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Rewari News: 37,392 उद्योग पंजीकृत, फिर भी सेवा क्षेत्र पर निर्भरता
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रेवाड़ी। औद्योगिक पहचान रखने वाले रेवाड़ी जिले में रोजगार और कारोबार की तस्वीर में कुछ कमजोर पक्ष भी सामने आते हैं। यूथ पावर की रिपोर्ट के अनुसार जिले में 37,392 सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) पंजीकृत हैं।
लेकिन इनमें से 81 प्रतिशत उद्यम सेवा क्षेत्र में और केवल 19 प्रतिशत विनिर्माण क्षेत्र में हैं। देश के एक सामान्य जिले में विनिर्माण क्षेत्र की हिस्सेदारी 24 प्रतिशत है।
ऐसे में रेवाड़ी में उत्पादन आधारित उद्यमों की हिस्सेदारी तुलनात्मक रूप से कम दिखाई देती है। यह स्थिति जिले में विनिर्माण इकाइयों के विस्तार और औद्योगिक रोजगार बढ़ाने की संभावनाओं की ओर ध्यान दिलाती है। रेवाड़ी में सेवा क्षेत्र के एमएसएमई की हिस्सेदारी 81 प्रतिशत है, जबकि सामान्य जिले में यह 76 प्रतिशत है। इसके विपरीत, विनिर्माण क्षेत्र की हिस्सेदारी रेवाड़ी में 19 प्रतिशत और सामान्य जिले में 24 प्रतिशत है।
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पंजीकृत एमएसएमई का ढांचा सेवा गतिविधियों की ओर झुका हुआ है।
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लेकिन इनमें से 81 प्रतिशत उद्यम सेवा क्षेत्र में और केवल 19 प्रतिशत विनिर्माण क्षेत्र में हैं। देश के एक सामान्य जिले में विनिर्माण क्षेत्र की हिस्सेदारी 24 प्रतिशत है।
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ऐसे में रेवाड़ी में उत्पादन आधारित उद्यमों की हिस्सेदारी तुलनात्मक रूप से कम दिखाई देती है। यह स्थिति जिले में विनिर्माण इकाइयों के विस्तार और औद्योगिक रोजगार बढ़ाने की संभावनाओं की ओर ध्यान दिलाती है। रेवाड़ी में सेवा क्षेत्र के एमएसएमई की हिस्सेदारी 81 प्रतिशत है, जबकि सामान्य जिले में यह 76 प्रतिशत है। इसके विपरीत, विनिर्माण क्षेत्र की हिस्सेदारी रेवाड़ी में 19 प्रतिशत और सामान्य जिले में 24 प्रतिशत है।
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पंजीकृत एमएसएमई का ढांचा सेवा गतिविधियों की ओर झुका हुआ है।