{"_id":"69efa8ac609387b4f40a3c66","slug":"gobardhan-project-in-chautala-sirsa-news-c-128-1-svns1027-157465-2026-04-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: गोबरधन प्रोजेक्ट तैयार, गांव चौटाला में मिलेगी बायोगैस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: गोबरधन प्रोजेक्ट तैयार, गांव चौटाला में मिलेगी बायोगैस
Mon, 27 Apr 2026 11:49 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Mon, 27 Apr 2026 11:49 PM IST
विज्ञापन
गांव गोबरधन प्रोजेक्ट का निरीक्षण करते हुए एडीसी अर्पित संगल व अधिकारी। प्रवक्ता ।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- 35 घरों के किए गोबर गैस कनेक्शन, गोशाला में 3000 पशु
फोटो-- 20
संवाद न्यूज एजेंसी
डबवाली। जिले की ग्राम पंचायत चौटाला में गोबरधन प्रोजेक्ट बनकर तैयार हो गया है। यह बायोगैस सप्लाई के लिए एक प्रभावी और किफायती विकल्प साबित होगा। इस प्रोजेक्ट से गांव में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा और पर्यावरण संरक्षण में भी सहायता मिलेगी।
अतिरिक्त उपायुक्त एवं जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अर्पित संगल ने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत ग्राम पंचायत चौटाला में 400 घन मीटर क्षमता का यह गोबरधन प्रोजेक्ट स्थापित किया गया है। इस प्रोजेक्ट के लिए सरकार की ओर से 1 करोड़ 18 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। इसमें से अब तक 96 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं।
एडीसी ने बताया कि इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत श्री कृष्ण गोशाला सहित 35 घरों को बायोगैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं। परियोजना के संचालन के लिए ग्राम स्तर पर सरपंच की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया गया है। इस कमेटी में श्री कृष्ण गोशाला चौटाला के प्रधान और ग्राम सचिव को सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन
गोशाला में 3000 गोवंश, प्रोजेक्ट की कामयाबी का आधार
अधिकारियों के अनुसार, श्री कृष्ण गोशाला चौटाला में लगभग 3000 गोवंश हैं। इनसे प्राप्त गोबर के माध्यम से इस प्रोजेक्ट को संचालित किया जाएगा। इससे गोशाला और गांव के घरों में कम लागत पर बायोगैस उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही, प्रोजेक्ट से निकलने वाली जैविक खाद किसानों को उचित दरों पर उपलब्ध करवाई जाएगी जिससे कृषि को भी लाभ मिलेगा। इस प्रोजेक्ट की नियमित निगरानी कार्यकारी अभियंता पंचायती राज गौरव भारद्वाज तथा जिला कार्यक्रम प्रबंधक, स्वच्छ भारत मिशन सुखविंद्र सिंह की ओर से की जा रही है।
कोटस
प्रोजेक्ट की प्रोग्रेस रिपोर्ट नियमित रूप से तैयार हो रही है। इसको मुख्यालय स्तर पर भेजा जा रहा है।
-गौरव भारद्वाज, कार्यकारी अभियंता
विज्ञापन
फोटो
संवाद न्यूज एजेंसी
डबवाली। जिले की ग्राम पंचायत चौटाला में गोबरधन प्रोजेक्ट बनकर तैयार हो गया है। यह बायोगैस सप्लाई के लिए एक प्रभावी और किफायती विकल्प साबित होगा। इस प्रोजेक्ट से गांव में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा और पर्यावरण संरक्षण में भी सहायता मिलेगी।
अतिरिक्त उपायुक्त एवं जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अर्पित संगल ने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत ग्राम पंचायत चौटाला में 400 घन मीटर क्षमता का यह गोबरधन प्रोजेक्ट स्थापित किया गया है। इस प्रोजेक्ट के लिए सरकार की ओर से 1 करोड़ 18 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। इसमें से अब तक 96 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं।
विज्ञापन
एडीसी ने बताया कि इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत श्री कृष्ण गोशाला सहित 35 घरों को बायोगैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं। परियोजना के संचालन के लिए ग्राम स्तर पर सरपंच की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया गया है। इस कमेटी में श्री कृष्ण गोशाला चौटाला के प्रधान और ग्राम सचिव को सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन
गोशाला में 3000 गोवंश, प्रोजेक्ट की कामयाबी का आधार
अधिकारियों के अनुसार, श्री कृष्ण गोशाला चौटाला में लगभग 3000 गोवंश हैं। इनसे प्राप्त गोबर के माध्यम से इस प्रोजेक्ट को संचालित किया जाएगा। इससे गोशाला और गांव के घरों में कम लागत पर बायोगैस उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही, प्रोजेक्ट से निकलने वाली जैविक खाद किसानों को उचित दरों पर उपलब्ध करवाई जाएगी जिससे कृषि को भी लाभ मिलेगा। इस प्रोजेक्ट की नियमित निगरानी कार्यकारी अभियंता पंचायती राज गौरव भारद्वाज तथा जिला कार्यक्रम प्रबंधक, स्वच्छ भारत मिशन सुखविंद्र सिंह की ओर से की जा रही है।
कोटस
प्रोजेक्ट की प्रोग्रेस रिपोर्ट नियमित रूप से तैयार हो रही है। इसको मुख्यालय स्तर पर भेजा जा रहा है।
-गौरव भारद्वाज, कार्यकारी अभियंता