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Rewari News: खरखड़ा में 60 मीटर बाहरी परिधीय मार्ग बदहाल, जगह-जगह बने गहरे गड्ढे
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फोटो: 02रेवाड़ी। गांव खरखड़ा स्थित आईजी साउथ रेंज पुलिस कार्यालय के पास बीच रोड पर बना गड्
- फोटो : उच्च प्राथमिक विद्यालय भटानी पर आत्म रक्षा का प्रशिक्षण प्राप्त करतीं छात्राएं।
धारूहेड़ा। गांव खरखड़ा स्थित हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की तरफ से निर्मित 60 मीटर बाहरी परिधीय मार्ग, जो आईजी साउथ रेंज पुलिस कार्यालय, राजकीय आईटीआई खरखड़ा और सेक्टर-1 व 2 समेत कई इलाकों को जोड़ता है, इन दिनों बदहाली का शिकार है।
यह मार्ग स्थानीय लोगों के लिए सुविधा से ज्यादा परेशानी का कारण बन चुका है। इसी सड़क से ही रोजाना साउथ रेेंज पुलिस कार्यालय में आईजी निवास के लिए आईजी नाजनीन भसीन भी गुजरती है। सड़क के बीच गड्ढे आईजी साउथ रेंज कार्यालय के पास ही बने हुए है।
गहरे गड्ढों से बढ़ रहा खतरा
इस मार्ग पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं। सबसे खतरनाक स्थिति राजकीय आईटीआई के समीप है जहां सड़क के बीचोबीच बना गड्ढा लोगों की जान पर भारी पड़ सकता है। कुछ दिन पूर्व ग्रामीणों की शिकायत पर प्रशासन ने इसे भरने का काम करवाया था लेकिन घटिया स्तर की मरम्मत के चलते यह गड्ढा फिर से पहले से भी ज्यादा खतरनाक रूप ले लिया है। बारिश और भारी वाहनों की लगातार आवाजाही ने स्थिति और बिगाड़ दी है।
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खरपतवार और अव्यवस्थित ग्रीन बेल्ट भी बनी समस्या
सड़क की दुर्दशा केवल गड्ढों तक सीमित नहीं है। इस मार्ग के दोनों ओर बने नालों और ग्रीन बेल्ट की साफ-सफाई कभी नहीं की गई। नतीजा यह है कि पूरे मार्ग के किनारे खरपतवार, अवांछनीय पौधे और यहां तक कि बड़े-बड़े पेड़ खड़े हो गए हैं जो सड़क पर आवागमन करने वालों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बनते हैं। पैदल चलने वालों से लेकर दोपहिया और चौपहिया वाहनों तक सभी को रोजाना जोखिम उठाना पड़ता है।
गुणवत्ता पर उठ रहे सवाल, स्थायी समाधान की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण के समय गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया गया और मरम्मत कार्य भी केवल औपचारिकता बनकर रह जाते हैं। इस मार्ग से रोजाना स्कूली वाहन, दोपहिया वाहन और भारी ट्रक गुजरते हैं जिससे दुर्घटनाओं की संभावना कई गुना बढ़ गई है। वहीं, ग्रामीणों ने इस समस्या को गंभीर बताते हुए मुख्यमंत्री और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के उच्च अधिकारियों को पत्र भेजकर स्थायी समाधान की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक सड़क का गुणवत्तापूर्ण पुनर्निर्माण नहीं होता और साथ ही दोनों तरफ के नालों व ग्रीन बेल्ट की नियमित सफाई नहीं की जाती तब तक लोगों को राहत नहीं मिलेगी और हर वक्त बड़ा हादसा होने का डर बना रहेगा।
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यह मार्ग स्थानीय लोगों के लिए सुविधा से ज्यादा परेशानी का कारण बन चुका है। इसी सड़क से ही रोजाना साउथ रेेंज पुलिस कार्यालय में आईजी निवास के लिए आईजी नाजनीन भसीन भी गुजरती है। सड़क के बीच गड्ढे आईजी साउथ रेंज कार्यालय के पास ही बने हुए है।
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गहरे गड्ढों से बढ़ रहा खतरा
इस मार्ग पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं। सबसे खतरनाक स्थिति राजकीय आईटीआई के समीप है जहां सड़क के बीचोबीच बना गड्ढा लोगों की जान पर भारी पड़ सकता है। कुछ दिन पूर्व ग्रामीणों की शिकायत पर प्रशासन ने इसे भरने का काम करवाया था लेकिन घटिया स्तर की मरम्मत के चलते यह गड्ढा फिर से पहले से भी ज्यादा खतरनाक रूप ले लिया है। बारिश और भारी वाहनों की लगातार आवाजाही ने स्थिति और बिगाड़ दी है।
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खरपतवार और अव्यवस्थित ग्रीन बेल्ट भी बनी समस्या
सड़क की दुर्दशा केवल गड्ढों तक सीमित नहीं है। इस मार्ग के दोनों ओर बने नालों और ग्रीन बेल्ट की साफ-सफाई कभी नहीं की गई। नतीजा यह है कि पूरे मार्ग के किनारे खरपतवार, अवांछनीय पौधे और यहां तक कि बड़े-बड़े पेड़ खड़े हो गए हैं जो सड़क पर आवागमन करने वालों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बनते हैं। पैदल चलने वालों से लेकर दोपहिया और चौपहिया वाहनों तक सभी को रोजाना जोखिम उठाना पड़ता है।
गुणवत्ता पर उठ रहे सवाल, स्थायी समाधान की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण के समय गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया गया और मरम्मत कार्य भी केवल औपचारिकता बनकर रह जाते हैं। इस मार्ग से रोजाना स्कूली वाहन, दोपहिया वाहन और भारी ट्रक गुजरते हैं जिससे दुर्घटनाओं की संभावना कई गुना बढ़ गई है। वहीं, ग्रामीणों ने इस समस्या को गंभीर बताते हुए मुख्यमंत्री और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के उच्च अधिकारियों को पत्र भेजकर स्थायी समाधान की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक सड़क का गुणवत्तापूर्ण पुनर्निर्माण नहीं होता और साथ ही दोनों तरफ के नालों व ग्रीन बेल्ट की नियमित सफाई नहीं की जाती तब तक लोगों को राहत नहीं मिलेगी और हर वक्त बड़ा हादसा होने का डर बना रहेगा।