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Sirsa News: खाद्य प्रसंस्करण के संभावित सुधारों के बारे में बताया
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सिरसा।रसीडीएलयू सिरसा।
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सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय के खाद्य विज्ञान एवं तकनीकी विभाग में ऑनलाइन विस्तार व्याख्यान का बुधवार को आयोजन किया गया। विभाग की अध्यक्ष डॉ. संजू बाला ने बताया कि इस वर्ष के विश्व खाद्य दिवस के थीम हैंड इन हैंड फॉर बेटर फूड्स एंड ए बेटर फ्यूचर पर यह व्याख्यान आयोजित किया गया।
उन्होंने बताया कि सक्रिय पैकेजिंग पर अनुसंधान प्रवृत्ति : भोजन के संरक्षण के लिए एक सतत समाधान विषय पर आयोजित इस व्याख्यान में तुर्की के टार्सस विश्वविद्यालय से प्रोफेसर गुल्डेन गॉक्सेन ने मुख्य वक्ता के रूप में खाद्य तकनीकी के साथ-साथ अन्य क्षेत्रों में पैकेजिंग विषय की अपार संभावनाओं के बारे में अपने विचार व्यक्त किए।
प्रोफेसर गुल्डेन गॉक्सेन ने विद्यार्थियों को एक्टिव पैकेजिंग तकनीकी के प्रयोग से खाद्य प्रसंस्करण और संरक्षण संभावित सुधारों के बारे में विस्तार से परिचित करवाया। खाद्य तकनीकी में एक्टिव पैकेजिंग के प्रयोग से पोषक तत्वों को संरक्षण करके बेहतर गुणवत्ता वाला भोजन लंबे समय तक प्रयोग कर सकते है।
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नैनो तकनीकी का प्रयोग करके खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग गुणवता में भी वृद्धि की जा सकती है। उन्होंने बताया कि एक्टिव पैकेजिंग भोजन के भंडारण मानकों के अनुसार स्वयं का ढाल कर भोजन कि गुणवत्ता बढ़ाने में सहायक है। इस अवसर पर डॉ. मंजू नेहरा, शैक्षणिक मामलों के अधिष्ठाता प्रोफेसर सुरेश कुमार गहलावत और बॉटनी विभाग के अध्यक्ष प्रो मोहम्मद काशिफ किदवई, जनसंपर्क निदेशक डॉ. अमित, डॉ. ज्योति, डॉ. पवन रोज, डॉ. आलोक, डॉ. विकास आदि मौजूद रहे।
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उन्होंने बताया कि सक्रिय पैकेजिंग पर अनुसंधान प्रवृत्ति : भोजन के संरक्षण के लिए एक सतत समाधान विषय पर आयोजित इस व्याख्यान में तुर्की के टार्सस विश्वविद्यालय से प्रोफेसर गुल्डेन गॉक्सेन ने मुख्य वक्ता के रूप में खाद्य तकनीकी के साथ-साथ अन्य क्षेत्रों में पैकेजिंग विषय की अपार संभावनाओं के बारे में अपने विचार व्यक्त किए।
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प्रोफेसर गुल्डेन गॉक्सेन ने विद्यार्थियों को एक्टिव पैकेजिंग तकनीकी के प्रयोग से खाद्य प्रसंस्करण और संरक्षण संभावित सुधारों के बारे में विस्तार से परिचित करवाया। खाद्य तकनीकी में एक्टिव पैकेजिंग के प्रयोग से पोषक तत्वों को संरक्षण करके बेहतर गुणवत्ता वाला भोजन लंबे समय तक प्रयोग कर सकते है।
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नैनो तकनीकी का प्रयोग करके खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग गुणवता में भी वृद्धि की जा सकती है। उन्होंने बताया कि एक्टिव पैकेजिंग भोजन के भंडारण मानकों के अनुसार स्वयं का ढाल कर भोजन कि गुणवत्ता बढ़ाने में सहायक है। इस अवसर पर डॉ. मंजू नेहरा, शैक्षणिक मामलों के अधिष्ठाता प्रोफेसर सुरेश कुमार गहलावत और बॉटनी विभाग के अध्यक्ष प्रो मोहम्मद काशिफ किदवई, जनसंपर्क निदेशक डॉ. अमित, डॉ. ज्योति, डॉ. पवन रोज, डॉ. आलोक, डॉ. विकास आदि मौजूद रहे।