। पता चलते ही संयुक्त किसान मोर्चा के नेता व किसान बड़ी संख्या में मौके पर पहुंचे और धरना लगाकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। विभाग के एसडीओ विकास कुमार ने बताया कि घग्गर नदी में यह राइस सूट मोगिया केवल धान के सीजन के दौरान लगाए जाने की सरकार द्वारा मंजूरी दी जाती है और सितंबर महीने के बाद किसानों द्वारा इनको अपने खर्चे पर उखाड़ना होता है पर ज्यादातर किसान अभी भी इन मोगियों को चला रहे हैं। पता चलते ही वह विभाग के जेई और कर्मचारियों के साथ इन मोगियों को उखाड़ने के लिए पहुंचे थे लेकिन किसान उनका विरोध करने पर डटे हैं। वहीं दूसरी और किसान नेता सुरेंद्र सिद्धू, मेजर विर्क, गुरविंद्र भट्टी, गुरदीप सिंह, अजेपाल बाजवा, कश्मीर विर्क आदि ने बताया कि पिछले करीब चार वर्षों से यह मोगियां घग्गर नदी में लगी हुई है परंतु सरकार द्वारा कभी भी इनको उखाड़े जाने की बात नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि किसानों ने अब इन मोगियों को खुद भी बंद कर रखा है।
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नहर की टेल पर पड़ने वालों गांवों के किसान भी हैं भाई : सिद्दू
किसान नेता सुरेंद्र सिंह सिद्धू ने कहा कि इस एसजीसी नहर की टेल पर पड़ते गांवों के किसान भी उनके भाई हैं। इस नहर का पानी टेल तक पहुंचाने के लिए भी हरसंभव प्रयास किए जाएंगे। लेकिन सरकार इस मामले पर किसानों में फूट डालने की कोशिश कर रही है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि आगामी धान के सीजन के दौरान टेल पर पढ़ते गांवों और घग्गर बेल्ट के गांवों के किसानों की एक कमेटी बनाई जाएगी और टेल पर इस नहर का पानी पहुंचाए जाने के लिए भी एक अच्छी रणनीति तैयार की जाएगी। ताकि एसजीसी पर पड़ते गांवों के किसानों को भी इस नहर का पानी पर्याप्त मात्रा में मिलता रहे।

मौके पर मौजूद अधिकारी।

मौके पर मौजूद अधिकारी।- फोटो : Sirsa

जेसीबी से राईट सूट उखाड़ते अधिकारी।

जेसीबी से राईट सूट उखाड़ते अधिकारी।- फोटो : Sirsa

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