फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   If exemption is given, then school vehicles run without meeting the standards

Sirsa News: छूट मिली, तो फिर बिना मानक पूरे किए दौड़ स्कूली वाहन

Thu, 18 Apr 2024 10:59 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Thu, 18 Apr 2024 10:59 PM IST
विज्ञापन
If exemption is given, then school vehicles run without meeting the standards
सिरसा के मिनी बाइपास पर उपायुक्त आवास के आगे से ​विद्यार्थियों को लेकर गुजरती बिना स्कूल के नाम
अशोक दधीच
विज्ञापन

सिरसा। महेंद्रगढ़ स्कूल बस हादसे के बाद प्रशासन की निजी स्कूलों पर सख्ती के बाद एक बारगी प्रशासन ने संचालकों को सभी नियम पूरे करने के लिए छूट दी है। छूट मिलने के बाद एक बार फिर से सड़कों पर बिना मानक पूरे किए स्कूली वाहन दौड़ते नजर आए।
प्रशासन ने साफ तौर पर कहा है कि बच्चाें को ऑटो में नहीं बैठाया जाएगा और न ही खटारा वाहनों में, लेकिन निजी स्कूल संचालकों इन आदेश को वीरवार को धत्ता बताते हुए देखे गए। संवाददाता ने पड़ताल में पाया कि कई स्कूल संचालकों ने स्कूली बच्चों को ऑटो में ही घर भेजा, तो किसी ने बिना स्कूल वाली टाटा मैजिक में।
विज्ञापन

कनीना में हुए हादसे के बाद एकाएक प्रशासन निजी स्कूल संचालकों के प्रति सख्त हो गया था। यातायात पुलिस ने 200 के करीब स्कूल वाहनों के चालान काट दिए और 13 बसों को जब्त कर लिया था। प्रशासन की इस सख्ती से स्कूल संचालकों ने उपायुक्त से मिलकर सभी नियम पूरा करने के लिए मोहलत मांगी थी। इस पर उपायुक्त ने दो दिन पहले ही निजी स्कूल संचालकों की बैठक लेकर उनको आवश्यक निर्देश दिए थे। उपायुक्त ने साफ कहा था कि स्कूल संचालक अपने स्कूल के वाहनों की फिटनेस जांच अवश्य करवाएं और रोड सेफ्टी एक्ट के तहत सभी नियमों को पूरा करें। उपायुक्त ने सख्त लहजे में कहा था कि खटरा स्कूल वैन व ऑटो में बच्चों को बैठाया गया तो इस मामले में संबंधित स्कूल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त ने सभी स्कूल संचालकों को सभी नियमों को पूरा करने के लिए 26 अप्रैल तक का समय दिया है। वहीं आरटीए के पास फिजिकल पासिंग के लिए अब तक 30 वाहन आए हैं। इनमें से 18 की ही पासिंग हो पाई है। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन



बॉक्स
छूट मिली तो आए पुराने ढर्रे पर
प्रशासन द्वारा निजी स्कूल संचालकों को छूट क्या दी गई कि स्कूल संचालक अपने पुराने ढर्रे पर आ गए। वीरवार को शहर में कई स्थानों पर स्कूली बच्चों को ऑटो से स्कूल व स्कूल से घर पहुंचाया गया। यही नहीं शहर में ऐसी स्कूली टाटा मैजिक भी घूम रही थी, जिस पर स्कूल का नाम तक अंकित नहीं था। यह टाटा मैजिक भी खटारा बनी हुई थी। इसके अलावा टाटा मैजिक की नंबर प्लेट कॉमर्शियल प्रयोग के लिए नहीं थी और न ही इन पर पीला रंग था। एक तरह से यह वाहन पूरी तरह से नियमों को ताक पर रखकर सड़क पर चल रहे थे। यहां तक की एक ही ऑटो में करीब 15 बच्चों को बैठाया था।

:::::::::::::::::::::::::::::

अभिभावक भी ले संज्ञान
बच्चाें को ऑटो व खटारा वैनों में बैठाने के मामले में अभिभावकों को भी जागरूक होना चाहिए। अभिभावक इस बात का ध्यान दें कि उनके बच्चों को किस वाहन में बैठाकर ले जाया जा रहा है। शहर के हरिओम गाेयल, सोमबीर छाबड़ा, सुरेश गोयल ने कहा कि अभिभावकों को इसके प्रति जागरूक होना जरूरी है, क्योंकि हमारे बच्चों की सुरक्षा के लिए हमें भी ध्यान रखना चाहिए।


:::::::::::::::::::::::
कोट्स
शहर में अगर ऐसे वाहन चल रहे हैं, तो उनके चालान काटे जाएंगे। स्कूल संचालकों को नियमों की पालना के लिए छूट दी गई थी, लेकिन ऑटो में बच्चाें को लेकर जाने व टाटा ऐसे जिन पर स्कूल का नाम नहीं, उनके चालान काटे जाएंगे। - धर्मबीर, यातायात थाना प्रभारी सिरसा।



कोट्स
प्रशासन की ओर से निजी स्कूल संचालकों को सभी नियम पूरा करने के लिए 26 अप्रैल का समय दिया गया है। हम भी अपने स्तर पर स्कूलों की जांच कर रहे हैं। शुक्रवार को भी रानियां व डबवाली में स्कूलों की जांच की जाएगी। अगर कोई स्कूल संचालक बच्चों को ऑटो या बिना स्कूल के नाम के वाहनों में बैठाकर ले जा रहा है, तो उन पर कार्रवाई की जाएगी। - ज्ञान सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी, सिरसा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed