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हुडा ने बेचा एससीओ, अब सामान का विवाद
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 19 Aug 2016 01:22 AM IST
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हुडा ने बेचा एससीओ
- फोटो : अमर उजाला
पंचकूला में बिके हुडा के सबसे महंगे शोरूम में अब सामान को लेकर विवाद छिड़ गया है। एससीओ में आदित्य क्राकरी हाउस के नाम से काम करने वाले पुराने मालिक का कहना है कि उन्होंने एससीओ से सामान निकालने के लिए हरियाणा शहरी प्राधिकरण में आवेदन दिया था, जिसमें उन्होंने समय मांगा था, लेकिन समय नहीं दिया गया और सामान निकाल दिया गया।
एससीओ के नए मालिक राजकुमार जिंदल का कहना है कि उसको 16 अगस्त को हुडा ने पेजेशन दे दिया था। एससीओ में क्राकरी का काम करने वालों ने अपना सामान नहीं निकाला, जिसकी वजह से उनको परेशानी हो रही थी। हुडा के कर्मचारियों ने यहां से सामान निकाला और दे दिया। राजकुमार जिंदल और विजय जिंदल दोनों भाई हैं। दोनों ही अलग-अलग रहते हैं। राजकुमार जिंदल ने बताया कि इस एससीओ में पहले वह और उनके पिता अमरनाथ जिंदल दोनों का प्रापर्टी का काम था। इस एससीओ में घर चार पार्टनर थे, जिसमें वह भी एक पार्टनर थे। वर्ष 2013 में कोर्ट के फैसले के बाद एससीओ को सील कर दिया गया था।
कोट्स
मुझे एससीओ का पजेशन मिले तीन दिन हो चुके हैं। हुडा से यह एससीओ नौ करोड़ 41 लाख 56 हजार रुपये में खरीदा है। एससीओ से सामान खाली करवाने के लिए पहले ही हुडा ने नोटिस किया था, लेकिन सामान नहीं निकाला गया इस पर हुडा ने सामान दे दिया।
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- राजकुमार जिंदल, एससीओ के नए मालिक
कोट्स
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण को 17 अगस्त को एक पत्र लिखा कि मुझे शोरूम से सामान निकालने के लिए समय दिया जाए। इसके बावजूद उन्होंने कोई जानकारी नहीं दी। मैं हुडा दफ्तर में गया पर अधिकारी नहीं मिले।
विजय जिंदल, आदित्य क्राकरी हाउस प्रोपराइटर
कोट्स
हमने एससीओ मालिक को उसका सामान हैंडओवर कर दिया है। एससीओ में उसका कोई सामान रह गया है तो उसको शुक्रवार को हैंडओवर कर दिया जाएगा। इसके बाद ही हुडा एससीओ के नए मालिक को एससीओ देगा।
मनीष लोहान, इस्टेट अधिकारी हुडा, पंचकूला
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एससीओ के नए मालिक राजकुमार जिंदल का कहना है कि उसको 16 अगस्त को हुडा ने पेजेशन दे दिया था। एससीओ में क्राकरी का काम करने वालों ने अपना सामान नहीं निकाला, जिसकी वजह से उनको परेशानी हो रही थी। हुडा के कर्मचारियों ने यहां से सामान निकाला और दे दिया। राजकुमार जिंदल और विजय जिंदल दोनों भाई हैं। दोनों ही अलग-अलग रहते हैं। राजकुमार जिंदल ने बताया कि इस एससीओ में पहले वह और उनके पिता अमरनाथ जिंदल दोनों का प्रापर्टी का काम था। इस एससीओ में घर चार पार्टनर थे, जिसमें वह भी एक पार्टनर थे। वर्ष 2013 में कोर्ट के फैसले के बाद एससीओ को सील कर दिया गया था।
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मुझे एससीओ का पजेशन मिले तीन दिन हो चुके हैं। हुडा से यह एससीओ नौ करोड़ 41 लाख 56 हजार रुपये में खरीदा है। एससीओ से सामान खाली करवाने के लिए पहले ही हुडा ने नोटिस किया था, लेकिन सामान नहीं निकाला गया इस पर हुडा ने सामान दे दिया।
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- राजकुमार जिंदल, एससीओ के नए मालिक
कोट्स
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण को 17 अगस्त को एक पत्र लिखा कि मुझे शोरूम से सामान निकालने के लिए समय दिया जाए। इसके बावजूद उन्होंने कोई जानकारी नहीं दी। मैं हुडा दफ्तर में गया पर अधिकारी नहीं मिले।
विजय जिंदल, आदित्य क्राकरी हाउस प्रोपराइटर
कोट्स
हमने एससीओ मालिक को उसका सामान हैंडओवर कर दिया है। एससीओ में उसका कोई सामान रह गया है तो उसको शुक्रवार को हैंडओवर कर दिया जाएगा। इसके बाद ही हुडा एससीओ के नए मालिक को एससीओ देगा।
मनीष लोहान, इस्टेट अधिकारी हुडा, पंचकूला