रोहतक। आईजी राकेश कुमार ने वीरवार को अपने कार्यालय में रेंज के चारों जिले रोहतक, झज्जर, भिवानी व दादरी के पुलिस अधीक्षकों की बैठक ली और हिदायत दी कि गंभीर अपराध के केसों को गंभीरता से लिया जाए। साथ ही तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए। आईजी हर जिले के अपराध की समीक्षा की। साथ ही संगठित अपराध को रोकने ही हिदायत दी। बैठक में रोहतक एसपी उदय सिंह मीना, चरखी दादरी एसपी दीपक गहलावत, झज्जर एसपी वसीम अकरम व भिवानी एसपीअजीत सिंह मौजूद रहे।
आईजी ने कहा कि गंभीर अपराध के अलावा नशा तस्करी के अवैध धंधे पर अंकुश लगाया जाए। साथ ही मोस्टवांटेड, उद्घोषित अपराधियों, बेल जम्परों व पैरोल जम्पर अपराधियों को पकड़ने के लिए दबिश दी जाए। साथ ही कहा कि अगर कोई व्यक्ति झूठी शिकायत देता है तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाए। उन्होंने बताया कि अपराधिक मामलों की तुलनात्मक समीक्षा करने पर पाया गया है कि मानव विरुद्ध अपराधों में 12 केस (1.5%) की कमी दर्ज की गई है। हत्या के मामलों में रोहतक में एक तथा भिवानी में 3, हत्या के प्रयास के मामलों में रोहतक में 02, झज्जर में 02 तथा चरखी दादरी में एक की कमी दर्ज की गई है। संपत्ति विरुद्ध अपराधों में 22 केस (2%) की कमी दर्ज की गई है। झज्जर में डकैती के 02, गृह भेदन के रोहतक में 34, झज्जर में 11 तथा चरखी दादरी में 12 मामलों की कमी आई है। चोरी के मामलों में रोहतक में 18 तथा झज्जर में 12 मामलों की कमी आई है। वहीं महिला विरुद्ध अपराध के मामलों में 32 केस (11%) की कमी दर्ज की गई है। जिनमें दुष्कर्म के मामलों में रोहतक में 02, झज्जर में 05 तथा चरखी दादरी में 02, छेड़छाड़ के रोहतक में 10, झज्जर में 04, भिवानी में 03, दहेज हत्या के मामले में झज्जर में 02, भिवानी में एक तथा चरखी दादरी में 02, घरेलू हिंसा के झज्जर में 20, भिवानी में 11 तथा चरखी दादरी में एक की कमी दर्ज की गई है।