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Palwal News: चुनाव प्रचार में बिना अनुमति के चलाए जा रहे 10 वाहन किए जब्त
Mon, 23 Sep 2024 11:51 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पलवल
संवाद न्यूज एजेंसी, पलवल
Updated Mon, 23 Sep 2024 11:51 PM IST
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जिला निर्वाचन अधिकारी बोले- प्रचार के लिए संबंधित रिटर्निंग अधिकारी से वाहनों की अनुमति लेना जरूरी
संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। चुनाव प्रचार के दौरान बिना अनुमति चल रहे वाहनों पर अब चुनाव आयोग ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। उसी के तहत जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा गठित टीम ने होडल विधानसभा क्षेत्र में 10 वाहनों को मोटर व्हीकल अधिनियम के तहत कागजात नहीं मिलने पर इंपाउंड किया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने एफएसटी व एसएसटी टीमों को तैनात किया है, जो बिना अनुमति के प्रचार कर रहे वाहनों पर कड़ी नजर रखेंगी। डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने सभी राजनैतिक दलों व चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों का आह्नान किया कि वे चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की अनुमति जरूर लें तथा बिना अनुमति के वाहनों पर झंडा, बैनर एवं लाउडस्पीकर लगाकर चुनाव प्रचार न करें। ऐसा करने पर इसे आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए जरूरी कार्यवाही की जाएगी तथा वाहन व उसका सामान भी जब्त कर लिया जाएगा।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि चुनावी प्रक्रिया में उम्मीदवारों व राजनीतिक दलों के चुनाव प्रचार के समय रोड शो, चुनाव रैलियों के दौरान जनसाधारण को असुविधा न हो, इसके लिए उम्मीदवारों व राजनीतिक दलों को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की अनुपालना करनी होगी। उन्होंने कहा कि किसी भी उम्मीदवार या राजनैतिक दल को चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की अनुमति लेना जरूरी है, बिना अनुमति के प्रचार में वाहनों का प्रयोग नहीं कर सकते। उम्मीदवार या राजनैतिक दल द्वारा प्रचार के लिए जिन वाहनों का पंजीकरण करवाया गया है, उनका विवरण व्यय पर्यवेक्षक को बताना जरूरी होता है, ताकि उनके चुनाव खर्च में जोड़ा जा सके। इसके अलावा, किसी भी अतिरिक्त वाहन की तैनाती तभी हो सकती है, जब उम्मीदवार या उसके एजेंट द्वारा वाहनों की वास्तविक तैनाती से पहले निर्धारित समय में इस आशय की सूचना दी गई हो। चुनाव प्रचार के लिए इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों का ब्यौरा देते समय उन क्षेत्रों, तहसील का ब्यौरा भी बताना चाहिए, जिनमें वाहन चलेंगे।
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पलवल। चुनाव प्रचार के दौरान बिना अनुमति चल रहे वाहनों पर अब चुनाव आयोग ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। उसी के तहत जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा गठित टीम ने होडल विधानसभा क्षेत्र में 10 वाहनों को मोटर व्हीकल अधिनियम के तहत कागजात नहीं मिलने पर इंपाउंड किया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने एफएसटी व एसएसटी टीमों को तैनात किया है, जो बिना अनुमति के प्रचार कर रहे वाहनों पर कड़ी नजर रखेंगी। डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने सभी राजनैतिक दलों व चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों का आह्नान किया कि वे चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की अनुमति जरूर लें तथा बिना अनुमति के वाहनों पर झंडा, बैनर एवं लाउडस्पीकर लगाकर चुनाव प्रचार न करें। ऐसा करने पर इसे आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए जरूरी कार्यवाही की जाएगी तथा वाहन व उसका सामान भी जब्त कर लिया जाएगा।
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जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि चुनावी प्रक्रिया में उम्मीदवारों व राजनीतिक दलों के चुनाव प्रचार के समय रोड शो, चुनाव रैलियों के दौरान जनसाधारण को असुविधा न हो, इसके लिए उम्मीदवारों व राजनीतिक दलों को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की अनुपालना करनी होगी। उन्होंने कहा कि किसी भी उम्मीदवार या राजनैतिक दल को चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की अनुमति लेना जरूरी है, बिना अनुमति के प्रचार में वाहनों का प्रयोग नहीं कर सकते। उम्मीदवार या राजनैतिक दल द्वारा प्रचार के लिए जिन वाहनों का पंजीकरण करवाया गया है, उनका विवरण व्यय पर्यवेक्षक को बताना जरूरी होता है, ताकि उनके चुनाव खर्च में जोड़ा जा सके। इसके अलावा, किसी भी अतिरिक्त वाहन की तैनाती तभी हो सकती है, जब उम्मीदवार या उसके एजेंट द्वारा वाहनों की वास्तविक तैनाती से पहले निर्धारित समय में इस आशय की सूचना दी गई हो। चुनाव प्रचार के लिए इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों का ब्यौरा देते समय उन क्षेत्रों, तहसील का ब्यौरा भी बताना चाहिए, जिनमें वाहन चलेंगे।
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