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सीजेरियन पर ढीली नहीं होगी जेब
Updated Fri, 16 Jun 2017 01:48 AM IST
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सीजेरियन पर ढीली नहीं होगी जेब
- महेंद्रगढ़ और गुरुग्राम अस्पतालों में सीजेरियन सेक्शन सेवाएं शुरू
- बढ़ी हुई दरों पर कॉल आधार पर निजी विशेषज्ञ डॉक्टरों की ली जाएगी मदद
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़।
हरियाणा सरकार गर्भवती महिलाओं को बड़ी राहत दी है। निजी स्वास्थ्य केंद्रों में अनावश्यक रेफरल रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अहम निर्णय लेते हुए कई वर्षों के बाद उप-मंडल अस्पताल महेंद्रगढ़ और सिविल अस्पताल सेक्टर-10 गुरुग्राम में सीजेरियन सेक्शन (सी-सेक्शन) सेवाएं शुरू कर दी हैं।
विभाग बढ़ी हुई दरों पर कॉल आधार पर निजी विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं लेगा। चार साल बाद उप-मंडल अस्पताल महेंद्रगढ़ में सी-सेक्शन सेवाएं दोबारा शुरू की गई हैं। अस्पताल में चिकित्सा अधिकारियों, एनेस्थेटिस्ट और बाल रोग विशेषज्ञ सहित नियमित डॉक्टर भी तैनात कर दिए गए हैं। सिविल अस्पताल गुरुग्राम में सी-सेक्शन सेवाएं और गर्भवती महिलाओं के लिए मुफ्त अल्ट्रासाउंड सुविधाएं शुरू की गई है।
स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बताया कि हरियाणा सरकार सरकारी अस्पतालों में निशुल्क प्रसूति-पूर्व और सी-सेक्शन सेवाएं प्रदान कर रही है। सी-सेक्शन की जरूरत वाली महिलाओं को इसके लिए निजी अस्पतालों में नहीं जाना पड़ेगा। इससे उनके 20,000 से 25,000 रुपये बचेंगे। अब फर्रुखनगर, पटौदी, हैली मंडी और मानेसर क्षेत्रों की महिलाएं भी सरकारी अस्पताल में इन सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगी। इससे राज्य में मातृ मृत्यु दर (एमएमआर) और शिशु मृत्यु दर (आईएमआर) को कम करने में मदद मिलेगी। स्वास्थ्य विभाग राज्य में प्रथम रेफरल यूनिट (एफआरयू) को संचालित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
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32 एफआरयू में सी-सेक्शन सेवाएं
प्रदेश में 40 प्रथम रेफरल यूनिट्स नामित की गई हैं, जिनमें से 32 एफआरयू वर्तमान में सी-सेक्शन सेवाएं मुहैया करा रही हैं। उन्होंने कहा कि महेंद्रगढ़ आर्थिक और भौगोलिक दृष्टि से पिछड़ा क्षेत्र है, यहां स्त्री रोग विशेषज्ञ, एनेस्थेटिस्ट और बाल रोग विशेषज्ञ जैसे तीनों विशेषज्ञों की सीमित उपलब्धता है। यहां प्रथम रेफरल यूनिट का परिचालन चुनौतीपूर्ण कार्य था। बीते चार वर्षों से ये निष्क्रिय थी।
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- महेंद्रगढ़ और गुरुग्राम अस्पतालों में सीजेरियन सेक्शन सेवाएं शुरू
- बढ़ी हुई दरों पर कॉल आधार पर निजी विशेषज्ञ डॉक्टरों की ली जाएगी मदद
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़।
हरियाणा सरकार गर्भवती महिलाओं को बड़ी राहत दी है। निजी स्वास्थ्य केंद्रों में अनावश्यक रेफरल रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अहम निर्णय लेते हुए कई वर्षों के बाद उप-मंडल अस्पताल महेंद्रगढ़ और सिविल अस्पताल सेक्टर-10 गुरुग्राम में सीजेरियन सेक्शन (सी-सेक्शन) सेवाएं शुरू कर दी हैं।
विभाग बढ़ी हुई दरों पर कॉल आधार पर निजी विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं लेगा। चार साल बाद उप-मंडल अस्पताल महेंद्रगढ़ में सी-सेक्शन सेवाएं दोबारा शुरू की गई हैं। अस्पताल में चिकित्सा अधिकारियों, एनेस्थेटिस्ट और बाल रोग विशेषज्ञ सहित नियमित डॉक्टर भी तैनात कर दिए गए हैं। सिविल अस्पताल गुरुग्राम में सी-सेक्शन सेवाएं और गर्भवती महिलाओं के लिए मुफ्त अल्ट्रासाउंड सुविधाएं शुरू की गई है।
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स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बताया कि हरियाणा सरकार सरकारी अस्पतालों में निशुल्क प्रसूति-पूर्व और सी-सेक्शन सेवाएं प्रदान कर रही है। सी-सेक्शन की जरूरत वाली महिलाओं को इसके लिए निजी अस्पतालों में नहीं जाना पड़ेगा। इससे उनके 20,000 से 25,000 रुपये बचेंगे। अब फर्रुखनगर, पटौदी, हैली मंडी और मानेसर क्षेत्रों की महिलाएं भी सरकारी अस्पताल में इन सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगी। इससे राज्य में मातृ मृत्यु दर (एमएमआर) और शिशु मृत्यु दर (आईएमआर) को कम करने में मदद मिलेगी। स्वास्थ्य विभाग राज्य में प्रथम रेफरल यूनिट (एफआरयू) को संचालित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
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32 एफआरयू में सी-सेक्शन सेवाएं
प्रदेश में 40 प्रथम रेफरल यूनिट्स नामित की गई हैं, जिनमें से 32 एफआरयू वर्तमान में सी-सेक्शन सेवाएं मुहैया करा रही हैं। उन्होंने कहा कि महेंद्रगढ़ आर्थिक और भौगोलिक दृष्टि से पिछड़ा क्षेत्र है, यहां स्त्री रोग विशेषज्ञ, एनेस्थेटिस्ट और बाल रोग विशेषज्ञ जैसे तीनों विशेषज्ञों की सीमित उपलब्धता है। यहां प्रथम रेफरल यूनिट का परिचालन चुनौतीपूर्ण कार्य था। बीते चार वर्षों से ये निष्क्रिय थी।