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31 मार्च से खुलेगा रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास के बावल रोड तक का हिस्सा : राव इंद्रजीत सिंह
Fri, 24 Mar 2023 10:47 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 24 Mar 2023 10:47 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास के बावल रोड तक का हिस्सा 31 मार्च के बाद जनता के लिए खोल दिया जाएगा। ट्रायल के तौर पर इस भाग को वाहनों के लिए खोला गया है और लोड टेस्टिंग का कार्य किया जा रहा है। ये जानकारी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने दी।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की ओर से भारत माला प्रोजेक्ट के अंतर्गत तैयार किए जा रहे रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास शहर की लाइफ लाइन बनने जा रही है। अभी इस आउटर बाईपास को बावल रोड तक खोला जा रहा है। बावल रोड के बाद रेलवे ओवरब्रिज का कार्य पूरा ना होने के कारण अभी भाड़ावास रोड तक इसे खोलने में समय लगेगा। एनएचएआई ने भाड़ावास रोड तक जाने के लिए सर्विस लेन को बना दिया है। वाहनों को भाड़ावास रोड तक भी बाईपास के जरिये पहुंचाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत ने बताया कि 700 करोड़ रुपये की लागत से राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की ओर से तैयार किया जा रहा रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास शहर में भारी वाहनों के दबाव को कम करने में सहायक सिद्ध होगा। जुलाई 2023 तक रेवाड़ी आउटर बाईपास का कार्य पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि डालियाकी गांव के पास रेल फ्रेट कॉरिडोर की गुजर रही करीब 10 रेल लाइनों के ऊपर रेलवे ओवरब्रिज बनाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। रेलवे की तकनीकी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद यह काम तेजी से शुरू कर दिया जाएगा।
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बताया कि बावल रोड से आगे रिलायंस डिपो के पास भी आरओबी का काम चल रहा है जिसे जून माह तक पूरा कर लिया जाएगा। कहा कि जनता की सुविधा के लिए एनएचएआई के अधिकारियों को आउटर बाईपास का यह हिस्सा खोलने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि भारी वाहन चालक बावल रोड व गढ़ी बोलनी रोड जाने के लिए अब एनएच 71 से रेवाड़ी नारनौल आउटर बाईपास पकड़कर जा सकते हैं। गौरतलब है कि शहर के अंदर यातायात का भारी दबाव दिन भर बना रहता है। भारी वाहनों के शहर के अंदर की सड़कों से जाने के चलते अनेकों बार यातायात जाम भी घंटों हो जाता है।
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रेवाड़ी। रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास के बावल रोड तक का हिस्सा 31 मार्च के बाद जनता के लिए खोल दिया जाएगा। ट्रायल के तौर पर इस भाग को वाहनों के लिए खोला गया है और लोड टेस्टिंग का कार्य किया जा रहा है। ये जानकारी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने दी।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की ओर से भारत माला प्रोजेक्ट के अंतर्गत तैयार किए जा रहे रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास शहर की लाइफ लाइन बनने जा रही है। अभी इस आउटर बाईपास को बावल रोड तक खोला जा रहा है। बावल रोड के बाद रेलवे ओवरब्रिज का कार्य पूरा ना होने के कारण अभी भाड़ावास रोड तक इसे खोलने में समय लगेगा। एनएचएआई ने भाड़ावास रोड तक जाने के लिए सर्विस लेन को बना दिया है। वाहनों को भाड़ावास रोड तक भी बाईपास के जरिये पहुंचाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
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केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत ने बताया कि 700 करोड़ रुपये की लागत से राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की ओर से तैयार किया जा रहा रेवाड़ी-नारनौल आउटर बाईपास शहर में भारी वाहनों के दबाव को कम करने में सहायक सिद्ध होगा। जुलाई 2023 तक रेवाड़ी आउटर बाईपास का कार्य पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि डालियाकी गांव के पास रेल फ्रेट कॉरिडोर की गुजर रही करीब 10 रेल लाइनों के ऊपर रेलवे ओवरब्रिज बनाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। रेलवे की तकनीकी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद यह काम तेजी से शुरू कर दिया जाएगा।
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बताया कि बावल रोड से आगे रिलायंस डिपो के पास भी आरओबी का काम चल रहा है जिसे जून माह तक पूरा कर लिया जाएगा। कहा कि जनता की सुविधा के लिए एनएचएआई के अधिकारियों को आउटर बाईपास का यह हिस्सा खोलने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि भारी वाहन चालक बावल रोड व गढ़ी बोलनी रोड जाने के लिए अब एनएच 71 से रेवाड़ी नारनौल आउटर बाईपास पकड़कर जा सकते हैं। गौरतलब है कि शहर के अंदर यातायात का भारी दबाव दिन भर बना रहता है। भारी वाहनों के शहर के अंदर की सड़कों से जाने के चलते अनेकों बार यातायात जाम भी घंटों हो जाता है।