फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   Haryana-UP border dispute will end, pillars will be installed

Panipat News: हरियाणा-यूपी सीमा का विवाद होगा खत्म, लगाए जाएंगे पिलर

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 25 Aug 2023 01:54 AM IST
विज्ञापन
Haryana-UP border dispute will end, pillars will be installed
पानीपत। हरियाणा-उत्तर प्रदेश सीमा विवाद सुलझाने के लिए प्रशासन तैयार हो गया है। इसका स्थायी समाधान निकालते हुए पिलर लगाने का फैसला लिया गया है। दोनों प्रदेशों के राजस्व अधिकारियों की मौजूदगी में पहले जमीन की पैमाइश की जाएगी। इसके बाद प्रशासन अपनी देखरेख में पिलर लगाएगा।
विज्ञापन

बता दें कि पानीपत में उत्तर प्रदेश की सीमा करीब 40 किलोमीटर लगती है। इसे लेकर उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र दहिया ने बृहस्पतिवार को जिला सचिवालय के प्रथम तल स्थित काॅन्फ्रेंस हाॅल में अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने मुख्य सचिव संजीव कौशल के साथ वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग में हुई चर्चाओं पर अधिकारियों के साथ बातचीत की। कांफ्रेंसिंग में राजस्व विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजेश खुल्लर सहित अन्य विभागों के अधिकारी भी उपस्थित थे। उपायुक्त ने बताया कि यूपी-हरियाणा सीमा विवाद को दूर करने के लिए पिलर तैयार किए जा रहे हैं। इसकी रिपोर्ट मुख्यालय भेजी जाएगी। इसका सारा रिकॉर्ड सर्वे ऑफ इंडिया के पास है। इस मौके पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी विवेक चौधरी, एसडीएम समालखा अमित कुमार, डीडीपीओ सुमित चौधरी मौजूद रहे।
विज्ञापन

वीसी में स्वामित्व योजना के तहत बाकी प्रॉपर्टी कार्ड का वितरण करने के साथ लालडोरा मुक्त गांवों में डीड रजिस्ट्रेशन का कार्य जल्द पूरा करने के आदेश दिए। अधिकारियों ने कहा कि पानीपत जिले में कार्य संतोषजनक हैं, लेकिन लालडोरा मुक्त गांवों में डीड रजिस्ट्रेशन के कार्य बाकी हैं। इसमें तेजी लानी होगी और निर्धारित समय में उसे पूरा भी कराना होगा। उपायुक्त ने कहा कि प्लाॅट और मकानों की प्राॅपर्टी आईडी बन गई हैं तो उनके प्रॉपर्टी कार्ड के काम को भी आगे बढ़ाएं। जिला प्रशासन डीड रजिस्ट्रेशन के लिए भी लोगों को जागरूक कर रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

हरियाणा और उत्तर प्रदेश की सीमा को लेकर लंबे समय से विवाद है। यमुना में पानी के बहाव से मिट्टी कटाव के चलते ऐसा होता है। किसान अपना हक पाने के लिए एक दूसरे के सामने हथियार तक उठा लेते हैं। इन गांवों में कई बार गोली भी चली है। गेहूं बुवाई और कटाई के समय इस तरह के विवाद ज्यादा होते हैं। इसका बड़ा कारण सीमा निर्धारण न हो पाना माना जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed