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लघु सचिवालय पर हसला का प्रदर्शन
अमर उजाला, पानीपत
Updated Thu, 24 Jul 2014 12:11 AM IST
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पानीपत। हरियाणा स्कूल लेक्चरर एसोसिएशन (हसला) के सैकड़ों सदस्याें ने अपनी मांगाें के समर्थन में लघु सचिवालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया।
सरकार के खिलाफ नारेबाजी के बाद मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। हसला के जिला प्रधान रामनिवास शर्मा और महासचिव रामफल मान ने कहा कि हसला की ओर से प्रदेश सरकार की नीतियों के खिलाफ 18 जुलाई से अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत प्रदेश में सभी डीसी को ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं।
इसी क्रम में आज पानीपत में प्रदर्शन कर सरकार का ध्यान अपनी ओर खींचने का प्रयास किया। उन्हाेंने बताया कि प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में स्कूल लेक्चरर अहम भूमिका निभा रहा है। इसके बावजूद भी सरकार उन्हें परेशान करने में लगी है।
उन्होंने कहा कि छठे वेतन आयोग में 4800 ग्रेड-पे दिया गया है जबकि यह 5600 बनता है। उन्होंने कहा कि स्कूल काडर में प्रमोशन का केवल एक ही रास्ता है कि उसे प्रिंसिपल बनाया जाता है। लेकिन उसमें भी हेडमास्टर का अनुपात डाला है जो गलत है।
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उन्होंने मांग करते हुए कहा कि यूजीसी के नियमों को पूरा करने वाले लेक्चरर को कॉलेज काडर में प्रमोशन दिया जाना चाहिए। पीजीटी का पद नाम भी बदला जाना चाहिए जोकि लेक्चरर ही होना चाहिए।
यूजीसी की शर्तों को पूरा करने पर स्कूल लेक्चरर को कॉलेज काडर में प्रमोशन दी जानी चाहिए। स्कूलाें का नाम इंटर कॉलेज रखा जाना चाहिए। प्रदर्शन के बाद सीएम के नाम अपनी मांगाें का ज्ञापन डीसी आफिस में सौंपा। इस मौके पर नफे सिंह शास्त्री, बलवान सिंह, बलिंद्र नरवाल, विनोद गौतम, रामनिवास पांचाल, जगीर सिंह, नरेंद्र मान और अनिल कुमार मौजूद रहे।
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सरकार के खिलाफ नारेबाजी के बाद मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। हसला के जिला प्रधान रामनिवास शर्मा और महासचिव रामफल मान ने कहा कि हसला की ओर से प्रदेश सरकार की नीतियों के खिलाफ 18 जुलाई से अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत प्रदेश में सभी डीसी को ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं।
इसी क्रम में आज पानीपत में प्रदर्शन कर सरकार का ध्यान अपनी ओर खींचने का प्रयास किया। उन्हाेंने बताया कि प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में स्कूल लेक्चरर अहम भूमिका निभा रहा है। इसके बावजूद भी सरकार उन्हें परेशान करने में लगी है।
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उन्होंने कहा कि छठे वेतन आयोग में 4800 ग्रेड-पे दिया गया है जबकि यह 5600 बनता है। उन्होंने कहा कि स्कूल काडर में प्रमोशन का केवल एक ही रास्ता है कि उसे प्रिंसिपल बनाया जाता है। लेकिन उसमें भी हेडमास्टर का अनुपात डाला है जो गलत है।
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उन्होंने मांग करते हुए कहा कि यूजीसी के नियमों को पूरा करने वाले लेक्चरर को कॉलेज काडर में प्रमोशन दिया जाना चाहिए। पीजीटी का पद नाम भी बदला जाना चाहिए जोकि लेक्चरर ही होना चाहिए।
यूजीसी की शर्तों को पूरा करने पर स्कूल लेक्चरर को कॉलेज काडर में प्रमोशन दी जानी चाहिए। स्कूलाें का नाम इंटर कॉलेज रखा जाना चाहिए। प्रदर्शन के बाद सीएम के नाम अपनी मांगाें का ज्ञापन डीसी आफिस में सौंपा। इस मौके पर नफे सिंह शास्त्री, बलवान सिंह, बलिंद्र नरवाल, विनोद गौतम, रामनिवास पांचाल, जगीर सिंह, नरेंद्र मान और अनिल कुमार मौजूद रहे।