{"_id":"5d04023e8ebc3e6b5c2d3986","slug":"15605437951126-panchkula-news29","type":"story","status":"publish","title_hn":"सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक छेड़छाड़ मामला: एसएमओ को पंचकूला से बाहर ट्रांसफर किया जाए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक छेड़छाड़ मामला: एसएमओ को पंचकूला से बाहर ट्रांसफर किया जाए
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंचकूला। सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक में लेडी स्टाफ से छेड़छाड़ मामले में हरियाणा राज्य महिला आयोग ने स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज और हरियाणा एडीशनल चीफ सेक्रेटरी को लेटर लिखा है। हरियाणा राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन प्रतिभा सुमन ने लेटर लिखकर मांग की है कि पाली क्लीनिक में छेड़छाड़ करने वाले आरोपी एसएमओ डॉ. सुखराज सिंह को पंचकूला से बाहर ट्रांसफर किया जाए। वह कई बार महिला कर्मियों को धमका चुका है। आरोपी डॉक्टर इससे मामले की जांच प्रभावित करने की कोशिश कर चुका है। इसे लेकर उन्होंने कहा कि अब महिला आयोग की ओर से मामले की जांच की जाएगी। सभी कर्मियों के बयान दर्ज किए जाएंगे। हरियाणा राज्य महिला आयोग की टीम जाकर मामले की जांच करेगी। इसके लिए जल्द ही कार्रवाई शुरू की जाएगी। इस मामले को लेकर महिला आयोग में लेडी स्टाफ ने फिर से गुहार लगाई थी। इसके बाद हरियाणा राज्य महिला आयोग ने मामले की रिपोर्ट डीजी हेल्थ सहित सभी विभागों से मांगी है।
डीजी हेल्थ विभाग के सामने सात महिलाओं ने दर्ज कराए बयान
शुक्रवार को सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक में सात लेडी स्टाफ ने अपने बयान दर्ज करवाए हैं। इसमें महिलाओं ने डॉक्टर की ओर से अभद्र व्यवहार की बात कही है। वहीं, पीड़ित महिलाओं के भी बयान दर्ज किए गए हैं। अभी मामले की जांच डीजी हेल्थ की ओर से गठित कमेटी हर पहलु पर कर रही है।
पीड़ित लेडी स्टाफ ने कहा सभी जगह लगाई गुहार, नहीं मिला न्याय
पीड़ित लेडी स्टाफ ने कहा कि सभी जगह उसने गुहार लगाई है। इसके बाद उसे अभी तक न्याय नहीं मिला है। वह डीसीपी, डीसी, स्वास्थ्य मंत्री, डीजी हेल्थ, सीएमओ से मिल चुकी है। लिखित में उसने शिकायत दी है। पीएमओ को भी लेटर भेजा है। इसके बाद भी अभी तक डॉक्टर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उसका ट्रांसफर भी शहर के बाहर नहीं हुआ है। वह लगातार पॉली क्लीनिक में काम करने वाले लेडीज स्टाफ को धमका रहा है।
विज्ञापन
यह कहना है एसएमओ का
पॉली क्लीनिक के एसएमओ रहे आरोपी डॉ. सुखराज सिंह ने बताया कि मेरे ऊपर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। मैने किसी को धमकी नहीं दी है। जांच के बाद स्थिति साफ होगी।
पॉली क्लीनिक में तैनात महिला स्टाफ से छेड़छाड़ मामले की जांच चल रही है। गठित कमेटी सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- योगेश शर्मा, सीएमओ, जनरल अस्पताल, सेक्टर-6
हरियाणा महिला आयोग ने एसएमओ को पंचकूला जिले से बाहर ट्रांसफर करने का लेटर लिखा है। अब महिला आयोग खुद मामले की जांच करेगा। सभी के बयान लेने के बाद कार्रवाई के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग को लिखेगा।
- प्रतिभा सुमन, चेयरपर्सन, हरियाणा राज्य महिला आयोग।
विज्ञापन
डीजी हेल्थ विभाग के सामने सात महिलाओं ने दर्ज कराए बयान
शुक्रवार को सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक में सात लेडी स्टाफ ने अपने बयान दर्ज करवाए हैं। इसमें महिलाओं ने डॉक्टर की ओर से अभद्र व्यवहार की बात कही है। वहीं, पीड़ित महिलाओं के भी बयान दर्ज किए गए हैं। अभी मामले की जांच डीजी हेल्थ की ओर से गठित कमेटी हर पहलु पर कर रही है।
विज्ञापन
पीड़ित लेडी स्टाफ ने कहा सभी जगह लगाई गुहार, नहीं मिला न्याय
पीड़ित लेडी स्टाफ ने कहा कि सभी जगह उसने गुहार लगाई है। इसके बाद उसे अभी तक न्याय नहीं मिला है। वह डीसीपी, डीसी, स्वास्थ्य मंत्री, डीजी हेल्थ, सीएमओ से मिल चुकी है। लिखित में उसने शिकायत दी है। पीएमओ को भी लेटर भेजा है। इसके बाद भी अभी तक डॉक्टर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उसका ट्रांसफर भी शहर के बाहर नहीं हुआ है। वह लगातार पॉली क्लीनिक में काम करने वाले लेडीज स्टाफ को धमका रहा है।
विज्ञापन
यह कहना है एसएमओ का
पॉली क्लीनिक के एसएमओ रहे आरोपी डॉ. सुखराज सिंह ने बताया कि मेरे ऊपर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। मैने किसी को धमकी नहीं दी है। जांच के बाद स्थिति साफ होगी।
पॉली क्लीनिक में तैनात महिला स्टाफ से छेड़छाड़ मामले की जांच चल रही है। गठित कमेटी सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- योगेश शर्मा, सीएमओ, जनरल अस्पताल, सेक्टर-6
हरियाणा महिला आयोग ने एसएमओ को पंचकूला जिले से बाहर ट्रांसफर करने का लेटर लिखा है। अब महिला आयोग खुद मामले की जांच करेगा। सभी के बयान लेने के बाद कार्रवाई के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग को लिखेगा।
- प्रतिभा सुमन, चेयरपर्सन, हरियाणा राज्य महिला आयोग।