फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   Punjab High Court asks Delhi High Court to decide on permission to cut 4,000 trees for 18 MW solar power plant

18 मेगावाट सोलर पावर प्लांट के लिए 4 हजार पेड़ों को काटने की अनुमति पर निर्णय ले पंजाब: हाईकोर्ट

Fri, 23 Jan 2026 10:03 PM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 23 Jan 2026 10:03 PM IST
विज्ञापन
Punjab High Court asks Delhi High Court to decide on permission to cut 4,000 trees for 18 MW solar power plant
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के प्रोजेक्ट राष्ट्रीय महत्व के, पेड़ों को काट पूरा करने की अनुमति
विज्ञापन

एनएचएआई को पौधे लगाने से जुड़े नियमोंं का सख्ती से पालन करने का आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (बीबीएमबी) की ओर से 18 मेगावाट सोलर पावर प्रोजेक्ट के लिए 4,000 से ज्यादा पेड़ काटने की अनुमति की मांग पर पंजाब सरकार को तीन हफ्ते में फैसला लेने का आदेश दिया है। इसके साथ ही नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एचएआई) को भी उन सड़क प्रोजेक्ट्स को जारी रखने की अनुमति दी जिनके लिए पहले ही वैधानिक मंजूरी मिल चुकी है, बशर्ते पौधे लगाने के नियमों का सख्ती से पालन किया जाए।
चीफ जस्टिस शील नागू और जस्टिस संजीव बेरी की खंडपीठ 24 दिसंबर, 2025 के अपने अंतरिम आदेश से जुड़े आवेदनों के एक बैच पर सुनवाई कर रही थी जिसमें पूरे पंजाब में पेड़ काटने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई थी। इस रोक के कारण एनएचएआई व बीबीएमबी ने आदेश में ढील या बदलाव की मांग की थी। कोर्ट ने पाया कि बीबीएमबी ने 18 अगस्त, 2025 को अपनी जमीन पर 18 मेगावाट का सोलर पावर प्लांट लगाने के लिए लगभग 4,056 पेड़ काटने की अनुमति के लिए आवेदन किया था लेकिन यह आवेदन अभी भी अधिकारियों के पास लंबित था। पंजाब के एडवोकेट जनरल एमएस बेदी ने कोर्ट को विश्वास दिलाया कि आवेदन पर तीन हफ्ते में स्पष्ट आदेश पारित किया जाएगा।
विज्ञापन

इसके बाद बेंच ने एनएचएआई की दलीलें सुनीं जिसमें हाईवे प्रोजेक्ट्स को जारी रखने की अनुमति देने के लिए पूरी तरह से रोक में बदलाव की मांग की गई थी। एनएचएआई ने बताया कि उसने सितंबर 2025 में केंद्र और राज्य दोनों से वन मंजूरी सहित सभी वैधानिक मंजूरियां प्राप्त कर ली थीं और क्षतिपूर्ति पौधरोपण योजनाएं पहले से ही लागू थीं। कोर्ट को बताया गया कि एक प्रोजेक्ट, पंजाब में अंतरराष्ट्रीय सीमा के साथ एक हाईवे का हिस्सा, लगभग 75 प्रतिशत पूरा हो चुका है और यह राष्ट्रीय और रणनीतिक महत्व का है, जो लगभग 100 किलोमीटर की सीमा पट्टी पर रक्षा और सैनिकों की आवाजाही को सुविधाजनक बनाता है। कोर्ट ने कहा कि सीमा के पास का प्रोजेक्ट राष्ट्रीय महत्व का है और पूरा होने वाला था। कोर्ट ने एनएचएआई को मंजूरी से जुड़ी सभी शर्तों का पालन करने का आदेश देते हुए प्रोजेक्ट को हरी झंडी दे दी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed