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कॉलेजों में अनिवार्य हों खेल
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चंडीगढ़। युवाओं को नशे से दूर रखना है तो उन्हें शारीरिक अभ्यास में लगाना होगा। इसके लिए स्कूल व कॉलेजों में पहल होनी चाहिए। यहां खेलों को अनिवार्य किया जाना चाहिए। यह बात बुधवार को पीयू में जोशी फाउंडेशन व स्पोर्ट्स एसोसिएशन की ओर से कराई गई राउंड टेबल कांफ्रेंस में विशेषज्ञों ने कही। इस कार्यक्रम में चंडीगढ़ की 28 स्पोर्ट्स एसोसिएशन, यूटी खेल विभाग, पंजाब यूनिवर्सिटी व यूटी शिक्षा विभाग के निदेशक एक मंच पर आए।
अंतरराष्ट्रीय एंटी ड्रग्स दिवस व गैर कानूनी ट्रैफिकिंग के मार्गदर्शक में पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय सांपला, पूर्व मुख्य सचिव पंजाब सरवेश कौशल, एसपी (ऑपरेशन) चंडीगढ़ निहारिका भट्ट, डायरेक्टर खेल विभाग डॉ. परमिंदर सिंह, पंजाब चंडीगढ़ डायरेक्टर खेल, यूटी स्पोर्ट्स विभाग चंडीगढ़ से डॉ. मोहिंद्र, चेयरमैन जोशी फाउंडेशन विनीत जोशी व अध्यक्ष सौरभ जोशी ने विचार रखे। इंटरनेशनल स्केटर आर्यनपाल सिंह, इंटरनेशनल शतरंज खिलाड़ी तरनी गोयल, इंटरनेशनल बॉडी बिल्डर हरदीप, इंटरनेशनल बैडमिंटन खिलाड़ी आस्कर बांसल भी शामिल हुए। इन सभी ने एक सुर में कहा कि शनिवार को साप्ताहिक खेल दिवस के तौर पर मनाया जाना चाहिए। संस्थानों में ओपन जिम होने चाहिए, रोजाना सुबह की प्रार्थना में योगा को अनिवार्य करना चाहिए। मासिक खेलों के मुकाबले, अनिवार्य फिटनेस टेस्ट व वार्षिक खेलों सहित स्कूल व कम्युनिटी सेंटर शाम के समय क्षेत्रीय खेलों के लिए खोले जाने चाहिए।
पूर्व मंत्री विजय सांपला ने खिलाड़ियों को खेलों की तरफ आकर्षित करने के लिए उचित कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि अभिभावकों को यह यकीनी बनाना चाहिए कि उनके बच्चे स्कूल में खेलों का सही चुनाव करके अपना जीवन सवारें। डीजीपी चंडीगढ़ पुलिस संजय बेनीवाल की तरफ से पहुंची आईपीएस निहारिका भट्ट ने कहा कि समाज को सकारात्मक रूप देने में नौजवानों की उपस्थिति काफी महत्वपूर्ण होती है, इसलिए खेल नौजवानों को नशों से दूर रखने का सबसे अच्छा तरीका साबित होंगे।
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अंतरराष्ट्रीय एंटी ड्रग्स दिवस व गैर कानूनी ट्रैफिकिंग के मार्गदर्शक में पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय सांपला, पूर्व मुख्य सचिव पंजाब सरवेश कौशल, एसपी (ऑपरेशन) चंडीगढ़ निहारिका भट्ट, डायरेक्टर खेल विभाग डॉ. परमिंदर सिंह, पंजाब चंडीगढ़ डायरेक्टर खेल, यूटी स्पोर्ट्स विभाग चंडीगढ़ से डॉ. मोहिंद्र, चेयरमैन जोशी फाउंडेशन विनीत जोशी व अध्यक्ष सौरभ जोशी ने विचार रखे। इंटरनेशनल स्केटर आर्यनपाल सिंह, इंटरनेशनल शतरंज खिलाड़ी तरनी गोयल, इंटरनेशनल बॉडी बिल्डर हरदीप, इंटरनेशनल बैडमिंटन खिलाड़ी आस्कर बांसल भी शामिल हुए। इन सभी ने एक सुर में कहा कि शनिवार को साप्ताहिक खेल दिवस के तौर पर मनाया जाना चाहिए। संस्थानों में ओपन जिम होने चाहिए, रोजाना सुबह की प्रार्थना में योगा को अनिवार्य करना चाहिए। मासिक खेलों के मुकाबले, अनिवार्य फिटनेस टेस्ट व वार्षिक खेलों सहित स्कूल व कम्युनिटी सेंटर शाम के समय क्षेत्रीय खेलों के लिए खोले जाने चाहिए।
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पूर्व मंत्री विजय सांपला ने खिलाड़ियों को खेलों की तरफ आकर्षित करने के लिए उचित कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि अभिभावकों को यह यकीनी बनाना चाहिए कि उनके बच्चे स्कूल में खेलों का सही चुनाव करके अपना जीवन सवारें। डीजीपी चंडीगढ़ पुलिस संजय बेनीवाल की तरफ से पहुंची आईपीएस निहारिका भट्ट ने कहा कि समाज को सकारात्मक रूप देने में नौजवानों की उपस्थिति काफी महत्वपूर्ण होती है, इसलिए खेल नौजवानों को नशों से दूर रखने का सबसे अच्छा तरीका साबित होंगे।
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