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Panipat News: आकाश अब भारोत्तोलन में चमका रहा नाम
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पानीपत। ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट हासिल कर चुका आकाश अब भारोत्तोलन में देश का नाम रोशन कर रहा है। अब वह पिछले चार से भारोत्तोलन में नाम चमका रहा है। वह हाल में अंडर-23 में 96 किग्रा. भार वर्ग में खेल रहा है। आकाश का लक्ष्य दिसंबर में होने वाले राष्ट्रीय भारोत्तोलन प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर देश व जिले का गौरव बढ़ाना है।
आकाश के पिता कुलदीप सिंह ने बताया कि आकाश ने स्कूली शिक्षा के साथ ही शिवाजी स्टेडियम में ताइक्वांडो का अभ्यास करना शुरू किया था। उसका बचपन से खेलों में रुझान रहा है। वह बचपन से खेलों में पहचान बनाना चाहता था। इसलिए परिवार ने भी उसका पूरा सहयोग किया और आज वह भारोत्तोलन में नाम कमा रहा है। खेल के साथ आकाश पढ़ाई में भी होशियार है। वह एसडी पीजी कॉलेज में एमए का छात्र है। आकाश की कोच मीनाक्षी ने बताया कि आकाश न्यू भाटिया कॉलोनी का रहने वाला है। उसके पिता कुलदीप सिंह किसान है और माता सरला देवी गृहिणी है। परिवार के सहयोग से आकाश यहां तक पहुंच पाया है।
आकाश ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट हासिल कर चुका है लेकिन वजन बढ़ने के कारण उसे ताइक्वांडो छोड़ना पड़ा। फिर उसने 2021 में भारोत्तोलन शुरू किया। जिला स्तर पर आकाश कांस्य पदक जीत चुका है। राज्य स्तर पर वह चौथे स्थान पर रहा है। ऑल इंडिया यूनिवर्सिटी चैंपियनशिप और खेलो इंडिया में भी आकाश ने चौथा स्थान प्राप्त किया है। अब उसका लक्ष्य दिसंबर में होने वाली राष्ट्रीय स्तर की भारोत्तोलन प्रतियोगिता में स्वर्ण जीतना है और देश व जिले का मान बढ़ाना है। इसके लिए वह लगातार अभ्यास कर रहा है।अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारोत्तोलन में स्वर्ण जीतना लक्ष्य-
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आकाश ने बताया कि वह ताइक्वांडो में देश का नाम रोशन कर चुका है। अब उसका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारोत्तोलन में स्वर्ण जीतना है और देश का नाम रोशन करना है। इसके लिए वह लगातार अभ्यास भी कर रहा है।
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आकाश के पिता कुलदीप सिंह ने बताया कि आकाश ने स्कूली शिक्षा के साथ ही शिवाजी स्टेडियम में ताइक्वांडो का अभ्यास करना शुरू किया था। उसका बचपन से खेलों में रुझान रहा है। वह बचपन से खेलों में पहचान बनाना चाहता था। इसलिए परिवार ने भी उसका पूरा सहयोग किया और आज वह भारोत्तोलन में नाम कमा रहा है। खेल के साथ आकाश पढ़ाई में भी होशियार है। वह एसडी पीजी कॉलेज में एमए का छात्र है। आकाश की कोच मीनाक्षी ने बताया कि आकाश न्यू भाटिया कॉलोनी का रहने वाला है। उसके पिता कुलदीप सिंह किसान है और माता सरला देवी गृहिणी है। परिवार के सहयोग से आकाश यहां तक पहुंच पाया है।
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आकाश ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट हासिल कर चुका है लेकिन वजन बढ़ने के कारण उसे ताइक्वांडो छोड़ना पड़ा। फिर उसने 2021 में भारोत्तोलन शुरू किया। जिला स्तर पर आकाश कांस्य पदक जीत चुका है। राज्य स्तर पर वह चौथे स्थान पर रहा है। ऑल इंडिया यूनिवर्सिटी चैंपियनशिप और खेलो इंडिया में भी आकाश ने चौथा स्थान प्राप्त किया है। अब उसका लक्ष्य दिसंबर में होने वाली राष्ट्रीय स्तर की भारोत्तोलन प्रतियोगिता में स्वर्ण जीतना है और देश व जिले का मान बढ़ाना है। इसके लिए वह लगातार अभ्यास कर रहा है।अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारोत्तोलन में स्वर्ण जीतना लक्ष्य-
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आकाश ने बताया कि वह ताइक्वांडो में देश का नाम रोशन कर चुका है। अब उसका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारोत्तोलन में स्वर्ण जीतना है और देश का नाम रोशन करना है। इसके लिए वह लगातार अभ्यास भी कर रहा है।