{"_id":"66c12ab46d0824368a06e4f4","slug":"mahapanchayat-of-laborers-and-farmers-at-the-district-headquarters-till-10-september-rohtak-news-c-17-roh1019-485380-2024-08-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rohtak News: मजदूर व किसानों की जिला मुख्यालय पर महापंचायत 10 सितंबर तक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rohtak News: मजदूर व किसानों की जिला मुख्यालय पर महापंचायत 10 सितंबर तक
विज्ञापन
17सीटीके10.. सुखपुरा चौक स्थित प्रभात भवन में आयोजित कार्यक्रम में बैठक करते हरियाणा सीटू के स
रोहतक। सुखपुरा चौक स्थित प्रभात भवन में शनिवार को सीटू प्रदेश कार्यकारिणी की मीटिंग आयोजित की गई। मीटिंग की अध्यक्षता सीटू प्रदेश अध्यक्षा सुरेखा ने की। 20 अगस्त से लेकर 10 सितंबर तक प्रदेश के सभी जिलों में मजदूर और किसानों की महापंचायतों का आयोजन किया जाएगा।
सीटू की राष्ट्रीय सचिव एआर सिंधु ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में मजदूरों, परियोजना कर्मियों, कच्चे कर्मचारी की खस्ता हालत के लिए भाजपा जिम्मेदार है। वहीं, सीटू प्रदेश महासचिव जयभगवान ने कहा कि लोकसभा नतीजे के बाद प्रदेश में जनता के सभी तबके चतुर्थ श्रेणी से लेकर डॉक्टर तक अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर मांगों का समाधान चाहते थे। इसके लिए सरकार एक अध्यादेश लेकर आई, जिसमें सिक्योरिटी ऑफ सर्विसेज का दावा किया गया है। उन्होंने कहा कि जून-जुलाई में सीटू के आह्वान पर हजारों आशा, आंगनबाड़ीकर्मी, मिड-डे मील वर्कर्स, ग्रामीण सफाई कर्मचारी, ग्रामीण चौकीदार, निर्माण मजदूर, मनरेगा कामगार, वन मजदूरों, औद्योगिक श्रमिकों ने भाजपा सरकार के मंत्रियों, मुख्यमंत्री के दरवाजे पर दस्तक दी। इसके बावजूद प्रदेश सरकार ने लंबित मसलों का कोई भी न्यायोचित हल वार्ता के माध्यम से नहीं किया।
सीटू प्रदेश अध्यक्ष सुरेखा ने कहा कि 20 अगस्त से लेकर 10 सितंबर तक प्रदेश के सभी जिलों में मजदूर और किसानों की महापंचायतों का आयोजन किया जाएगा। इन पंचायतों को सफल बनाने के लिए सभी जिलों में डोर टू डोर अभियान चलाया जाएगा। मीटिंग में सीटू प्रदेश उपाध्यक्ष सतबीर सिंह, बलबीर दहिया, सरोज, शरबती, किरण, सुरेश कुमार, कपूर सिंह, रमेशचंद्र, कामरेड विनोद, मनोज कुमार देवीराम, देशराज, कलीराम, वीरेंद्र डंगवाल, संदीप सिंह भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सीटू की राष्ट्रीय सचिव एआर सिंधु ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में मजदूरों, परियोजना कर्मियों, कच्चे कर्मचारी की खस्ता हालत के लिए भाजपा जिम्मेदार है। वहीं, सीटू प्रदेश महासचिव जयभगवान ने कहा कि लोकसभा नतीजे के बाद प्रदेश में जनता के सभी तबके चतुर्थ श्रेणी से लेकर डॉक्टर तक अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर मांगों का समाधान चाहते थे। इसके लिए सरकार एक अध्यादेश लेकर आई, जिसमें सिक्योरिटी ऑफ सर्विसेज का दावा किया गया है। उन्होंने कहा कि जून-जुलाई में सीटू के आह्वान पर हजारों आशा, आंगनबाड़ीकर्मी, मिड-डे मील वर्कर्स, ग्रामीण सफाई कर्मचारी, ग्रामीण चौकीदार, निर्माण मजदूर, मनरेगा कामगार, वन मजदूरों, औद्योगिक श्रमिकों ने भाजपा सरकार के मंत्रियों, मुख्यमंत्री के दरवाजे पर दस्तक दी। इसके बावजूद प्रदेश सरकार ने लंबित मसलों का कोई भी न्यायोचित हल वार्ता के माध्यम से नहीं किया।
विज्ञापन
सीटू प्रदेश अध्यक्ष सुरेखा ने कहा कि 20 अगस्त से लेकर 10 सितंबर तक प्रदेश के सभी जिलों में मजदूर और किसानों की महापंचायतों का आयोजन किया जाएगा। इन पंचायतों को सफल बनाने के लिए सभी जिलों में डोर टू डोर अभियान चलाया जाएगा। मीटिंग में सीटू प्रदेश उपाध्यक्ष सतबीर सिंह, बलबीर दहिया, सरोज, शरबती, किरण, सुरेश कुमार, कपूर सिंह, रमेशचंद्र, कामरेड विनोद, मनोज कुमार देवीराम, देशराज, कलीराम, वीरेंद्र डंगवाल, संदीप सिंह भी मौजूद रहे।
विज्ञापन