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जल्द कार्रवाई न होने पर शहर में निकालेंगे रोष मार्च: गीता सहारण
Updated Sun, 05 Aug 2018 01:16 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा। गांव कालुआना के पूर्व सरपंच जगदेव सहारण की मौत के मामले में आरोपी पुलिस कर्मियों की गिरफ्तारी को लेकर मृतक की पत्नी व वर्तमान सरपंच गीता सहारण एसपी कार्यालय के बाहर चार दिनों से धरना दे रही हैं।
गीता सहारण ने बताया कि बीते वर्ष की 13 अक्टूबर को सदर डबवाली थाना के अंतर्गत गोरीवाला चौकी ने जगदेव सहारण को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के दौरान चौकी ले जाते हुए एक हादसा हो गया, जिसमें जगदेव सहारण की हालत गंभीर हो गई। उस समय ड्यूटी पर सब इंस्पेक्टर सतवीर सिंह व एएसआई जगत राम थे। इसके बाद जगदेव सहारण को सिरसा के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। उसके बाद वहां से रेफर होकर दिल्ली के अपोलो अस्पताल में भर्ती करवाया। जहां जगदेव सहारण की मौत हो गई। सहारण परिवार ने दोनों पुलिस कर्मियों को जगदेव सहारण की मौत का जिम्मेदार बताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की, मगर कार्रवाई नहीं हुई। 7 अप्रैल 2018 को दिल्ली की साकेत कोर्ट के आदेश पर सिरसा पुलिस द्वारा आरोपी पुलिस कर्मचारियों सतबीर व जगतपाल के खिलाफ केस दर्ज किया गया, लेकिन अभी तक दोनों की गिरफ्तारी नहीं की गई है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज होने के बावजूद न एसआईटी गठित की और न ही पुलिसकर्मियों पर कोई कार्रवाई की। बल्कि उन्हें बचाने के लिए ढील दी जा रही है। इस मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट हरुन प्रताप एमएम-04/साउथ दिल्ली ने जांच की और अपनी जांच रिपोर्ट के आधार पर 7 अप्रैल 2018 को गोरीवाला पुलिस चौकी के तत्कालीन एसआई सतबीर सिंह, एएसआई जगत राम के खिलाफ केस दर्ज करने के आदेश दिए व एसआईटी से जांच के आदेश दिए थे। गीता सहारण ने कहा कि वे इस मामले में न्याय चाहती हैं और उनकी मांग भी यही है कि दोनों पुलिस कर्मियों सतवीर सिंह व जगतराम को सस्पेंड कर कानूनी कार्रवाई की जाए। इस पूरे मामले को लेकर वह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से न्याय की गुहार लगा चुकी हैं, मगर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। अगर अभी भी उनकी सुनवाई नहीं होती है तो वे मजबूर होकर शहर में रोष मार्च निकालेंगे। वहीं बड़ागुढ़ा थाना प्रभारी अनिल सोढ़ी ने बताया कि पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप गलत व बेबुनियाद है। इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो रही है और जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
सिरसा। गांव कालुआना के पूर्व सरपंच जगदेव सहारण की मौत के मामले में आरोपी पुलिस कर्मियों की गिरफ्तारी को लेकर मृतक की पत्नी व वर्तमान सरपंच गीता सहारण एसपी कार्यालय के बाहर चार दिनों से धरना दे रही हैं।
गीता सहारण ने बताया कि बीते वर्ष की 13 अक्टूबर को सदर डबवाली थाना के अंतर्गत गोरीवाला चौकी ने जगदेव सहारण को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के दौरान चौकी ले जाते हुए एक हादसा हो गया, जिसमें जगदेव सहारण की हालत गंभीर हो गई। उस समय ड्यूटी पर सब इंस्पेक्टर सतवीर सिंह व एएसआई जगत राम थे। इसके बाद जगदेव सहारण को सिरसा के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। उसके बाद वहां से रेफर होकर दिल्ली के अपोलो अस्पताल में भर्ती करवाया। जहां जगदेव सहारण की मौत हो गई। सहारण परिवार ने दोनों पुलिस कर्मियों को जगदेव सहारण की मौत का जिम्मेदार बताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की, मगर कार्रवाई नहीं हुई। 7 अप्रैल 2018 को दिल्ली की साकेत कोर्ट के आदेश पर सिरसा पुलिस द्वारा आरोपी पुलिस कर्मचारियों सतबीर व जगतपाल के खिलाफ केस दर्ज किया गया, लेकिन अभी तक दोनों की गिरफ्तारी नहीं की गई है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज होने के बावजूद न एसआईटी गठित की और न ही पुलिसकर्मियों पर कोई कार्रवाई की। बल्कि उन्हें बचाने के लिए ढील दी जा रही है। इस मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट हरुन प्रताप एमएम-04/साउथ दिल्ली ने जांच की और अपनी जांच रिपोर्ट के आधार पर 7 अप्रैल 2018 को गोरीवाला पुलिस चौकी के तत्कालीन एसआई सतबीर सिंह, एएसआई जगत राम के खिलाफ केस दर्ज करने के आदेश दिए व एसआईटी से जांच के आदेश दिए थे। गीता सहारण ने कहा कि वे इस मामले में न्याय चाहती हैं और उनकी मांग भी यही है कि दोनों पुलिस कर्मियों सतवीर सिंह व जगतराम को सस्पेंड कर कानूनी कार्रवाई की जाए। इस पूरे मामले को लेकर वह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से न्याय की गुहार लगा चुकी हैं, मगर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। अगर अभी भी उनकी सुनवाई नहीं होती है तो वे मजबूर होकर शहर में रोष मार्च निकालेंगे। वहीं बड़ागुढ़ा थाना प्रभारी अनिल सोढ़ी ने बताया कि पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप गलत व बेबुनियाद है। इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो रही है और जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
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