फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   sirsa, hindi news, bijli nigam, check, sirsa

सरपंच ने जिस बिजली अधिकारी के खिलाफ दी शिकायत वहीं आया जांच को

Sun, 20 Nov 2016 11:52 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा Updated Sun, 20 Nov 2016 11:52 PM IST
विज्ञापन
sirsa, hindi news, bijli nigam, check, sirsa
आधे शहर की बिजली गुल - फोटो : अमर उजाला
खंड के गांव चौबुर्जा के सरपंच ने बिजली निगम के अधिकारियों के खिलाफ सीएम विंडो में शिकायत की है। हद तो तब हो गई जब निगम ने उसी अधिकारी को जांच अधिकारी बनाकर के भेजा जिसके खिलाफ शिकायत की गई है। ऐसे में वह मामले के खिलाफ कितना न्याय करेगा इसको लेकर सरपंच हतप्रभ है। सरपंच ने कहा कि यदि उन्हें जल्द न्याय न मिलने पर पूरे परिवार सहित धरने पर बैठ जाएंगे। सरपंच इंद्राज सिंह के सिरसा के बेगू रोड स्थित आवास का बिजली कनेक्शन डिफाल्टर होने के कारण करीब डेढ़ माह पहले बिजली निगम की तरफ से काट दिया गया था। जिस बाबत यह शिकायत हुई थी।
विज्ञापन


ये है पूरा मामला
चौबुर्जा गांव के सरपंच इंद्राज सिंह ने बताया कि वर्ष मई 2014 में उसके घर का बिजली बिल निगम की गलती के कारण करीब 23 हजार रुपये आ गया था। उन्होंने निगम के अधिकारियों से की, जिसके बाद निगम ने मीटर में रीडिंग चेक करने की बात कहकर बिल को सही ठहराया। बाद में निगम ने जब मीटर को लैब से जांच करवाया गया तो उनको आभास हुआ कि गलती से इतना ज्यादा बिल दर्शाया गया है। आरोप है कि बावजूद इसके बिल को सही नहीं किया गया, जिसके कारण उन्होंने बिल नहीं भरा। बाद में इंद्राज सिंह ने कई बार निगम के अधिकारियों को अपना बिजली बिल को सही करने या मीटर उखाड़ने के लिए निगम को पत्र भेजे, लेकिन न बिल सही किया गया और न ही मीटर उखाड़ा गया। इंद्राज सिंह ने बताया कि अब 29 माह बाद करीब डेढ़ माह पहले उनका मीटर निगम की तरफ से उखाड़ा गया है। सरपंच का कहना है कि निगम ने अब उसकी तरफ 301296 रुपये बकाया दिखाया है। सरपंच इंद्राज का कहना है कि बिजली निगम के साथ उस वक्त बात बिगड़ी थी जब मई 2014 में रीडिंग दर्ज करने वाले कर्मचारी ने उससे दो किलो घी मांगा था, जो उसने नहीं दिया। उस वक्त उक्त कर्मचारी ने उस माह का 3000 यूनिट का बिल दिया था। सरपंच का कहना है कि जिला प्रशासन व संबंधित विभाग के अधिकारियों के उदासीनतापूर्ण व्यवहार से आहत होकर उन्होंने कुछ रोज पूर्व सीएम विंडो पर शिकायत दर्ज करवाई थी, जिसका बीते दिवस उन्होंने स्टेट्स जांचा तो पता चला कि बिजली निगम के सिरसा सर्कल के एसडीई को जांच अधिकारी बनाया गया है, जो कि उक्त मामले में शामिल हैं। सरपंच का कहना है कि उसके मामले की जांच पूरी पारदर्शितापूर्वक होनी चाहिए, जिसके लिए जांच कमेटी गठित हो जो कि सिरसा जिला की न हो।
विज्ञापन



इस संबंध में जब कार्यकारी अभियंता मदनलाल सुखीजा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अभी एक सप्ताह पहले ही उन्हें सिरसा का कार्यभार सौंपा गया है। इस संबंध में अभी तक उन्हें कुछ भी पता नहीं है, फाइल देखने के उपरांत ही कुछ कह सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed