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Palwal News: बिना पंजीकरण के संचालित हो रहे फिजियोथेरेपी सेंटर
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शहर में करीब 20 पंजीकृत फिजियोथेरेपिस्ट, 5 से 10 जगहों पर नियमों को ताक पर रखकर कर रहे इलाज
मोहम्मद अम्मार
पलवल।
शहर में फिजियोथेरेपी के नाम पर बिना पंजीकरण के मरीजों का उपचार किया जा रहा है। जिला नागरिक अस्पताल से कुछ ही दूरी पर ऐसे फिजियोथेरेपी सेंटर संचालित हो रहे हैं, जहां पंजीकरण और योग्य विशेषज्ञ की उपलब्धता को लेकर सवाल उठ रहे हैं। पलवल फिजियोथेरेपी एसोसिएशन के अनुसार शहर में करीब 20 पंजीकृत फिजियोथेरेपिस्ट हैं, जबकि 5 से 10 स्थानों पर बिना पंजीकरण के फिजियोथेरेपी किए जाने का दावा किया जा रहा है।
पलवल फिजियोथेरेपी एसोसिएशन के जिला प्रधान डॉ. जितेंद्र सिंह ने बताया कि फिजियोथेरेपी कराने से पहले मरीज को संबंधित फिजियोथेरेपिस्ट का पंजीकरण नंबर जरूर पूछना चाहिए। उन्होंने कहा कि मरीज केवल पंजीकृत और योग्य फिजियोथेरेपिस्ट से ही उपचार कराएं। उन्होंने कहा कि गलत तरीके या जरूरत से ज्यादा जोर लगाकर एक्सरसाइज कराने से घुटने और अन्य जोड़ प्रभावित हो सकते हैं।
एसोसिएशन के पदाधिकारियों के अनुसार बीते दिनों हसनपुर क्षेत्र में एक मरीज का मामला सामने आया था। आरोप है कि गलत तरीके से फिजियोथेरेपी किए जाने के कारण मरीज का कंधा जाम हो गया।
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वर्जन
स्वास्थ्य विभाग की ओर से समय-समय पर शहर में निरीक्षण किया जाता है। यदि कोई बिना पंजीकरण के फिजियोथेरेपी सेंटर की शिकायत या जानकारी मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. संजय शर्मा, डिप्टी सिविल सर्जन, जिला नागरिक अस्पताल, पलवल
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मोहम्मद अम्मार
पलवल।
शहर में फिजियोथेरेपी के नाम पर बिना पंजीकरण के मरीजों का उपचार किया जा रहा है। जिला नागरिक अस्पताल से कुछ ही दूरी पर ऐसे फिजियोथेरेपी सेंटर संचालित हो रहे हैं, जहां पंजीकरण और योग्य विशेषज्ञ की उपलब्धता को लेकर सवाल उठ रहे हैं। पलवल फिजियोथेरेपी एसोसिएशन के अनुसार शहर में करीब 20 पंजीकृत फिजियोथेरेपिस्ट हैं, जबकि 5 से 10 स्थानों पर बिना पंजीकरण के फिजियोथेरेपी किए जाने का दावा किया जा रहा है।
पलवल फिजियोथेरेपी एसोसिएशन के जिला प्रधान डॉ. जितेंद्र सिंह ने बताया कि फिजियोथेरेपी कराने से पहले मरीज को संबंधित फिजियोथेरेपिस्ट का पंजीकरण नंबर जरूर पूछना चाहिए। उन्होंने कहा कि मरीज केवल पंजीकृत और योग्य फिजियोथेरेपिस्ट से ही उपचार कराएं। उन्होंने कहा कि गलत तरीके या जरूरत से ज्यादा जोर लगाकर एक्सरसाइज कराने से घुटने और अन्य जोड़ प्रभावित हो सकते हैं।
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एसोसिएशन के पदाधिकारियों के अनुसार बीते दिनों हसनपुर क्षेत्र में एक मरीज का मामला सामने आया था। आरोप है कि गलत तरीके से फिजियोथेरेपी किए जाने के कारण मरीज का कंधा जाम हो गया।
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स्वास्थ्य विभाग की ओर से समय-समय पर शहर में निरीक्षण किया जाता है। यदि कोई बिना पंजीकरण के फिजियोथेरेपी सेंटर की शिकायत या जानकारी मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. संजय शर्मा, डिप्टी सिविल सर्जन, जिला नागरिक अस्पताल, पलवल