{"_id":"65db9f151001314f490d5d05","slug":"committee-will-be-formed-to-stop-child-crime-and-harassment-in-schools-of-the-district-pkl-office-news-c-290-1-pkl1068-6974-2024-02-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panchkula News: जिले के स्कूलों में बाल अपराध उत्पीड़न रोकने के लिए बनेगी समिति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panchkula News: जिले के स्कूलों में बाल अपराध उत्पीड़न रोकने के लिए बनेगी समिति
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। जिले के सभी स्कूलों में बाल अपराध उत्पीड़न रोकने के लिए एक समिति बनाई जाएगी। इसके लिए जिला शिक्षा अधिकारी ने स्कूलों के प्रिंसिपलों के साथ बैठक की है। इसकी रिपोर्ट फरवरी के आखिर तक देने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि इस बैठक में स्कूलों के प्रिंसिपलों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी स्कूलों में यह समिति बनाई जाए। इसमें स्कूल के टीचर की समिति होनी चाहिए और इसको बनाने के बाद इसकी रिपोर्ट दी जाए।
पंचकूला जिला शिक्षा अधिकारी सतपाल कौशिक ने बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से प्रदेश भर के सरकारी स्कूलों के मुखियाओं को शारीरिक शोषण, पॉक्सो और पौश एक्ट के बारे में प्रशिक्षण जनवरी तक दिया जा चुका है। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य सरकारी स्कूलों में बच्चों और छात्राओं को और सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना है। डाइट संस्थानों में 200 से अधिक शिक्षकों को यह प्रशिक्षण दिया गया। इसके बाद से सभी खंडों में स्कूल मुखिया को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
पिछले साल 18 दिसंबर को शिक्षा विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों की संयुक्त बैठक में इस संदर्भ में निर्णय लिया गया था। अभी खंड के 30 से अधिक स्कूलों में यह समिति नहीं बन पाई है। इस कारण इस समिति को विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए बनाने के निर्देश दिए हैं। वहीं, गुड टच और बैड टच के बारे में भी विद्यार्थियों को बताने के लिए कहा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पंचकूला। जिले के सभी स्कूलों में बाल अपराध उत्पीड़न रोकने के लिए एक समिति बनाई जाएगी। इसके लिए जिला शिक्षा अधिकारी ने स्कूलों के प्रिंसिपलों के साथ बैठक की है। इसकी रिपोर्ट फरवरी के आखिर तक देने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि इस बैठक में स्कूलों के प्रिंसिपलों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी स्कूलों में यह समिति बनाई जाए। इसमें स्कूल के टीचर की समिति होनी चाहिए और इसको बनाने के बाद इसकी रिपोर्ट दी जाए।
पंचकूला जिला शिक्षा अधिकारी सतपाल कौशिक ने बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से प्रदेश भर के सरकारी स्कूलों के मुखियाओं को शारीरिक शोषण, पॉक्सो और पौश एक्ट के बारे में प्रशिक्षण जनवरी तक दिया जा चुका है। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य सरकारी स्कूलों में बच्चों और छात्राओं को और सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना है। डाइट संस्थानों में 200 से अधिक शिक्षकों को यह प्रशिक्षण दिया गया। इसके बाद से सभी खंडों में स्कूल मुखिया को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
विज्ञापन
पिछले साल 18 दिसंबर को शिक्षा विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों की संयुक्त बैठक में इस संदर्भ में निर्णय लिया गया था। अभी खंड के 30 से अधिक स्कूलों में यह समिति नहीं बन पाई है। इस कारण इस समिति को विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए बनाने के निर्देश दिए हैं। वहीं, गुड टच और बैड टच के बारे में भी विद्यार्थियों को बताने के लिए कहा गया है।
विज्ञापन