{"_id":"646516f0100fea8917087524","slug":"4800-education-workers-will-get-the-benefit-of-ltc-rewari-news-c-17-1-155754-2023-05-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rewari News: 4800 शिक्षा कर्मियों को मिलेगा एलटीसी का फायदा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rewari News: 4800 शिक्षा कर्मियों को मिलेगा एलटीसी का फायदा
विज्ञापन
-
- 1
-
Link Copied
रेवाड़ी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों, कार्यालयों में तैनात कर्मचारियों से लेकर शिक्षक वर्ग के लिए अच्छी खबर है। विभाग ने उनकी एलटीसी यानी यात्रा रियायत छूट के लिए राशि जारी की है जो कि वर्ष 2020-23 के लिए है। यह चार साल में एक बार जारी होता है। जिले में शिक्षा विभाग के अंतर्गत करीब 4800 स्टाफ आता है, जिन्हें एलटीसी का लाभ मिलता है।
बता दें कि रेवाड़ी में शिक्षा विभाग को करीब 3.69 करोड़ रुपये का बजट मिला है। इसको लेकर निदेशालय की ओर से जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र लिख जरूरी दिशा निर्देश भी दिए गए हैं। पत्र में कहा गया है कि सरकार द्वारा एलटीसी के बारे में समय- समय पर जारी हिदायतों का दृढ़ता से पालन करना होगा। एलटीसी भुगतान के बारे में अधिकारी व कर्मचारी हिदायतों का पालन करेंगे अन्यथा किसी तरह की अनियमितता के लिए स्वयं ही जिम्मेदार होंगे।
चार साल में एक बार जारी होती है एलटीसी
विभाग की ओर से चार साल में एक बार एलटीसी जारी की जाती है जोकि कर्मचारी की बेसिक व डीए पर आधारित होती है। एलटीसी की जिला स्तर पर राशि शिक्षकों व कार्यालय व फील्ड में तैनात कर्मियों के खाते में जमा की जाती है। वहीं, शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2020-23 ब्लाक के लिए एलटीसी का बजट जारी हुआ है। यह संबंधित कर्मियों के खाते में डाला जाएगा।
विज्ञापन
निदेशालय को भेजनी होगी अतिरिक्त राशि की मांग
एलटीसी को लेकर यदि अतिरिक्त राशि की आवश्यकता हो तो वास्तविक मांग के आधार पर राशि की मांग निदेशालय को भेजनी होगी, ताकि शेष राशि अलॉट की जा सके। अगर राशि शेष रह जाती है। तो वह राशि निदेशालय को तत्काल वापसी भी करनी होगी।
कोरानाकाल में बंद हुई थी एलटीसी
2020 में कोरोना महामारी आने के कारण सरकार ने एलटीसी देने पर रोक लगा दी थी। इसे बहाल कराने के लिए हरियाणा स्कूल लेक्चरर्स एसोसिएशन ने नवंबर 2021 से प्रयास शुरू किए। जिलों से जानकारी मिलने के बावजूद यह फाइल सवा महीने तक वित्त विभाग में अटकी रही, जबकि एलटीसी के लिए सरकार बजट अक्टूबर 2021 में ही जारी कर चुकी थी। फिलहाल अब बजट जारी कर दिया गया है।
यात्रा का देना होता है प्रमाण
अवकाश यात्रा रियायत की सुविधा का लाभ उठाने के लिए कर्मचारी को यात्रा के दौरान दो बातों का ध्यान रखना चाहिए। पहला यह कि यदि वह कर्मचारी गृहनगर की यात्रा करता है तो उसे अपने मुख्यालय से गृहनगर तक की यात्रा का प्रमाण देना होगा। इसी तरह अगर वह अपने परिवार के साथ देश के किसी भी हिस्से की यात्रा करता है, तो उसे उस गंतव्य की यात्रा का प्रमाण देना होगा।
ये रहेंगी शर्तें
यदि कर्मचारी का परिवार केवल यात्रा पर है तो वह एलटीसी की प्रतिपूर्ति के लिए दावा नहीं कर सकता है। दूसरी महत्वपूर्ण बात यह है कि यात्रा के दौरान रेल, सड़क, हवाई आदि से यात्रा पर हुए खर्च की प्रतिपूर्ति के लिए ही एलटीसी का दावा किया जा सकता है। होटल, भोजन, दर्शनीय स्थलों की यात्रा, टैक्सी और ऑटो किराया और ऐसे अन्य खर्चों की प्रतिपूर्ति के लिए दावा नहीं किया जा सकता है।
जिले के लिए विभाग से तीन करोड़ 69 लाख रुपये एलटीसी के लिए बजट जारी हुआ है। यह संबंधित कर्मियों के खाते में डाला जाएगा।
-विरेन्द्र सिंह नारा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी रेवाड़ी
विज्ञापन
बता दें कि रेवाड़ी में शिक्षा विभाग को करीब 3.69 करोड़ रुपये का बजट मिला है। इसको लेकर निदेशालय की ओर से जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र लिख जरूरी दिशा निर्देश भी दिए गए हैं। पत्र में कहा गया है कि सरकार द्वारा एलटीसी के बारे में समय- समय पर जारी हिदायतों का दृढ़ता से पालन करना होगा। एलटीसी भुगतान के बारे में अधिकारी व कर्मचारी हिदायतों का पालन करेंगे अन्यथा किसी तरह की अनियमितता के लिए स्वयं ही जिम्मेदार होंगे।
विज्ञापन
चार साल में एक बार जारी होती है एलटीसी
विभाग की ओर से चार साल में एक बार एलटीसी जारी की जाती है जोकि कर्मचारी की बेसिक व डीए पर आधारित होती है। एलटीसी की जिला स्तर पर राशि शिक्षकों व कार्यालय व फील्ड में तैनात कर्मियों के खाते में जमा की जाती है। वहीं, शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2020-23 ब्लाक के लिए एलटीसी का बजट जारी हुआ है। यह संबंधित कर्मियों के खाते में डाला जाएगा।
विज्ञापन
निदेशालय को भेजनी होगी अतिरिक्त राशि की मांग
एलटीसी को लेकर यदि अतिरिक्त राशि की आवश्यकता हो तो वास्तविक मांग के आधार पर राशि की मांग निदेशालय को भेजनी होगी, ताकि शेष राशि अलॉट की जा सके। अगर राशि शेष रह जाती है। तो वह राशि निदेशालय को तत्काल वापसी भी करनी होगी।
कोरानाकाल में बंद हुई थी एलटीसी
2020 में कोरोना महामारी आने के कारण सरकार ने एलटीसी देने पर रोक लगा दी थी। इसे बहाल कराने के लिए हरियाणा स्कूल लेक्चरर्स एसोसिएशन ने नवंबर 2021 से प्रयास शुरू किए। जिलों से जानकारी मिलने के बावजूद यह फाइल सवा महीने तक वित्त विभाग में अटकी रही, जबकि एलटीसी के लिए सरकार बजट अक्टूबर 2021 में ही जारी कर चुकी थी। फिलहाल अब बजट जारी कर दिया गया है।
यात्रा का देना होता है प्रमाण
अवकाश यात्रा रियायत की सुविधा का लाभ उठाने के लिए कर्मचारी को यात्रा के दौरान दो बातों का ध्यान रखना चाहिए। पहला यह कि यदि वह कर्मचारी गृहनगर की यात्रा करता है तो उसे अपने मुख्यालय से गृहनगर तक की यात्रा का प्रमाण देना होगा। इसी तरह अगर वह अपने परिवार के साथ देश के किसी भी हिस्से की यात्रा करता है, तो उसे उस गंतव्य की यात्रा का प्रमाण देना होगा।
ये रहेंगी शर्तें
यदि कर्मचारी का परिवार केवल यात्रा पर है तो वह एलटीसी की प्रतिपूर्ति के लिए दावा नहीं कर सकता है। दूसरी महत्वपूर्ण बात यह है कि यात्रा के दौरान रेल, सड़क, हवाई आदि से यात्रा पर हुए खर्च की प्रतिपूर्ति के लिए ही एलटीसी का दावा किया जा सकता है। होटल, भोजन, दर्शनीय स्थलों की यात्रा, टैक्सी और ऑटो किराया और ऐसे अन्य खर्चों की प्रतिपूर्ति के लिए दावा नहीं किया जा सकता है।
जिले के लिए विभाग से तीन करोड़ 69 लाख रुपये एलटीसी के लिए बजट जारी हुआ है। यह संबंधित कर्मियों के खाते में डाला जाएगा।
-विरेन्द्र सिंह नारा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी रेवाड़ी