फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   Rs 20 per bag is being collected from farmers for weighing and packing of mustard, officials said - taking money from farmers is wrong, will investigate

Sirsa News: सरसों की तुलाई व भराई की एवज में किसानों से वसूले जा रहे प्रति बैग 20 रुपये, अधिकारी बोले- किसानों से पैसे लेना गलत, करेंगे जांच

Wed, 10 Apr 2024 12:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Wed, 10 Apr 2024 12:16 AM IST
विज्ञापन
Rs 20 per bag is being collected from farmers for weighing and packing of mustard, officials said - taking money from farmers is wrong, will investigate
बडागुढ़ा के खरीद केंद्र पर सरसों की भराई करते मजदूर।   संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

बडागुढ़ा। अनाज मंडियों में सरसों की खरीद शुरू जारी है। खरीद के साथ ही विभागीय अधिकारियों व ठेकेदारों की सांठ-गांठ का खेल भी शुरू हो चुका है। किसानों से मजदूरी के नाम पर प्रति बैग 20 रुपये लिए जा रहे हैं।
किसानों ने आरोप लगाया कि बडागुढ़ा के खरीद केंद्र में सरसों की खरीद के दौरान तुलाई और भराई का खर्चा लिया जा रहा है, जबकि इसकी मजदूरी सोसायटी को दी जाती है। सोसायटी द्वारा ठेकेदारों के माध्यम से लेबर को मजदूरी दी जाती। किसानों ने आरोप लगाया कि सरकार से मजदूरी कम मिलने का हवाला देते हुए प्रति बैग के 15 से 20 रुपये वसूले जा रहे हैं। जो किसानों के साथ धोखाधड़ी है। अधिकतर किसानों को इस बारे में जानकारी नहीं होने का लाभ उठाया जा रहा है।
विज्ञापन

---
बॉक्स
बडागुढ़ा के खरीद केंद्र पर अब तक करीब 1500 क्विंटल सरसों की खरीद हो चुकी है। किसान अमरीक सिंह, मनजीत सिंह, अवतार सिंह, महंगा सिंह , सेवा सिंह, सोहन सिंह ने बताया कि मंडी सरसों लेकर आने वाले उनसे 15 से 20 रुपये प्रति बैग मजूदरी के नाम पर लिए गए। यहां सीधे सीधे ठेकेदार लूट मचा रखी है। हमारी प्रशासन से मांग है कि इस लूट को बंद करवाया जाए। विभाग द्वारा तुलाई, भराई और सफाई के 35 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से मजदूरी दी जाती है। अधिकारियों ने कहा कि हैफेड द्वारा सोसायटी को मजदूरी का खर्च वहन किया जाता है और इसके बाद ठेकेदारों ने मजदूरों को मजदूरी देनी होती है। सरकार द्वारा दिए जाने वाली मजदूरी पर मजदूर काम करने को तैयार नहीं है, इसलिए कुछ खर्चा ठेकेदारों द्वारा किसानों से लिया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन




वर्जन
इस बारे हमें कोई जानकारी नहीं है। तुलाई, भराई व सफाई का खर्च सोसाइटी द्वारा दिया जाता है। इसका खर्च किसानों से लेना सरासर गलत है। इस विषय में हम जांच करेंगे। --- जोगिंद्र सिंह, सहायक डीएम (हैफेड)

::::::::::::::::::::::::::::::
मंडियों में सरसों की आवक बढ़ी, एक दिन में हुई 1,12066 क्विंटल की खरीद

सिरसा। जिले भर की मंडियों में सरसों की आवक तेज आई है। इसके साथ ही खरीद ने भी तेजी पकड़ी है। मंगलवार को जिले भर में 112066 क्विंटल सरसों की सरकारी खरीद की गई। सरसों में नमी कम होने के कारण सरकारी खरीद बढ़ गई है। जिन किसानों ने सरसों का पंजीकरण नहीं करवाया है या सरसों में नमी है। वे निजी एजेंसियां यानी आढ़तियों को किसान बेच रहे हैं।


::::::::::::::::::::::::::::::
मंडियों में सरसों की आवक
सिरसा : 31740 क्विंटल

डबवाली : 22533 क्विंटल
कालांवाली: 18441 क्विंटल

ऐलनाबाद : 15132 क्विंटल
रानियां : 5507 क्विंटल

डिंग : 13713 क्विंटल



कोट्स

सरसों को उठान तेजी से करवाया जा रहा है। तीन से चार दिनों में गेहूं भी मंडी में आ जानी है। इसलिए उठान पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। - वीरेंद्र मेहता, सचिव मार्केट कमेटी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed