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मंत्री जी, गांव तो गोद ले लिया, अब समस्याएं भी दूर करा दो
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पलवल। मंत्री जी! हमारा गांव तो गोद ले लिया, अब गांव की समस्याओं को भी दूर करा दो। बड़ौली के ग्रामीणों ने केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर से गांव के विकास की गुहार लगाई है। ग्रामीणों का कहना है कि बैंसलात का सबसे बड़ा गांव होने तथा मंत्री के द्वारा गोद लेने के चार साल बाद भी गांव के लोग नरक में रह रहे हैं। जबकि गांव में से उन्हें 90 प्रतिशत वोट मिले थे। गांव के लोग अब समस्याओं को लेकर मुख्यमंत्री से मिलने का मन बना रहे हैं। साथ ही सड़क पर भी उतरने को मजबूर हैं।
2019 में स्थानीय सांसद व केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर द्वारा सांसद ग्राम योजना के तहत बडौली गांव को गोद लिया था। गांव को गोद लेने के बाद से मंत्री ने गांव में व्याप्त समस्याओं को मुड़कर भी नहीं देखा है। आज हालात ये हैं कि गांव में गलियों में जलभराव है। मंत्री द्वारा गोद लिए गए गांव में जलभराव की समस्या से निजात नहीं मिल रही है। गांव में पानी निकासी की उचित प्रबंध करना एक बड़ी समस्या बनी हुई है। गांव के जोहड़ ओवरफ्लो हैं, जिससे उनका पानी रास्तों में भरा रहता है। कई रास्तों पर पैदल निकलने तक का रास्ता नही हैं। बुजुर्गों व बच्चों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ता है। जिले में डेंगू का प्रकोप तेजी फैल रहा है, ऐसे में ग्रामीणों को बीमारियां फैलने का डर सता रहा है, क्योंकि जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप काफी ज्यादा बढ़ गया है।
गांव बड़ौली में पानी निकासी की पिछले लंबे समय से बड़ी समस्या बनी हुई है। गांव को जोहड़ों की लंबे समय से सफाई नहीं हुई, जिससे वे ओवरफ्लो हो गए है। कब्जा होने के कारण जोहड़ों का आकार भी कम होता जा रहा है। गांव के गंदे पानी को गांव के साथ से निकलने रहे नाले में डालने की योजना भी सिरे नहीं चढ़ पा रही है, क्योंकि नाले पर भी कई स्थानों पर मिट्टी डालकर अवरुद्ध कर दिया गया है। हर बार चुनावों में पानी निकासी को लेकर नाले से कब्जे हटवाने का मुद्दा उठता है, परंतु चुनाव होते ही राजनीतिक दल इस बात को भूल जाते हैं।
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केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने गांव तो गोद ले लिया, लेकिन आज तक गांव में विकास के नाम पर कुछ नहीं हो रहा। गांव की गलियों में जलभराव से लोगों का पैदल निकलना तक मुश्किल हो गया है।
- महेश, ग्रामीण
गांव में जलभराव ही नहीं अन्य भी काफी समस्याएं हैं। परंतु सबसे बड़ी समस्या जलभराव की है। इससे निजात पाने को ग्रामीण काफी सालों से अधिकारियों व नेताओं के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन समस्या दूर नहीं हो रही है।
- मुकेश ग्रामीण
इस समस्या को लेकर कई बार जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी से भी मिल चुके हैं। विधायक व मंत्री को भी कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन सिवाय आश्वासन के कुछ नहीं होता। जलभराव के कारण ग्रामीण नरक में रह रहे हैं।
- सतवीर, ग्रामीण
गांव बड़ौली में जलभराव की समस्या दूर कराने के लिए संबंधित ग्राम सचिव व बीडीपीओ को निर्देश दे दिए गए हैं। जैसा की बताया गया है कि जोहड़ ओवरफ्लो हो रही हैं तो उनकी भी सफाई कराई जाएग। गांव में जलभराव की समस्या जल्द दूर कराई जाएगी।
- शमशेर सिंह नेहरा, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी
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2019 में स्थानीय सांसद व केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर द्वारा सांसद ग्राम योजना के तहत बडौली गांव को गोद लिया था। गांव को गोद लेने के बाद से मंत्री ने गांव में व्याप्त समस्याओं को मुड़कर भी नहीं देखा है। आज हालात ये हैं कि गांव में गलियों में जलभराव है। मंत्री द्वारा गोद लिए गए गांव में जलभराव की समस्या से निजात नहीं मिल रही है। गांव में पानी निकासी की उचित प्रबंध करना एक बड़ी समस्या बनी हुई है। गांव के जोहड़ ओवरफ्लो हैं, जिससे उनका पानी रास्तों में भरा रहता है। कई रास्तों पर पैदल निकलने तक का रास्ता नही हैं। बुजुर्गों व बच्चों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ता है। जिले में डेंगू का प्रकोप तेजी फैल रहा है, ऐसे में ग्रामीणों को बीमारियां फैलने का डर सता रहा है, क्योंकि जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप काफी ज्यादा बढ़ गया है।
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गांव बड़ौली में पानी निकासी की पिछले लंबे समय से बड़ी समस्या बनी हुई है। गांव को जोहड़ों की लंबे समय से सफाई नहीं हुई, जिससे वे ओवरफ्लो हो गए है। कब्जा होने के कारण जोहड़ों का आकार भी कम होता जा रहा है। गांव के गंदे पानी को गांव के साथ से निकलने रहे नाले में डालने की योजना भी सिरे नहीं चढ़ पा रही है, क्योंकि नाले पर भी कई स्थानों पर मिट्टी डालकर अवरुद्ध कर दिया गया है। हर बार चुनावों में पानी निकासी को लेकर नाले से कब्जे हटवाने का मुद्दा उठता है, परंतु चुनाव होते ही राजनीतिक दल इस बात को भूल जाते हैं।
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केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने गांव तो गोद ले लिया, लेकिन आज तक गांव में विकास के नाम पर कुछ नहीं हो रहा। गांव की गलियों में जलभराव से लोगों का पैदल निकलना तक मुश्किल हो गया है।
- महेश, ग्रामीण
गांव में जलभराव ही नहीं अन्य भी काफी समस्याएं हैं। परंतु सबसे बड़ी समस्या जलभराव की है। इससे निजात पाने को ग्रामीण काफी सालों से अधिकारियों व नेताओं के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन समस्या दूर नहीं हो रही है।
- मुकेश ग्रामीण
इस समस्या को लेकर कई बार जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी से भी मिल चुके हैं। विधायक व मंत्री को भी कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन सिवाय आश्वासन के कुछ नहीं होता। जलभराव के कारण ग्रामीण नरक में रह रहे हैं।
- सतवीर, ग्रामीण
गांव बड़ौली में जलभराव की समस्या दूर कराने के लिए संबंधित ग्राम सचिव व बीडीपीओ को निर्देश दे दिए गए हैं। जैसा की बताया गया है कि जोहड़ ओवरफ्लो हो रही हैं तो उनकी भी सफाई कराई जाएग। गांव में जलभराव की समस्या जल्द दूर कराई जाएगी।
- शमशेर सिंह नेहरा, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी