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दिल्ली रवाना होते किसानों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
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पलवल। केंद्र सरकार द्वारा कृषि संबंधित तीन नए कानून लागू किए जाने के विरोध दिल्ली में आयोजित ‘घेरा डालो-डेरा डालो’ प्रदर्शन के लिए जा रहे किसानों को गदपुरी पुलिस ने थाने के पास गिरफ्तार कर लिया। बाद में उन्हें बस में बैठाकर पलवल बस अड्डे पर छोड़ दिया गया। हालांकि यहां से कुछ किसान चोरी-छिपे निकलकर दिल्ली के जंतर-मंतर तक पहुंचने में कामयाब हो गए।
अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले किसानों का एक जत्था सभा के जिला प्रधान धर्मचंद की अध्यक्षता में अलावलपुर चौक पर एकत्रित हुआ। यहां से एक बस में सवार होकर दिल्ली के लिए रवाना हुए। नेतृत्व धर्मचंद के अलावा किसान नेता रूपराम तेवतिया, ताराचंद, किशन चंद, रमेश चंद, दरियाब सिंह व डिगंबर तेवतिया कर रहे थे। किसानों की बस जैसे ही पलवल सीमा के गद्पुरी थाने के पास पहुंची, तो पुलिस ने बस रुकवा ली। उन्होंने सभी किसानों को गिरफ्तार कर लिया और सभी को बस में बैठाकर वापस छोड़ दिया। किसान नेताओं ने केन्द्र व राज्य सरकार को किसान विरोधी बताते हुए कहा की तीनों कृषि विरोधी कानून खेती व किसान को तबाह कर देंगे। किसानों की आवाज को अनसुना करते हुए सरकार बड़े ही निरंकुश तरीके से जनतांत्रिक अधिकारों को तहस-नहस कर रही है। किसान किसी कीमत पर अपने आंदोलन को वापस नहीं लेंगे व इन कानूनों के विरोध में आंदोलन करेंगे।
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अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले किसानों का एक जत्था सभा के जिला प्रधान धर्मचंद की अध्यक्षता में अलावलपुर चौक पर एकत्रित हुआ। यहां से एक बस में सवार होकर दिल्ली के लिए रवाना हुए। नेतृत्व धर्मचंद के अलावा किसान नेता रूपराम तेवतिया, ताराचंद, किशन चंद, रमेश चंद, दरियाब सिंह व डिगंबर तेवतिया कर रहे थे। किसानों की बस जैसे ही पलवल सीमा के गद्पुरी थाने के पास पहुंची, तो पुलिस ने बस रुकवा ली। उन्होंने सभी किसानों को गिरफ्तार कर लिया और सभी को बस में बैठाकर वापस छोड़ दिया। किसान नेताओं ने केन्द्र व राज्य सरकार को किसान विरोधी बताते हुए कहा की तीनों कृषि विरोधी कानून खेती व किसान को तबाह कर देंगे। किसानों की आवाज को अनसुना करते हुए सरकार बड़े ही निरंकुश तरीके से जनतांत्रिक अधिकारों को तहस-नहस कर रही है। किसान किसी कीमत पर अपने आंदोलन को वापस नहीं लेंगे व इन कानूनों के विरोध में आंदोलन करेंगे।
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