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Rohtak: 104 वर्षीय दुलीचंद ने निजी एप के खिलाफ निकाली बरात, थारा फूफा जिंदा है आंदोलन का कंटेंट चुराने का आरोप
Wed, 10 Apr 2024 08:11 PM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, रोहतक (हरियाणा)
अमर उजाला ब्यूरो, रोहतक (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Wed, 10 Apr 2024 08:11 PM IST
सार
नवीन जयहिंद के साथ वयोवृद्ध दुलीचंद अदालत पहुंचे। एक निजी एप पर उनके आंदोलन से कंटेंट चोरी करने का आरोप लगाया। केस करने के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा से कोर्ट तक बरात निकाली।
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प्रदर्शन करते हुए।
- फोटो : संवाद
विस्तार
हरियाणा के रोहतक शहर में बुधवार को ''थारा फूफा जिंदा है'' आंदोलन चलाने वाले 104 वर्षीय दुलीचंद ने शहर में एक बार फिर बरात निकाली। जयहिंद सेना प्रमुख नवीन जयहिंद उनके रथ पर सारथी बने। दुलीचंद ने निजी एप पर उनके आंदोलन का कंटेंट चुराने का आरोप लगाया, साथ ही अदालत से इस मामले में कार्रवाई की मांग की। एप संचालक कंपनी पर केस दर्ज कराने की मांग के लिए उन्होंने शहर में बरात निकाली।
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अपनी पेंशन काटे जाने के विरोध में ''थारा फूफा जिंदा है'' आंदोलन करने वाले दादा दुलीचंद बुधवार को मानसरोवर पार्क स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा के पास पहुंचे। यहां से रथ में सवार होकर रोहतक कोर्ट गए। रथ पर सारथी बनकर नवीन जयहिंद उनके साथ रहे। दुलीचंद का आरोप है कि निजी एप संचालकों ने अपनी फिल्म में उनके आंदोलन का कंटेंट चुराया है। इस संबंध में कोर्ट में फिल्म के खिलाफ शिकायत दी है।
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पेंशन काटने के विरोध में दो साल पहले किया था आंदोलन
नवीन जयहिंद ने कहा कि दो वर्ष पहले फैमिली आईडी में 102 वर्षीय दुलीचंद की पेंशन काट दी गई थी। इसके बाद ''थारा फूफा जिंदा है'' नाम से आंदोलन चलाया गया। इसके बाद कई बुजुर्गों व विधवा महिलाओं की पेंशन बनी। इस आंदोलन के ब्रांड एंबेसडर दुलीचंद हैं।
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फिल्म से होने वाली आमदनी वृद्ध आश्रम या गोशाला में दान करें निर्माता
दुलीचंद का आरोप है कि अब उनके नाम से एक फिल्म बनाई गई है। उनसे कोई अनुमति नहीं ली गई, इसलिए कोर्ट का सहारा लेना पड़ रहा है। फिल्म निर्माता इस मुद्दे को भुनाकर मुनाफा कमाना चाहते हैं, ऐसा नहीं होना चाहिए। उनसे अनुमति लेने के बाद ही यह कदम उठाना चाहिए था। इसलिए फिल्म निर्माता माफी मांगें, साथ ही फिल्म से होने वाली आमदनी वृद्ध आश्रम या गोशाला में दान करें।
अदालत ने पांच लोगों को भेजा समन, 12 को होना है न्यायालय में हाजिर
कंटेंट चोरी मामले में दुलीचंद ने निजी ओटीटी प्लेटफॉर्म के खिलाफ शिकायत दी है। बरात के साथ कोर्ट में पहुंचे दुलीचंद ने एप संचालक समेत 12 लोगों पर अपना कंटेंट चुराने का आरोप लगाया है। वकील गौरव भारती ने बताया कि सिविल जज आदित्य यादव ने इस मामले में सुनवाई की और 12 अप्रैल को एप संचालक सहित पांच लोगों को न्यायालय में हाजिर होने के लिए समन भेजा। एडवोकेट मदन लाल भारतीय, एडवोकेट दीपक कुमार सिसोदिया, एडवोकेट मनीष, एडवोकेट सिद्धार्थ बजाज ने पैरवी की।