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Panchkula News: बिना अधिभोग प्रमाण पत्र रहने लगा भवन मालिक, निर्माण के दौरान क्षतिग्रस्त मकान की नहीं कराई मरम्मत
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संवाद न्यूज एजेंसीपंचकूला। शहर के सेक्टर-10 निवासी एक महिला ने एचएसवीपी को पत्र लिखकर शिकायत दी है कि उनके पड़ोस में बनाए गए स्टिल्ट प्लस चार मंजिला भवन मालिक ने बिना ओसी - अधिभोग प्रमाण पत्र- के ही मकान में रहना शुरू कर दिया है। उसे अधिभोग प्रमाण पत्र इसलिए नहीं दिया गया क्योंकि स्टिल्ट प्लस चार मंजिला भवन के निर्माण के दौरान क्षतिग्रस्त हुए उनके मकान की अभी तक मरम्मत नहीं कराई गई है।
महिला शीशमबाला ने एचएसवीपी के चीफ एडमिनिस्ट्रेटर को भेजी शिकायत में बताया कि उनका मकान नंबर 809 है। उनके घर के बगल में स्टिल्ट प्लस चार मंजिला भवन बनने से उनका मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। अब तक भवन मालिक ने उनके मकान की मरम्मत नहीं कराई है। इस बारे में कई बार एचएसवीपी के अधिकारियों को अवगत कराया। अभी तक मकान की मरम्मत नहीं कराई गई है। महिला ने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने आश्वासन दिया था कि जब तक मरम्मत नहीं कराई जाती तब तक उसे अधिभोग प्रमाण पत्र नहीं दिया जाएगा। मगर भवन मालिक ने अधिभोग प्रमाण पत्र लेना जरूरी ही नहीं समझा और मकान में रहना शुरू कर दिया।
महिला के मकान में हुए नुकसान की जांच के लिए स्ट्रक्चरल इंजीनियर को नियुक्त किया गया था। उनकी रिपोर्ट के आधार पर मकान की मरम्मत कराने के ऑर्डर हो गए हैं। जल्द ही मकान की मरम्मत करा दी जाएगी। - मानव मलिक, ईओ एचएसवीपी, एचएसवीपी
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महिला शीशमबाला ने एचएसवीपी के चीफ एडमिनिस्ट्रेटर को भेजी शिकायत में बताया कि उनका मकान नंबर 809 है। उनके घर के बगल में स्टिल्ट प्लस चार मंजिला भवन बनने से उनका मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। अब तक भवन मालिक ने उनके मकान की मरम्मत नहीं कराई है। इस बारे में कई बार एचएसवीपी के अधिकारियों को अवगत कराया। अभी तक मकान की मरम्मत नहीं कराई गई है। महिला ने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने आश्वासन दिया था कि जब तक मरम्मत नहीं कराई जाती तब तक उसे अधिभोग प्रमाण पत्र नहीं दिया जाएगा। मगर भवन मालिक ने अधिभोग प्रमाण पत्र लेना जरूरी ही नहीं समझा और मकान में रहना शुरू कर दिया।
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महिला के मकान में हुए नुकसान की जांच के लिए स्ट्रक्चरल इंजीनियर को नियुक्त किया गया था। उनकी रिपोर्ट के आधार पर मकान की मरम्मत कराने के ऑर्डर हो गए हैं। जल्द ही मकान की मरम्मत करा दी जाएगी। - मानव मलिक, ईओ एचएसवीपी, एचएसवीपी
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