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Rewari News: बिना मंजूरी कटे 40 पेड़...रेलवे बोला सिर्फ, छंटाई की, वन विभाग बोला-चालान भरो

Tue, 03 Jun 2025 01:02 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Tue, 03 Jun 2025 01:02 AM IST
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40 trees were cut without permission...Railway said only pruning was done, Forest Department said- pay the challan
फोटो : 6नांगलमूंदी रेलवे लाइन के पास पेड़ की छंटाई करते कर्मचारी। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
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रेवाड़ी। नांगलमूंदी में वन विभाग की बिना मंजूरी के रेलवे लाइन के किनारे लगे सफेदे के करीब 40 पेड़ काटने का मामला सामने आया है। वन विभाग ने पेड़ काटने पर बीकानेर रेल मंडल के नाम से चालान काट दिया है। दूसरी तरफ रेलवे का कहना है कि उन्होंने ओएचई लाइन पर लटक रहे पेड़ों की केवल छंटाई की है। पेड़ काटने के आरोप बेबुनियाद हैं।
वन विभाग ने बीते दिनों जब सर्वे किया तो पेड़ों की कटाई के बारे में पता चला। जांच में सामने आया कि नांगलमूंदी में करीब 30 से 40 पेड़ों को मशीन से काटा गया है। इस पर सोमवार को वन विभाग ने रेलवे का चालान काटा और 20 हजार से अधिक का जुर्माना लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
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दूसरी तरफ रेलवे ने पेड़ काटने की बात को सिरे से खारिज किया है। रेलवे के अधिकारियों का कहना है उनकी तरफ से केवल पेड़ों की छंटाई की गई थी, कटाई की बात बिल्कुल झूठी है। रेलवे ने बताया कि छंटाई भी केवल उन्हीं पेड़ों की करी गई थी, जिनकी टहनियां रेलवे लाइन के ऊपर से गुजर रही हैं। ताकि कोई बड़ा हादसा न हो।
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पेड़ गिरने से ट्रेनें होती हैं प्रभावित

बुचावास से गुढ़ा स्टेशन के बीच रेलवे लाइन पर 24 मई को पेड़ गिर गया था। इस दौरान करीब 1 घंटे तक ट्रैक बाधित रहा था। पिछले माह आंधी के चलते कुछ पेड़ गुरुग्राम रेलवे स्टेशन के पास बिजली लाइन पर गिरे थे, उस समय रेवाड़ी दिल्ली ट्रैक 3 से 4 घंटे तक प्रभावित रहा था। पिछले माह ही रेवाड़ी दिल्ली रेलवे ट्रैक के बिजली लाइन पर पेड़ गिरने की वजह से दो से तीन घंटे ट्रैक प्रभावित हुआ था।
वन विभाग पर अनुमति नहीं देने का आरोप
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि बारिश के मौसम में रेलवे लाइन के आसपास पेड़ों की टहनियां बढ़कर ओएचई लाइनों पर लटक जाती हैं। इससे लाइनों में फॉल्ट होने का खतरा बना रहता है। लाइन फॉल्ट होने की स्थिति में इलेट्रिक ट्रेनों का संचालन प्रभावित होता है। मानसून से पहले ऐसे पेड़ों को कटवाने के लिए रेल विभाग की ओर से वन विभाग को अनुमति के लिए आवेदन किया गया था, लेकिन वन विभाग ने मंजूरी नहीं दी।

वर्जन-
-रेलवे ने बिना मंजूरी नांगल मूंदी रेलवे लाइन के पास सफेदे के पेड़ काटे हैं। रेलवे का चालान काटा गया है। पेड़ों की कटाई पर वन विभाग की तरफ से जुर्माना लगाने की प्रक्रिया भी अमल में लाई जा रही है।

-जितेंद्र कुमार, रेंज अधिकारी, वन विभाग
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