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Panipat News: सप्तमी और अष्टमी को पूरा दिन खुले रहेंगे प्राचीन देवी मंदिर के कपाट

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 15 Apr 2024 05:20 AM IST
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The doors of the ancient Devi temple will remain open the whole day on Saptami and Ashtami.
पानीपत। चैत्र नवरात्र की सप्तमी और अष्टमी को प्राचीन श्री मंदिर के कपाट पूरा दिन भक्तों के लिए खुले रहेंगे। सप्तमी के दिन शहर के साथ गांवों से भी भक्त माता के दर्शनों को पहुंचेंगे। मंदिर प्रबंधन का दावा है कि सप्तमी पर 25 से 30 हजार लोग माता के दर्शन करने मंदिर में पहुंचेंगे। ऐसे में पुलिसकर्मियों के साथ प्राइवेट गार्ड की संख्या दोगुनी करने का फैसला लिया गया है। मंदिर परिसर को पूरा दिन दर्शनों के लिए खोला जाएगा। दोपहर के बाद समय मिलने पर एक घंटे सफाई की जाएगी। मंदिर को अंदर और बाहर से सजा दिया गया है।
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चैत्र नवरात्र के अंतर्गत सप्तमी सोमवार और अष्टमी मंगलवार को है। मां के सप्तम स्वरूप कालरात्रि की पूजा की जाती है। अष्टमी को मां दुर्गा की पूजा की जाती है। सप्तमी को मां के दर्शनों का विशेष महत्व होता है। अष्टमी को मंदिर में कंजकों का पूजन किया जाता है। प्राचीन देवी मंदिर के प्रधान काकू बंसल ने बताया कि प्रात:कालीन आरती पांच बजे की जाएगी। इससे पहले मंदिर के कपाट दर्शनों के लिए खोल दिए जाएंगे। मंदिर में पूरा दिन माता के दर्शन कर सकेंगे। दोपहर बाद एक घंटा सफाई के लिए मंदिर बंद किया जाएगा। इसके साथ ही मंदिर को पुन: खोल दिया जाएगा। शाम को छह बजे सायंकालीन आरती की जाएगी। रात को माता की शयन आरती होगी। माता के दरबार को सजाने के लिए दिल्ली से फूल मंगवाए गए हैं। इसमें कलकत्ता और कई देशों के फूल शामिल किए जाते हैं।
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मंदिर परिसर में सिंगल लाइन से करेंगे दर्शन
प्रधान काकू बंसल ने बताया कि मंदिर में वीआईपी दर्शनों की व्यवस्था को बंद कर दिया गया है। अब आम और खास एक की लाइन से माता के दर्शन करेंगे। इसके लिए मंदिर में लोहे की ग्रिल लगाई गई हैं। भक्त एक बार लाइन में दाखिल होने के बाद दर्शन करने के बाद ही बाहर निकलेगा। माता के दर्शनों आसानी से किए जाएंगे। मंदिर प्रबंधन और स्वयंसेवक भी व्यवस्था बनाने में सहयोग करेंगे। अब मंदिर में छह प्राइवेट गार्ड हैं। सप्तमी और अष्टमी को इनकी संख्या 12 की जाएगी।
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