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-भारत केसरी सत्येंद्र डागर ने दिए नन्हें पहलवानों को कुश्ती के टिप्स
Updated Tue, 26 Dec 2017 12:26 AM IST
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‘नियमित अभ्यास वाले पहलवान ही मारते हैं बाजी’
अमर उजाला ब्यूरो
इसराना।
फैला उजियारा फाउंडेशन के तत्वावधान में बुआना लाखु में चल रहे शीत कालीन कुश्ती प्रशिक्षण शिविर में पहुंचे भारत केसरी का खिताब जितने वाले सत्येंद्र डागर ने पहलवानों को कुश्ती के टिप्स दिए। कुश्ती में वही पहलवान बाजी मारता है, जो जिगरा रखता है।
कुश्ती में अच्छा अभ्यास मायने रखता है। जो पहलवान अलग-अलग जगहों पर जाकर प्रशिक्षण लेते हैं, उन्हें यह सोचना चाहिए की दांव तो हर स्थान पर एक जैसे है, जरूरत है तो केवल उनको अमल में लाने की। जो पहलवान नियमित रूप से अभ्यास करते हैं, वो बड़ी से बड़ी प्रतियोगिता में बाजी मार जाते हैं।
प्रशिक्षण शिविर में फाउंडेशन की प्रदेशाध्यक्षा रंजीता कौशिक ने महिला खिलाडिय़ों को कुश्ती में आगे आकर बढ़-चढ़कर प्रतिभागिता करने का आह्वान किया। उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में कुश्ती में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले महिला पहलवानों को बधाई दी। और कहा कि एक दिन फाउंडेशन की नन्हें पहलवान भी देश का नाम रोशन करेंगी। प्रशिक्षण शिविर में कुश्ती कोच नरेंद्र मलिक ने कहा कि खिलाड़ी मेहनत को अपने आभूषण मानते हैं, वे सफलता की बुलंदियों को छूते हैं। उन्होंने इस मौके पर फाउंडेशन की तरफ से भारत केसरी सत्येंद्र डागर को स्मृति चिन्ह भेट किया। इस मौके पर महिपाल मांडी, योगेद्र मांडी, कोच नरेंद्र मलिक, पवन मांडी, कपिल परढाणा, विक्रम मांडी, सरपंच पति मास्टर सुरेश कुमार, दलवीर पहलवाल, अजमेर मलिक, बिज्जा बांध, अनिल, सुमित शामड़ी, बिजा पहलवान, शमशेर व अरुण कोच मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
इसराना।
फैला उजियारा फाउंडेशन के तत्वावधान में बुआना लाखु में चल रहे शीत कालीन कुश्ती प्रशिक्षण शिविर में पहुंचे भारत केसरी का खिताब जितने वाले सत्येंद्र डागर ने पहलवानों को कुश्ती के टिप्स दिए। कुश्ती में वही पहलवान बाजी मारता है, जो जिगरा रखता है।
कुश्ती में अच्छा अभ्यास मायने रखता है। जो पहलवान अलग-अलग जगहों पर जाकर प्रशिक्षण लेते हैं, उन्हें यह सोचना चाहिए की दांव तो हर स्थान पर एक जैसे है, जरूरत है तो केवल उनको अमल में लाने की। जो पहलवान नियमित रूप से अभ्यास करते हैं, वो बड़ी से बड़ी प्रतियोगिता में बाजी मार जाते हैं।
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प्रशिक्षण शिविर में फाउंडेशन की प्रदेशाध्यक्षा रंजीता कौशिक ने महिला खिलाडिय़ों को कुश्ती में आगे आकर बढ़-चढ़कर प्रतिभागिता करने का आह्वान किया। उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में कुश्ती में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले महिला पहलवानों को बधाई दी। और कहा कि एक दिन फाउंडेशन की नन्हें पहलवान भी देश का नाम रोशन करेंगी। प्रशिक्षण शिविर में कुश्ती कोच नरेंद्र मलिक ने कहा कि खिलाड़ी मेहनत को अपने आभूषण मानते हैं, वे सफलता की बुलंदियों को छूते हैं। उन्होंने इस मौके पर फाउंडेशन की तरफ से भारत केसरी सत्येंद्र डागर को स्मृति चिन्ह भेट किया। इस मौके पर महिपाल मांडी, योगेद्र मांडी, कोच नरेंद्र मलिक, पवन मांडी, कपिल परढाणा, विक्रम मांडी, सरपंच पति मास्टर सुरेश कुमार, दलवीर पहलवाल, अजमेर मलिक, बिज्जा बांध, अनिल, सुमित शामड़ी, बिजा पहलवान, शमशेर व अरुण कोच मौजूद रहे।
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