Haryana Cabinet Expansion: भाजपा ने बांगर और जजपा ने पश्चिमी हरियाणा को दी तवज्जो, वैश्य समुदाय की दूर होगी नाराजगी
दो साल बाद हरियाणा में कैबिनेट विस्तार होगा। भाजपा व जजपा कोटे से एक-एक मंत्री शपथ लेंगे। भाजपा आलाकमान की हरी झंडी के बाद मंत्रिमंडल विस्तार तय हुआ।
विस्तार
गठबंधन सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार में भाजपा ने बांगर बेल्ट और जजपा ने पश्चिमी हरियाणा को तवज्जो दी है। भाजपा आलाकमान की हरी झंडी के बाद आखिरकार मंत्रिमंडल विस्तार तय हुआ। दोनों दलों के नेताओं को नए मंत्री बनाने के लिए दिल्ली दरबार में खूब दौड़ लगानी पड़ी। भाजपा और जजपा से एक-एक कैबिनेट मंत्री बनना है।
अभी मुख्यमंत्री सहित कुल 12 मंत्री हैं। मनोहर लाल व दुष्यंत के अलावा अनिल विज, कंवर पाल, मूलचंद शर्मा, रणजीत सिंह, जेपी दलाल व बनवारी लाल कैबिनेट मंत्री हैं, जबकि ओपी यादव, कमलेश ढांडा, संदीप सिंह व अनूप धानक राज्य मंत्री हैं। मंत्रिमंडल विस्तार का खाका खींचने में भाजपा-जजपा नेतृत्व लंबे समय से लगा हुआ था। सीएम मनोहर लाल के अलावा डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला की पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से अनेक बार बैठकें हुईं। इस पर मुहर विधानसभा के शीतकालीन सत्र से पहले लगी।
गठबंधन सरकार मंत्रिमंडल में फेरबदल कर किसी को नाराज नहीं करना चाहती, इसलिए 3-4 मंत्रियों को अपनी परफार्मेंस सुधारने का मौका दिया गया है। भविष्य में इनके रिपोर्ट कार्ड में सुधार न होने पर गाज गिर सकती है। बीते दिनों सीएम मनोहर लाल अपने मंत्रियों का रिपोर्ट कार्ड आलाकमान तक पहुंचा चुके हैं।
वैश्य समुदाय की दूर होगी नाराजगी
प्रदेश की राजनीति में वैश्य समुदाय का खासा दखल है। प्रदेश सरकार में इस समुदाय से कोई मंत्री नहीं था। ज्ञान चंद गुप्ता स्पीकर के पद पर काबिज हैं लेकिन समुदाय में मंत्री पद न देने को लेकर नाराजगी थी। वैश्य समुदाय के अलग-अलग संगठन इसे लेकर सरकार पर लंबे समय से दबाव बनाए हुए थे।
सरकार महाराज अग्रसेन के नाम पर हिसार एयरपोर्ट का नामकरण करने का प्रस्ताव पहले ही पारित कर चुकी है। अब कमल गुप्ता के मंत्री बनने से समुदाय में नए रक्त का संचार होगा। पूर्व भाजपा सरकार में कविता जैन इस समुदाय से कैबिनेट मंत्री थीं, जबकि उनके पति राजीव जैन मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार रहे।
बांगर बेल्ट का राजनीति में खासा महत्व
बांगर बेल्ट के हिसार, रोहतक, भिवानी-महेंद्रगढ़ और सिरसा क्षेत्र को प्रदेश की सियासी नब्ज के तौर पर देखा, समझा जाता है। भाजपा इस बेल्ट में कमल गुप्ता के सहारे अगले विधानसभा चुनाव मे कमल खिलाने की फिराक में है। फतेहाबाद हरियाणा के पश्चिमी भाग में है, जबकि इसके पूर्व में जींद, दक्षिण में हिसार जिला व राजस्थान राज्य है। 15 जुलाई 1997 को फतेहाबाद अस्तित्व में आया। टोहाना विस क्षेत्र इसी में आता है। फतेहाबाद के फतेहाबाद, टोहाना और रतिया तीन उपमंडल व तहसील हैं।