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Panchkula News: पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए 26 पर्यटकों को बलिदानी घोषित करने से हाईकोर्ट का इंकार

Tue, 20 May 2025 11:52 PM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Tue, 20 May 2025 11:52 PM IST
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High Court refuses to declare 26 tourists killed in Pahalgam terror attack as martyrs
अमर उजाला ब्यूरो
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चंडीगढ़।
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पहलगाम हमले में मारे गए 26 लोगों को शहीद घोषित करने और हमले के स्थान को शहीद हिंदू वैली टूरिस्ट प्लेस घोषित करने की मांग को खारिज कर दिया है। याचिका का निपटारा करते हुए हाईकोर्ट ने याची को छूट दी कि वह सरकार को मांगपत्र सौंप सकता है, जिस पर सरकार कानून के अनुरूप विचार करेगी।
चीफ जस्टिस शील नागू और जस्टिस सुमित गोयल की पीठ ने स्पष्ट किया कि यह मामला सरकार की नीतिगत परिधि में आता है और न्यायालय इस क्षेत्र में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। न्यायालय नीति निर्माण के क्षेत्र में प्रवेश करने से परहेज करता है, जो विशेष रूप से कार्यपालिका के अधिकार क्षेत्र में आता है। उल्लेखनीय है कि छह मई को चीफ जस्टिस ने मामले की सुनवाई करते हुए यह टिप्पणी की थी कि क्या उन्हें बलिदानी घोषित करना संविधान के अनुच्छेद 226 के अंतर्गत आता है? इसका कोई एक उदाहरण बताएं। यह प्रशासनिक विषय है, नीति का मामला है और इसे कार्यपालिका पर छोड़ देना चाहिए।
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यह जनहित याचिका हाईकोर्ट के वकील आयुष आहूजा ने दायर की थी। याचिकाकर्ता आहूजा ने तर्क दिया कि जिन निर्दोष पर्यटकों की हत्या की गई, उन्हें आतंकियों ने धार्मिक आधार पर निशाना बनाया। उन्हें सिर पर गोली मारी गई, उन्होंने सैनिक की तरह सामना किया, ऐसा कहते हुए उन्होंने अदालत से अपील की थी कि उन्हें बलिदानी का दर्जा दिया जाना चाहिए। वहीं केंद्र सरकार की ओर से पेश हुए अतिरिक्त साॅलिसिटर जनरल सत्यपाल जैन ने याचिका का विरोध किया और कहा था कि याचिकाकर्ता को यह जानकारी नहीं है कि भारत सरकार क्या-क्या कदम उठा रही है। उन्होंने कहा, गृह मंत्री उसी शाम श्रीनगर पहुंच गए थे। हम एक संभावित युद्ध की स्थिति में हैं इस समय ऐसे मुद्दों को उठाना उचित नहीं है। हम वर्तमान में अन्य प्राथमिकताओं पर काम कर रहे हैं। चीफ जस्टिस शील नागू ने कहा कि यहां तक कि अगर कोई सैनिक शहीद होता है, तो भी उसे पुरस्कार देने में समय लगता है कम से कम एक साल। इस लिए याची को अभी इस मामले में इंतजार करना चाहियें।
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पिछले महीने पहलगाम में हुए आतंकी हमले में कुल 26 पर्यटकों की मौत हो गई थी, जब आतंकियों ने खूबसूरत घाटी में अंधाधुंध गोलीबारी की थी। इस हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध जैसे हालात बन गए थे। भारत ने इस हमले का बदला लेने के लिए ‘आपरेशन सिंदूर’ शुरू किया है।
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