रोहतक। सुपवा के डिजाइन विभाग के विद्यार्थियों को करीब आठ साल के इंतजार के बाद 20 टेबल टॉप वीविंग लूम यानि करघे प्राप्त हुए हैं। गुजरात से मंगाए इन वीविंग लूम पर विद्यार्थी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर विभिन्न आकर्षक डिजाइनों के नमूने तैयार करेंगे। यह सेट-अप टेक्सटाइल डिजाइन प्रोग्राम के एक मुख्य मॉड्यूल में उपलब्ध रहेगा जहां विद्यार्थी वाइंडिंग,वारपिंग, वीविंग सीखेंगे और प्लेन, ट्विल, साटन, एक्स्ट्रा थ्रेड डिजाइन, पाइल डिजाइन, बैक्ड फैब्रिक आदि जैसे विभिन्न डिजाइन विकसित करेंगे।
डिजाइन विभाग में मंगलवार को कुलपति गजेंद्र चौहान ने वीविंग लूम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह करघे विद्यार्थियों को बुनियादी और उन्नत बुनाई सीखने में सक्षम बनाएंगे। इस सत्र के दौरान हेड, टेक्सटाइल डिजाइन अनिल कुमार ने कुलपति को स्टूडियो व बुनाई की पूरी प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कुलपति को उनके समर्थन के लिए धन्यवाद दिया। इस मौके पर कुलपति की पत्नी हबीबा मौजूद रही। दोनों ने बुनाई में हाथ आजमाया। इस अवसर पर फैकल्टी कोऑर्डिनेटर, डिजाइन, डॉ. सीमा, डीन एकेडमिक अफेयर्स डॉ. अजय कौशिक, डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रोफेसर ज्ञानेंद्र सिंह, रजिस्ट्रार वीपी नांदल, लाइब्रेरी कंसल्टेंट डॉ. प्रेम कुमार, विजुअल आर्ट्स और अर्बन प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर के फैकल्टी कोऑर्डिनेटर आदि मौजूद रहे।