{"_id":"6aa460f9037e8d13ba0cd517","slug":"case-registered-against-mansa-municipal-council-employees-and-contractor-panchkula-news-c-16-1-knl1001-1120571-2026-09-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panchkula News: नगर परिषद मानसा के कर्मचारियों और ठेकेदार पर केस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panchkula News: नगर परिषद मानसा के कर्मचारियों और ठेकेदार पर केस
विज्ञापन
चंडीगढ़। नगर परिषद मानसा के कर्मचारियों और ठेकेदारों की मिलीभगत से सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल और धन के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। इस वजह से सरकारी खजाने को 2.62 लाख रुपये का वित्तीय नुकसान हुआ है। पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने संबंधित आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
यह मामला वार्ड नंबर 5, नई कचहरी रोड, मानसा के एक निवासी की शिकायत पर दर्ज हुआ। विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने यह जानकारी दी। नगर परिषद मानसा ने नई कचहरी रोड स्थित गगोवाल वाली गली से मानसा खुर्द तक सड़क मरम्मत का टेंडर जारी किया था। वर्क ऑर्डर के बाद कार्य शुरू हुआ।
हालांकि, टेंडर में शामिल पूरे हिस्से की मरम्मत नहीं की गई। केवल गगोवाल वाली गली से छोटी मानसा की ओर जाने वाली सड़क का ही नए सिरे से निर्माण हुआ।
जांच में सामने आई अनियमितताएं :
मानसा के उपायुक्त के आदेश पर सड़क की जांच के लिए एक समिति बनी थी। जांच के दौरान लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला रिपोर्ट में सामग्री में आवश्यक दबाव सहने की क्षमता नहीं मिली। पंजाब मंडी बोर्ड, बठिंडा के कार्यकारी अभियंता की रिपोर्ट में दरें स्वीकृत दरों से काफी अधिक पाई गईं। इससे 2.62 लाख रुपये की अतिरिक्त अदायगी हुई। प्रवक्ता ने बताया कि मिलीभगत से घटिया सामग्री इस्तेमाल हुई जिससे राज्य के खजाने को वित्तीय नुकसान हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह मामला वार्ड नंबर 5, नई कचहरी रोड, मानसा के एक निवासी की शिकायत पर दर्ज हुआ। विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने यह जानकारी दी। नगर परिषद मानसा ने नई कचहरी रोड स्थित गगोवाल वाली गली से मानसा खुर्द तक सड़क मरम्मत का टेंडर जारी किया था। वर्क ऑर्डर के बाद कार्य शुरू हुआ।
विज्ञापन
हालांकि, टेंडर में शामिल पूरे हिस्से की मरम्मत नहीं की गई। केवल गगोवाल वाली गली से छोटी मानसा की ओर जाने वाली सड़क का ही नए सिरे से निर्माण हुआ।
जांच में सामने आई अनियमितताएं :
मानसा के उपायुक्त के आदेश पर सड़क की जांच के लिए एक समिति बनी थी। जांच के दौरान लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला रिपोर्ट में सामग्री में आवश्यक दबाव सहने की क्षमता नहीं मिली। पंजाब मंडी बोर्ड, बठिंडा के कार्यकारी अभियंता की रिपोर्ट में दरें स्वीकृत दरों से काफी अधिक पाई गईं। इससे 2.62 लाख रुपये की अतिरिक्त अदायगी हुई। प्रवक्ता ने बताया कि मिलीभगत से घटिया सामग्री इस्तेमाल हुई जिससे राज्य के खजाने को वित्तीय नुकसान हुआ।
विज्ञापन