{"_id":"61c8cd4898646918c077b3f1","slug":"4-lakh-19-thousand-cheated-by-military-employee-on-the-pretext-of-selling-camera-pkl-office-news-pkl437355115","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैमरा बेचने का झांसा देकर सैन्य कर्मचारी से ठगे 4 लाख 19 हजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैमरा बेचने का झांसा देकर सैन्य कर्मचारी से ठगे 4 लाख 19 हजार
विज्ञापन
पिंजौर। कैमरा बेचने का झांसा देकर एक शातिर ने सैन्य कर्मचारी से 4 लाख 19 हजार 445 रुपये ठग लिये। इस मामले की सैन्य कर्मचारी ने पुलिस थाने में शिकायत दी है, जिस पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
डीएलएफ वैली स्थित अमरावती एनक्लेव निवासी सैन्य कर्मचारी नंद कुमार ने बताया कि आरोपी मोहम्मद हकीम ने 11 नवंबर को व्हाट्सएप पर मैसेज भेजा और खुद को अमेरिकी कंपनी का सेल्समैन बताया। उसने कहा कि जिस कैमरे को खरीदने के लिए इंडिया मार्ट पर सर्च किया था वह ऑर्डर करने के तीन दिन में उसके पते पर भेज देगा। शिकायतकर्ता ने बताया कि उसने आरोपी से अन्य ऑर्डर के बारे में पूछताछ करने के बाद एक वायरलेस माइक लेने के लिए मैसेज किया, जिसकी कीमत 20 हजार रुपये थी। मोहम्मद हकीम ने अन्य आरोपी आदर्श धवन को कंपनी का सीनियर मैनेजर बताया। आरोपी आदर्श धवन ने उसे विश्वास दिलाया कि वह बिना किसी चिंता के ऑर्डर कर सकते हैं।
उन्होंने वायरलेस माइक का ऑर्डर किया। आरोपियों ने 20 हजार रुपये खाते में ट्रांसफर करने के लिए कहा। उन्होंने आरोपियों द्वारा बताए खाते में रुपया ट्रांसफर कर दिया। इसके बाद आरोपियों ने कहा कि कंपनी ने गलती से कनाडा के ग्राहक का ऑर्डर उनके पास भेज दिया है, जिसमें पांच वायरलेस माइक, दो कैमरा जिसकी कीमत छह लाख 90 हजार रुपये है। अब वह इसे वापस नहीं कर सकते हैं। वह ऑर्डर प्राप्त कर लें, जिसके लिए उन्हें अलग से कोई कीमत नहीं देनी होगी। यदि ऑर्डर रिसीव नहीं किया तो कस्टम वाले इसे चोरी का सामान समझकर सीज कर देंगे और कंपनी की बदनामी होगी।
विज्ञापन
शिकायतकर्ता ने बताया कि इसके बाद 17 नवंबर को उनके पास मैसेज भेजकर पार्सल का कोविड टेस्ट करने के लिये 35500 रुपये और हैंडलिंग चार्ज 50 हजार रुपये मांगे, जिसे भी ट्रांसफर कर दिये। इसके बाद आरोपी अलग अलग तरीके से कुल 419445 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिये। शिकायत पर पुलिस ने आरोपी मोहम्मद हकीम, आदर्श धवन, बोम्बा श्रीनिवास, कुलदीप शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
डीएलएफ वैली स्थित अमरावती एनक्लेव निवासी सैन्य कर्मचारी नंद कुमार ने बताया कि आरोपी मोहम्मद हकीम ने 11 नवंबर को व्हाट्सएप पर मैसेज भेजा और खुद को अमेरिकी कंपनी का सेल्समैन बताया। उसने कहा कि जिस कैमरे को खरीदने के लिए इंडिया मार्ट पर सर्च किया था वह ऑर्डर करने के तीन दिन में उसके पते पर भेज देगा। शिकायतकर्ता ने बताया कि उसने आरोपी से अन्य ऑर्डर के बारे में पूछताछ करने के बाद एक वायरलेस माइक लेने के लिए मैसेज किया, जिसकी कीमत 20 हजार रुपये थी। मोहम्मद हकीम ने अन्य आरोपी आदर्श धवन को कंपनी का सीनियर मैनेजर बताया। आरोपी आदर्श धवन ने उसे विश्वास दिलाया कि वह बिना किसी चिंता के ऑर्डर कर सकते हैं।
विज्ञापन
उन्होंने वायरलेस माइक का ऑर्डर किया। आरोपियों ने 20 हजार रुपये खाते में ट्रांसफर करने के लिए कहा। उन्होंने आरोपियों द्वारा बताए खाते में रुपया ट्रांसफर कर दिया। इसके बाद आरोपियों ने कहा कि कंपनी ने गलती से कनाडा के ग्राहक का ऑर्डर उनके पास भेज दिया है, जिसमें पांच वायरलेस माइक, दो कैमरा जिसकी कीमत छह लाख 90 हजार रुपये है। अब वह इसे वापस नहीं कर सकते हैं। वह ऑर्डर प्राप्त कर लें, जिसके लिए उन्हें अलग से कोई कीमत नहीं देनी होगी। यदि ऑर्डर रिसीव नहीं किया तो कस्टम वाले इसे चोरी का सामान समझकर सीज कर देंगे और कंपनी की बदनामी होगी।
विज्ञापन
शिकायतकर्ता ने बताया कि इसके बाद 17 नवंबर को उनके पास मैसेज भेजकर पार्सल का कोविड टेस्ट करने के लिये 35500 रुपये और हैंडलिंग चार्ज 50 हजार रुपये मांगे, जिसे भी ट्रांसफर कर दिये। इसके बाद आरोपी अलग अलग तरीके से कुल 419445 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिये। शिकायत पर पुलिस ने आरोपी मोहम्मद हकीम, आदर्श धवन, बोम्बा श्रीनिवास, कुलदीप शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।