फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   तार डालने के लिए कंपनी ने खोदा फुटपाथ

तार डालने के लिए कंपनी ने खोदा फुटपाथ

Sat, 22 Dec 2018 01:41 AM IST
Panchkula bureau Panchkula bureau
Updated Sat, 22 Dec 2018 01:41 AM IST
विज्ञापन
तार डालने के लिए कंपनी ने खोदा फुटपाथ
फोटो समाचार
विज्ञापन


तार डालने को खोदा फुटपाथ, गिरकर बुजुर्ग महिला का टूटा कूल्हा
सेक्टर-47 में खोदे फुटपाथ की बाद में मरम्मत नहीं हुई
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। टेलीकॉम कंपनियां अपनी तारें डालने और गैस की कंपनियां अपनी पाइप लाइन डालने के लिए सड़कों को खोद डालती हैं और बाद में उसे लापरवाही से भर देती हैं। इससे अकसर हादसे का खतरा बना रहता है।
सेक्टर-47 में एक ऐसी ही दुर्घटना देखने को मिली है। एक प्राइवेट टेलीकॉम कंपनी ने तार डालने के लिए फुटपाथ को खोद डाला। काम खत्म होने के बाद उसे लापरवाही से भरकर निकलते बने। मकान नंबर 3899 में रहने वाली 80 वर्षीय विदवंत कौर वहां से निकलीं और वहां फंसकर गिर पड़ीं। इससे उनका कूल्हा टूट गया और उनका चलना-फिरना बंद हो गया है। सेक्टरवासियों ने बताया कि यह स्थिति पिछले छह महीने से है। हर दूसरे दिन कोई न यहां कोई फंसकर गिरता है। सेक्टर निवासियों का आरोप है कि जब इस बारे में टेलीकॉम कंपनी से कहा कि इसकी ठीक से मरम्मत कराएं तो वे बोले कि नगर निगम को मरम्मत के लिए पैसा दिया है।
विज्ञापन


कोट्स
मैं बिस्तर में पड़ी हूं। खड़े होने के लिए मुझे किसी का सहारा लेना पड़ता है। मेरे कूल्हे में प्लेट डली हुई है। रात को मैं सैर के लिए बाहर गई थी। अंधेरा होने की वजह से मुझे गड्ढा दिखाई नहीं दिया। उसमें गिरकर मुझे काफी चोट आई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

- विदवंत कौर, सीनियर सिटीजन सेक्टर-47

कोट
जबसे यहां गैस पाइप लाइन डालकर गए हैं तब से कोई न कोई ठोकर खाकर गिर जाता है। दिन में फिर भी गड्ढे दिखाई पड़ जाते हैं, लेकिन रात में तो दिखाई ही नहीं देते। बच्चे कई बार साइकिल से इन्हीं गड्ढों की वजह से गिर जाते हैं। यहां कुत्ते इतने ज्यादा हैं कि रात को वॉक के लिए निकलते हुए डर लगता है। स्मार्ट सिटी के नाम पर लोगों को पागल बनाया जा रहा है।
- वर्षा, सेक्टर निवासी

कोट
पूरे सेक्टर के फुटपाथों की यही हालत है। जब से मेरी मां विदवंत कौर के साथ यह हादसा हुआ है, तब से टहलने जाने के लिए सोचना पड़ता है। गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल के सामने भी ऐसे ही हालात हैं। बच्चे कई बार स्कूल से निकलते हैं तो भीड़ में कई बार गड्ढों की वजह से गिर जाते हैं। अपने घर के सामने अपने खर्चे से हमने फुटपाथ की मरम्मत कराई, लेकिन बाद में फिर नीचे बैठ गई।
- हरिंदर सिंह, सेक्टर निवासी

कोट
यहां स्कूल के आगे स्पीड ब्रेकर लगे हुए हैं वे रात को दिखाई नहीं देते। इस कारण कई बार यहां हादसे हुए हैं। स्ट्रीट लाइट न होने के कारण कभी स्पीड ब्रेकर की वजह से हादसे होते हैं और कभी फुटपाथ पर कोई न कोई गिर जाता है। कुत्तों से दिल में एक डर बन गया है। हमने भी रात को वॉक पर जाना बंद कर दिया है।

- सुषमा, सेक्टर निवासी

-----------------
कोट
अगर ऐसा हुआ है तो यह घटना काफी दुखद है। ऐसा नहीं होना चाहिए था। कल ही हम इसकी जांच कराएंगे। जिसकी वजह से यह हादसा हुआ है, उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- देवेश मोदगिल, मेयर

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed