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Panchkula News: कचरा उठाया नहीं, भेज दिया गारबेज शुल्क, फ्लैट मालिक नगर निगम देंगे कानूनी नोटिस
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माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। सेक्टर-20 के 115 सोसाइटियों के हजारों फ्लैट मालिकों को बीना कचरा उठाए नगर निगम ने 700 से 1200 रुपये का गारबेज शुल्क भेज दिया है। इसके खिलाफ स्थानीय निवासी नगर निगम को कानूनी नोटिस भेजने की तैयारी में है। अभी सेक्टर के अलग-अलग सोसाइटियों से गारबेज शुल्क का 80 फीसदी डाटा एकत्रित किया गया है। 20 फीसदी डाटा एकत्रित करने के बाद अगले सप्ताह स्थानीय लोग नगर निगम को नोटिस भेजेंगे। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान हम लोग पहले ही कर चुके हैं। अब गारबेज का आउट स्टैंडिंग बैलेंस नगर निगम की साइट पर दर्शाया गया है, जो इस साल के प्रॉपर्टी और गारबेज टैक्स में जोड़कर भेज दिया गया जाएगा।
पहले 1200, बाद में 2400, अब फिर 700 भेजा का भेजा शुल्क
सेक्टर-20 के सोसाइटी नंबर 91 निवासी पीके मोंगा ने बताया कि नगर निगम ने 2023 में गारबेज शुल्क 1200 रुपये भेजा था। इसके बाद नगर निगम की साइट पर ग्रीवांस में शिकायत डाली। ढाई माह बाद पूरा गारबेज बिल साइट से हटा दिया। उसके बाद जून 2023 में 2024 का भी प्रॉपर्टी टैक्स भर दिया। जैसे ही प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान किया, उसके तुरंत बाद 2400 रुपये का गारबेज शुल्क नगर निगम की साइट पर आउट स्टैंडिंग दिखाने लगा। दूसरी बाद शिकायत की तो 2400 रुपये का गारबेज शुल्क भी साइट से हटा दिया। अब तीसरी बार नगर निगम ने दिसंबर 2023 में 700 रुपये का गारबेज शुल्क भेज दिया है।
फैसला वापस नहीं लिया
सेक्टर-20 जीएच 41 निवासी याेगेंद्र क्वात्रा ने बताया कि एक दिन भी नगर निगम ने सोसाइटियों का कूड़ा नहीं उठाया है। उसके बाद भी फ्लैट मालिकों से गारबेज शुल्क वसूल रहा है। करीब 115 सोसाइटियों के फ्लैट मालिकों को विभाग ने प्रॉपर्टी टैक्स के साथ गारबेज शुल्क जोड़कर भेजा था। लोगों ने प्रॉपर्टी टैक्स भुगतान भी कर दिया। उसके बाद भी गारबेज शुल्क का आउट स्टैंडिंग बिल नगर निगम की साइट पर दिख रहा है। जब विभाग गारबेज उठाया नहीं तो शुल्क किस बात की दें। नगर निगम ने फैसला वापस नहीं लिया तो अगले सप्ताह विभाग को कानूनी नोटिस भेजेंगे।
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अदालत में केस फाइल करेंगे
एडवोकेट उदित मेहंदीरत्ता ने बताया कि नगर निगम बिना कचरा उठाए फ्लैट मालिकों को गारबेज शुल्क भेज रहा है। अगले सप्ताह कानूनी नोटिस भेजने की तैयारी चल रही है। सभी सोसाइटियों से गारबेज शुल्क का डाटा एकत्रित किया जा रहा है। अगर नगर निगम ने समय रहते गारबेज शुल्क का फैसला वापस नहीं लिया तो कानूनी नोटिस भेजने के बाद अदालत में केस भी फाइल करेंगे। उन्होंने बताया कि गारबेज शुल्क के फैसले पर नगर निगम के खिलाफ लोगों में काफी रोष है।
आखिर किसको दें शुल्क
सेक्टर-20 जीएच-42 निवासी अशोक खुराना ने बताया कि 31 मार्च को प्रॉपर्टी टैक्स भर दिया था। अब दो साल 2023 और 2024 का नगर निगम की साइट पर गारबेज शुल्क आउट स्टैंडिंग दिखा रहा है। हम लोग डोर-टू डोर कूड़ा उठाने वालों को शुल्क दे रहे हैं। इधर बिना कूड़ा उठाए नगर निगम ने प्रॉपर्टी टैक्स में गारबेज शुल्क जोड़ दिया है। इसके सुधार के लिए नगर निगम के कार्यालय का चक्कर काटकर हम लोग थक चुके हैं।
सोसाइटी वालों को गारबेज शुल्क देना होगा। गारबेज शुल्क कम करने पर नगर निगम हाउस की बैठक में विचार कर निर्णय लिया जाएगा। सोसाइटी वालों को बल्क वेस्ट जनरेटर लगाना चाहिए। -कुलभूषण गोयल, महापौर
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पंचकूला। सेक्टर-20 के 115 सोसाइटियों के हजारों फ्लैट मालिकों को बीना कचरा उठाए नगर निगम ने 700 से 1200 रुपये का गारबेज शुल्क भेज दिया है। इसके खिलाफ स्थानीय निवासी नगर निगम को कानूनी नोटिस भेजने की तैयारी में है। अभी सेक्टर के अलग-अलग सोसाइटियों से गारबेज शुल्क का 80 फीसदी डाटा एकत्रित किया गया है। 20 फीसदी डाटा एकत्रित करने के बाद अगले सप्ताह स्थानीय लोग नगर निगम को नोटिस भेजेंगे। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान हम लोग पहले ही कर चुके हैं। अब गारबेज का आउट स्टैंडिंग बैलेंस नगर निगम की साइट पर दर्शाया गया है, जो इस साल के प्रॉपर्टी और गारबेज टैक्स में जोड़कर भेज दिया गया जाएगा।
पहले 1200, बाद में 2400, अब फिर 700 भेजा का भेजा शुल्क
सेक्टर-20 के सोसाइटी नंबर 91 निवासी पीके मोंगा ने बताया कि नगर निगम ने 2023 में गारबेज शुल्क 1200 रुपये भेजा था। इसके बाद नगर निगम की साइट पर ग्रीवांस में शिकायत डाली। ढाई माह बाद पूरा गारबेज बिल साइट से हटा दिया। उसके बाद जून 2023 में 2024 का भी प्रॉपर्टी टैक्स भर दिया। जैसे ही प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान किया, उसके तुरंत बाद 2400 रुपये का गारबेज शुल्क नगर निगम की साइट पर आउट स्टैंडिंग दिखाने लगा। दूसरी बाद शिकायत की तो 2400 रुपये का गारबेज शुल्क भी साइट से हटा दिया। अब तीसरी बार नगर निगम ने दिसंबर 2023 में 700 रुपये का गारबेज शुल्क भेज दिया है।
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फैसला वापस नहीं लिया
सेक्टर-20 जीएच 41 निवासी याेगेंद्र क्वात्रा ने बताया कि एक दिन भी नगर निगम ने सोसाइटियों का कूड़ा नहीं उठाया है। उसके बाद भी फ्लैट मालिकों से गारबेज शुल्क वसूल रहा है। करीब 115 सोसाइटियों के फ्लैट मालिकों को विभाग ने प्रॉपर्टी टैक्स के साथ गारबेज शुल्क जोड़कर भेजा था। लोगों ने प्रॉपर्टी टैक्स भुगतान भी कर दिया। उसके बाद भी गारबेज शुल्क का आउट स्टैंडिंग बिल नगर निगम की साइट पर दिख रहा है। जब विभाग गारबेज उठाया नहीं तो शुल्क किस बात की दें। नगर निगम ने फैसला वापस नहीं लिया तो अगले सप्ताह विभाग को कानूनी नोटिस भेजेंगे।
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अदालत में केस फाइल करेंगे
एडवोकेट उदित मेहंदीरत्ता ने बताया कि नगर निगम बिना कचरा उठाए फ्लैट मालिकों को गारबेज शुल्क भेज रहा है। अगले सप्ताह कानूनी नोटिस भेजने की तैयारी चल रही है। सभी सोसाइटियों से गारबेज शुल्क का डाटा एकत्रित किया जा रहा है। अगर नगर निगम ने समय रहते गारबेज शुल्क का फैसला वापस नहीं लिया तो कानूनी नोटिस भेजने के बाद अदालत में केस भी फाइल करेंगे। उन्होंने बताया कि गारबेज शुल्क के फैसले पर नगर निगम के खिलाफ लोगों में काफी रोष है।
आखिर किसको दें शुल्क
सेक्टर-20 जीएच-42 निवासी अशोक खुराना ने बताया कि 31 मार्च को प्रॉपर्टी टैक्स भर दिया था। अब दो साल 2023 और 2024 का नगर निगम की साइट पर गारबेज शुल्क आउट स्टैंडिंग दिखा रहा है। हम लोग डोर-टू डोर कूड़ा उठाने वालों को शुल्क दे रहे हैं। इधर बिना कूड़ा उठाए नगर निगम ने प्रॉपर्टी टैक्स में गारबेज शुल्क जोड़ दिया है। इसके सुधार के लिए नगर निगम के कार्यालय का चक्कर काटकर हम लोग थक चुके हैं।
सोसाइटी वालों को गारबेज शुल्क देना होगा। गारबेज शुल्क कम करने पर नगर निगम हाउस की बैठक में विचार कर निर्णय लिया जाएगा। सोसाइटी वालों को बल्क वेस्ट जनरेटर लगाना चाहिए। -कुलभूषण गोयल, महापौर