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कानूनों की जानकारी के अभाव में लोग रह जाते है अपने अधिकार से वंचित : आलोक आनंद
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बावल। बावल स्थित नगर पालिका भवन में शनिवार को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण व राष्ट्रीय महिला आयोग के संयुक्त तत्वावधान में विधान से समाधान जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यातिथि के रूप में उप मंडल विधिक सेवा समिति के चेयरमैन और उपमंडल न्यायिक अधिकारी बावल ने शिरकत की। उनके साथ पेनल एडवोकेट सीमा यादव व नितेश अग्रवाल भी मुख्य रूप से मौजूद रहे।
उपमंडल न्यायिक अधिकारी आलोक आनंद ने बताया कि उपरोक्त जागरूकता शिविर में घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, महिलाओं पर हिंसा, एसिड अटैक, बलात्कार, दहेज हत्या, मानव तस्करी सहित अनेक विषयों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कानून में महिलाओं को अनेक प्रकार के कानूनी अधिकार दिए हुए हैं, लेकिन घरेलू कार्य में व्यस्त होने के चलते और कानूनों की जानकारी के अभाव में उन्हें अपने अधिकारों के बारे में जानकारी नहीं मिल पाती है, जिस कारण से वे अपने कानूनी अधिकारों से वंचित रह जाती है।
उन्होंने बताया कि इस प्रकार के शिविरों से समाज में जागरूकता फैलती है। जो महिलाएं या पुरुष इस प्रकार के शिविरों से सीख कर जाता है, वह इन्हें आगे घर-घर तक पहुंचाने का कार्य करता है। उन्होंने बताया कि यह जागरूकता अभियान ब्लॉक लेवल पर चलाया जा रहा है, जिसके तहत रेवाड़ी जिले का यह दूसरा कार्यक्रम था। इसी कड़ी में आगे भी अनेक जागरूकता शिविर लगाए जाऐंगे। उन्होंने आमजन से अपील की है कि वे इस प्रकार के शिविर में बढ़-चढ़ कर भाग लें।
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उपमंडल न्यायिक अधिकारी आलोक आनंद ने बताया कि उपरोक्त जागरूकता शिविर में घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, महिलाओं पर हिंसा, एसिड अटैक, बलात्कार, दहेज हत्या, मानव तस्करी सहित अनेक विषयों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कानून में महिलाओं को अनेक प्रकार के कानूनी अधिकार दिए हुए हैं, लेकिन घरेलू कार्य में व्यस्त होने के चलते और कानूनों की जानकारी के अभाव में उन्हें अपने अधिकारों के बारे में जानकारी नहीं मिल पाती है, जिस कारण से वे अपने कानूनी अधिकारों से वंचित रह जाती है।
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उन्होंने बताया कि इस प्रकार के शिविरों से समाज में जागरूकता फैलती है। जो महिलाएं या पुरुष इस प्रकार के शिविरों से सीख कर जाता है, वह इन्हें आगे घर-घर तक पहुंचाने का कार्य करता है। उन्होंने बताया कि यह जागरूकता अभियान ब्लॉक लेवल पर चलाया जा रहा है, जिसके तहत रेवाड़ी जिले का यह दूसरा कार्यक्रम था। इसी कड़ी में आगे भी अनेक जागरूकता शिविर लगाए जाऐंगे। उन्होंने आमजन से अपील की है कि वे इस प्रकार के शिविर में बढ़-चढ़ कर भाग लें।
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