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तीमारदारों ने ट्रामा सेंटर में किया हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 09 Jul 2016 11:35 PM IST
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तिमारदार
- फोटो : अमर उजाला
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रेवाड़ी के नाईवाली चौक पर हुई दुर्घटना के बाद ट्रामा सेंटर पहुंचे घायलों के तीमारदारों में से एक पक्ष ने शुक्रवार को ईएमओ ऑफिस में काम कर रहे डॉक्टरों से हाथापाई कर दी। यही नहीं तीमारदारों ने ऑफिस में रखा कंप्यूटर और अन्य सामान भी फेंक दिया। मामले में कोई पुलिस कार्रवाई न होते देख क्षुब्ध डॉक्टर्स ने केवल एमरजेंसी काम करने के अलावा वर्क सस्पेंड करने का निर्णय किया।
ड्यूटी डॉक्टर पिंकेश और रविंद्र ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे दो एक्सीडेंटल पेशेंट दीपक और एक अन्य ट्रामा सेंटर उपचार के लिए पहुंचे। एमरजेंसी मेडिकल यूनिट(ईएमओ ऑफिस) में किसी बात पर गुस्साए तीमारदारों ने ड्यूटी डॉक्टर पिंकेश और रविंद्र से धक्का-मुक्की कर दी। यही नहीं बीच-बचाव में आए कुछ कर्मचारियों से हाथपाई भी की। यही नहीं ऑफिस में रखी कंप्यूटर एलईडी, मॉडेम व अन्य सामान को भी फेंक दिया।
डॉक्टरों की न सुरक्षा, न सुनवाई तो किया वर्क सस्पेंड
मामले की जानकारी डॉक्टर्स ने सीनियर डॉक्टर और स्थानीय पुलिस को दी। लेकिन मामले में कोई मुकदमा काफी देर तक दर्ज नहीं हुआ। जिससे गुस्साए डॉक्टरों ने फैसला लिया कि वे सिर्फ इमरजेंसी केस देखेंगे। मेडिकोलीगल केस और ओपीडी का वर्क सस्पेंड करेंगे। समाचार लिखे जाने तक डॉक्टर वर्क सस्पेंड पर थे।
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ड्यूटी डॉक्टर पिंकेश और रविंद्र ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे दो एक्सीडेंटल पेशेंट दीपक और एक अन्य ट्रामा सेंटर उपचार के लिए पहुंचे। एमरजेंसी मेडिकल यूनिट(ईएमओ ऑफिस) में किसी बात पर गुस्साए तीमारदारों ने ड्यूटी डॉक्टर पिंकेश और रविंद्र से धक्का-मुक्की कर दी। यही नहीं बीच-बचाव में आए कुछ कर्मचारियों से हाथपाई भी की। यही नहीं ऑफिस में रखी कंप्यूटर एलईडी, मॉडेम व अन्य सामान को भी फेंक दिया।
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डॉक्टरों की न सुरक्षा, न सुनवाई तो किया वर्क सस्पेंड
मामले की जानकारी डॉक्टर्स ने सीनियर डॉक्टर और स्थानीय पुलिस को दी। लेकिन मामले में कोई मुकदमा काफी देर तक दर्ज नहीं हुआ। जिससे गुस्साए डॉक्टरों ने फैसला लिया कि वे सिर्फ इमरजेंसी केस देखेंगे। मेडिकोलीगल केस और ओपीडी का वर्क सस्पेंड करेंगे। समाचार लिखे जाने तक डॉक्टर वर्क सस्पेंड पर थे।
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