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हालात : पुलिस चालान काटती है हिमाचल के वाहनों का, नुकसान झेलते हैं पिंजौर के दुकानदार, पिंजौर के बाजार हिमाचल के ग्राहकों पर है निर्भर

Sat, 28 Aug 2021 02:08 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Sat, 28 Aug 2021 02:08 AM IST
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Situation: Police challans Himachal vehicles, Pinjore shopkeepers suffer losses, Pinjore market is dependent on Himachal customers
पिंजौर। बिटना रोड टी प्वाइंट से पिंजौर कालका रोड पर स्थित रेलवे फाटक तक बाजार में अन्य जरूरी सामान की दुकानों के अलावा अधिकतर दुकानें हार्डवेयर, फर्नीचर, मारबल, टाइल आदि की हैं। ये दुकानें मुख्य तौर पर हिमाचल से आने वाले ग्राहकों पर निर्भर करती हैं। दुकानदारों की व्यथा यह है कि हिमाचल से आने वाले कामर्शियल वाहनों पर पुलिस प्रशासन की सख्ती के चलते अधिकतर ग्राहक अब पिंजौर बाजार में आने से कतराने लगे हैं।
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इसके अलावा पिंजौर कालका रोड पर निर्माणाधीन आरयूबी के निर्माण कार्य के अधर में लटके होने की वजह से भी उनकी दुकानदारी प्रभावित हो रही है। दुकानदारों की जिला प्रशासन से मांग है कि हिमाचल से आने वाले वाहनों पर नरमी दिखाकर बाजार में दुकानदारों और ग्राहकों के लिए सुविधाएं मुहैया करवाएं।
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पिंजौर कालका रोड पर निर्माणाधीन आरयूबी का काम फिलहाल रुका है। रुके काम को शुरू कर इसको जल्द से जल्द पूूरा करना चाहिए। इस कारण निर्माणाधीन आरयूबी के समीप की दुकानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अलावा पिंजौर कालका रोड जर्जर हो चुका है। इसकी जल्द रिपेयर करनी चाहिए। इससे ग्राहकों की संख्या में इजाफा होगा। - विनीत दुकानदार।
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उनकी मार्केट अधिकतर हिमाचल से आने वाले ग्राहकों पर टिकी है। ट्रैफिक पुलिस द्वारा चालान किए जाने के डर से हिमाचल से आने वाले अधिकतर कामर्शियल वाहन पिंजौर की मार्केट में आने से कतरा रहे हैं। इस कारण हिमाचल से आने वाले वाहनों पर पुलिस प्रशासन को नरमी दिखानी चाहिए। इसके अलावा आरयूबी का निर्माण कार्य जल्द पूरा करना चाहिए। इसके साथ-साथ प्रशासन को बाजार में उचित लाइट की व्यवस्था, शौचालय आदि मुहैया करवाना चाहिए। अभिनंदन गर्ग, दुकानदार
उनकी मार्केट में अधिकतर दुकानें हार्डवेयर, फर्नीचर, मारबल और टाइल की है। यह हिमाचल के ग्राहक पर निर्भर करती हैं। बीते कुछ वर्षों से हिमाचल का ग्राहक पिंजौर की मार्केट में आने से बच रहा है। कारण कुछ भी हो। चाहे ट्रैफिक पुलिस की सख्ती हो या अन्य कुछ कारण। इसी का नतीजा है कि हिमाचल में अब इन सामानों की दुकानें और बाजार विकसित होना शुरू हो गया है। ग्राहक पिंजौर आने की जगह अब हिमाचल में ही मंहगा सामान खरीदने का तैयार है। अगर ऐसे ही पिंजौर में ग्राहक कम होता गया तो दुकानदारों को अपना खर्चा निकालना भी मुश्किल हो जाएगा। कोविड महामारी के चलते वे पहले ही मंदी में हैं। उनकी दुकानदारी के लिए सरकार कोई सुविधा नहीं दे रही। अगर वे किसी तरह अपनी दुकानदारी कर रहें हैं तो पुलिस को हिमाचल से आने वाले ग्राहकों के साथ नरमी बरतनी चाहिए। - रिंकू कंसल दुकानदार

क्षेत्र में सेक्शन-7ए लागू होने से जमीन की खरीद फरोख्त और घर आदि के निर्माण के कामों में कमी आई है। नए घर नहीं बनेंगे तो उनके निर्माण में प्रयोग होने वाले सामान का दुकानदारों पर सीधे तौर पर प्रभाव पड़ेगा। सरकार क्षेत्र से 7ए को खत्म करे ताकि जमीन की खरीद फरोख्त बढ़े और निर्माण कार्य शुरू हो। इससे दुुकानदारों की दुकानदारी में इजाफा हो। इसके अलावा हिमाचल से आने वाले कामर्शियल वाहनों पर ट्रैफिक पुलिस नरमी बरते। जेएस पुरी दुकानदार
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