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Rewari News: भरत मिलाप का दृश्य देख सजल हुईं दर्शकों की आंखें
Sat, 17 Oct 2026 11:25 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Sat, 17 Oct 2026 11:25 PM IST
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रावण के दरबार में पहुंची सुर्पणखा। स्त्रोत: आयोजक
रेवाड़ी। श्री शिव रामलीला समिति की ओर से छठे दिन की रामलीला में श्रीराम-भरत मिलाप, शूर्पणखा की नाक काटने, खर-दूषण वध, सीता हरण की लीला का मंचन किया गया। इस दौरान श्रीराम और भरत का मिलन देख दर्शकों की आंखें सजल हो गईं। लक्ष्मण ने शूर्पणखा की नाक काटकर खर-दूषण का संहार किया। जब रावण को इस बात का पता चला तो उसने सीता हरण की योजना बना डाली।
श्री शिव रामलीला समिति के महासचिव दीपक मंगला ने बताया कि छठे दिन की रामलीला का शुभारंभ रेवाड़ी विधायक लक्ष्मण सिंह यादव ने किया। विधायक ने कहा कि भगवान श्री रामचंद्र का जीवन मानवता के लिए सत्य, त्याग, मर्यादा और कर्तव्य निष्ठा की सबसे बड़ी पाठशाला है।
उन्होंने कहा कि रामलीला केवल एक मंचन या मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि यह हमारी सनातन संस्कृति, समृद्ध परंपरा और जीवन मूल्यों को जीवंत रखने का सशक्त माध्यम है।
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उन्होंने कहा कि श्री राम ने जिस तरह हर रिश्ते का सम्मान किया, समाज के हर वर्ग को साथ लेकर अधर्म और अहंकार पर विजय प्राप्त की, वही भावना आज हमें अपने समाज और राष्ट्र निर्माण में लानी होगी। हमें श्रीराम के बताए धर्म और न्याय के मार्ग पर चलना होगा तभी एक सशक्त, संस्कारी और समरस समाज का निर्माण संभव हो सकेगा।
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श्री शिव रामलीला समिति के महासचिव दीपक मंगला ने बताया कि छठे दिन की रामलीला का शुभारंभ रेवाड़ी विधायक लक्ष्मण सिंह यादव ने किया। विधायक ने कहा कि भगवान श्री रामचंद्र का जीवन मानवता के लिए सत्य, त्याग, मर्यादा और कर्तव्य निष्ठा की सबसे बड़ी पाठशाला है।
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उन्होंने कहा कि रामलीला केवल एक मंचन या मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि यह हमारी सनातन संस्कृति, समृद्ध परंपरा और जीवन मूल्यों को जीवंत रखने का सशक्त माध्यम है।
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उन्होंने कहा कि श्री राम ने जिस तरह हर रिश्ते का सम्मान किया, समाज के हर वर्ग को साथ लेकर अधर्म और अहंकार पर विजय प्राप्त की, वही भावना आज हमें अपने समाज और राष्ट्र निर्माण में लानी होगी। हमें श्रीराम के बताए धर्म और न्याय के मार्ग पर चलना होगा तभी एक सशक्त, संस्कारी और समरस समाज का निर्माण संभव हो सकेगा।