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Sirsa News: मिठड़ी में पशु औषधालय पर लटका मिला ताला, ग्रामीणों में रोष
Tue, 22 Oct 2024 03:07 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Tue, 22 Oct 2024 03:07 AM IST
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मिठड़ी के राजकीय पशु अस्पताल के मुख्य गेट पर लटका ताला।
संवाद न्यूज एजेंसी
ओढां। गांव मिठड़ी के राजकीय पशु औषधालय में इन दिनों ताला लटका हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि पशु औषधालय में एक वीएलडीए की ड्यूटी है, लेकिन न तो वह अस्पताल में मिलता है और न ही फोन उठाता है। इससमें ग्रामीणों में विभाग के प्रति बेहद नाराजगी है। ग्रामीणों ने कहा कि अगर उनकी समस्या का शीघ्र ही समाधान नहीं किया गया तो ग्रामीण अस्पताल में धरना लगाएंगे।
गांव के गुरु तेग बहादुर युवा क्लब के सदस्य दलबीर सिंह, हरिपाल सिंह, हरदीप सिंह व गुरलाभ सिंह ने बताया कि उनके गांव में सरकारी पशु औषधालय है, जिसमें वीएलडीए की ड्यूटी है। जब वे अस्पताल में जाते हैं तो आगे से ताला लटका मिलता है। संपर्क करने पर वीएलडीए फोन नहीं उठाता। ऐसे में उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्लब के सदस्यों ने बताया कि ग्रामीणों को हो रही परेशानी के मद्देनजर जब वे सोमवार को करीब 12 बजे पशु औषधालय में पहुंचे तो वहां उन्हें ताला लटका मिला। इसके बाद उन्होंने वीएलडीए सुरेंद्र कुमार को अनेक बार फोन किया, लेकिन उसने फोन नहीं उठाया। क्लब के सदस्यों ने बताया कि उक्त वीएलडीए सप्ताह में कभी-कभार आकर औपचारिकता निभा कर चला जाता है। ऐसे में लोगों को अपने पशुओं के इलाज केलिए या तो पास के गांव के अस्पताल में जाना पड़ता है या फिर निजी प्रैक्टिशनर को बुलाना पड़ता है। उन्होंने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि इस मामले को लेकर वे विभागीय अधिकारियों से मिलेंगे। अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो मजबूरन उन्हें अस्पताल में धरना लगाना पड़ेगा।
मैं नियमित ड्यूटी पर ही रहता हूं। लापरवाही वाली ऐसी कोई बात नहीं है। शनिवार को मैं अपने गांव चला गया था। सोमवार को मैंने छुट्टी के लिए वेटनरी सर्जन को बोला था। -सुरेन्द्र कुमार, वीएलडीए
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ग्रामीणों की तरफ से अभी तक मेरे पास इस विषय में कोई शिकायत नहीं आई है। अगर ग्रामीणों को समस्या आ रही है और इस बारे कोई शिकायत आती है तो वीएलडीए से जवाबतलबी की जाएगी।
- सतपाल खुंडिया, वेटनरी सर्जन (जीवीएच किंगरे)।
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ओढां। गांव मिठड़ी के राजकीय पशु औषधालय में इन दिनों ताला लटका हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि पशु औषधालय में एक वीएलडीए की ड्यूटी है, लेकिन न तो वह अस्पताल में मिलता है और न ही फोन उठाता है। इससमें ग्रामीणों में विभाग के प्रति बेहद नाराजगी है। ग्रामीणों ने कहा कि अगर उनकी समस्या का शीघ्र ही समाधान नहीं किया गया तो ग्रामीण अस्पताल में धरना लगाएंगे।
गांव के गुरु तेग बहादुर युवा क्लब के सदस्य दलबीर सिंह, हरिपाल सिंह, हरदीप सिंह व गुरलाभ सिंह ने बताया कि उनके गांव में सरकारी पशु औषधालय है, जिसमें वीएलडीए की ड्यूटी है। जब वे अस्पताल में जाते हैं तो आगे से ताला लटका मिलता है। संपर्क करने पर वीएलडीए फोन नहीं उठाता। ऐसे में उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्लब के सदस्यों ने बताया कि ग्रामीणों को हो रही परेशानी के मद्देनजर जब वे सोमवार को करीब 12 बजे पशु औषधालय में पहुंचे तो वहां उन्हें ताला लटका मिला। इसके बाद उन्होंने वीएलडीए सुरेंद्र कुमार को अनेक बार फोन किया, लेकिन उसने फोन नहीं उठाया। क्लब के सदस्यों ने बताया कि उक्त वीएलडीए सप्ताह में कभी-कभार आकर औपचारिकता निभा कर चला जाता है। ऐसे में लोगों को अपने पशुओं के इलाज केलिए या तो पास के गांव के अस्पताल में जाना पड़ता है या फिर निजी प्रैक्टिशनर को बुलाना पड़ता है। उन्होंने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि इस मामले को लेकर वे विभागीय अधिकारियों से मिलेंगे। अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो मजबूरन उन्हें अस्पताल में धरना लगाना पड़ेगा।
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मैं नियमित ड्यूटी पर ही रहता हूं। लापरवाही वाली ऐसी कोई बात नहीं है। शनिवार को मैं अपने गांव चला गया था। सोमवार को मैंने छुट्टी के लिए वेटनरी सर्जन को बोला था। -सुरेन्द्र कुमार, वीएलडीए
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ग्रामीणों की तरफ से अभी तक मेरे पास इस विषय में कोई शिकायत नहीं आई है। अगर ग्रामीणों को समस्या आ रही है और इस बारे कोई शिकायत आती है तो वीएलडीए से जवाबतलबी की जाएगी।
- सतपाल खुंडिया, वेटनरी सर्जन (जीवीएच किंगरे)।