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Panchkula News: पंचकूला में काटेगा कुत्ता, चंडीगढ़ में लगेगा इंजेक्शन
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पंचकूला। सिविल अस्पताल में रोजाना लावारिस कुत्तों के काटने के करीब 20 मामले आ रहे हैं। अस्पताल में अधिक घायल लोगों के लिए रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन का इंजेक्शन उपलब्ध नहीं होने के कारण उनको चंडीगढ़ रेफर करना पड़ रहा है। पांच से सात मरीजों को चंडीगढ़ के सेक्टर-19 और 22 की डिस्पेंसरी में भेजा जा रहा है। यह इंजेक्शन प्राइवेट मेडिकल स्टोर में छह हजार रुपये में मिलता है जबकि सरकारी में सौ रुपये में इंजेक्शन लग जाता है। सिविल अस्पताल में एंटी रेबीज के इंजेक्शन के चारों डोज लोगों को चार सौ रुपये में लगाए जाते हैं।
केस-1
कुत्ते काटने से घायल सेक्टर-17 निवासी सुरेश सिंह ने बताया कि लावारिस कुत्ते नहीं पकड़े जा रहे हैं। घर से बाहर पार्क में घूमने जा रहे थे तो कुत्ते ने काट लिया। काटने के बाद अस्पताल पहुंचे। इसमें एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया गया है।
केस-2
सेक्टर-19 निवासी जगपाल सिंह ने बताया कि उन्हें कुत्ते ने काट लिया। एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाने के बाद उन्हें सेक्टर-19 चंडीगढ़ से रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन का इंजेक्शन लगवाने को कहा गया है। अस्पताल के बाहर इंजेक्शन लेने गए तो उनको छह हजार रुपये का रेट बताया गया। इसके बाद वे चंडीगढ़ सेक्टर-19 की डिस्पेंसरी गए तो उनको सौ रुपये में इंजेक्शन लगा।
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जानकारी देने के बावजूद नगर निगम नहीं ले रहा एक्शन
सिविल अस्पताल में इलाज कराने आए ढकोली निवासी पिंटू और सेक्टर-9 निवासी जगदीश कौर ने बताया कि काम से गए थे। उनको कुत्ते ने काट लिया। जानकारी देने के बाद भी नगर निगम की ओर से इस पर कोई एक्शन नहीं लिया गया। पिछले साल वर्ष 2024 में स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार पंचकूला में 4500 लोग डॉग बाइट के शिकार हुए हैं। पंचकूला में जनवरी से 15 जून के बीच 2500 लोगों को इस साल कुत्ते ने काटा है।
पंचकूला में एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाए जा रहे हैं। अगर इसके बाद रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन की जरूरत पड़ती है तो मरीजों को चंडीगढ़ रेफर किया जाता है। बैठक में तय हुआ है कि जल्द ही रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन का इंजेक्शन रखा जाएगा। इसके लिए बजट भी मांगा गया है।
-डॉ. आरएस चौहान, पीएमओ, पंचकूला सिविल अस्पताल
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केस-1
कुत्ते काटने से घायल सेक्टर-17 निवासी सुरेश सिंह ने बताया कि लावारिस कुत्ते नहीं पकड़े जा रहे हैं। घर से बाहर पार्क में घूमने जा रहे थे तो कुत्ते ने काट लिया। काटने के बाद अस्पताल पहुंचे। इसमें एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया गया है।
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केस-2
सेक्टर-19 निवासी जगपाल सिंह ने बताया कि उन्हें कुत्ते ने काट लिया। एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाने के बाद उन्हें सेक्टर-19 चंडीगढ़ से रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन का इंजेक्शन लगवाने को कहा गया है। अस्पताल के बाहर इंजेक्शन लेने गए तो उनको छह हजार रुपये का रेट बताया गया। इसके बाद वे चंडीगढ़ सेक्टर-19 की डिस्पेंसरी गए तो उनको सौ रुपये में इंजेक्शन लगा।
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जानकारी देने के बावजूद नगर निगम नहीं ले रहा एक्शन
सिविल अस्पताल में इलाज कराने आए ढकोली निवासी पिंटू और सेक्टर-9 निवासी जगदीश कौर ने बताया कि काम से गए थे। उनको कुत्ते ने काट लिया। जानकारी देने के बाद भी नगर निगम की ओर से इस पर कोई एक्शन नहीं लिया गया। पिछले साल वर्ष 2024 में स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार पंचकूला में 4500 लोग डॉग बाइट के शिकार हुए हैं। पंचकूला में जनवरी से 15 जून के बीच 2500 लोगों को इस साल कुत्ते ने काटा है।
पंचकूला में एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाए जा रहे हैं। अगर इसके बाद रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन की जरूरत पड़ती है तो मरीजों को चंडीगढ़ रेफर किया जाता है। बैठक में तय हुआ है कि जल्द ही रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन का इंजेक्शन रखा जाएगा। इसके लिए बजट भी मांगा गया है।
-डॉ. आरएस चौहान, पीएमओ, पंचकूला सिविल अस्पताल