फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   The second goodwill conference was held at Dr. Ambedkar Bhavan.

Mahendragarh-Narnaul News: डाॅ. आंबेडकर भवन में सम्पन्न हुआ दूसरा सद्भावना सम्मेलन

Sun, 04 Jan 2026 11:08 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 04 Jan 2026 11:08 PM IST
विज्ञापन
The second goodwill conference was held at Dr. Ambedkar Bhavan.
फोटो संख्या:77- डॉ. भीमराव आंबेडकर भवन में नई कार्य​कारिणी को माला पहनकार बधाई देते सभा के  सदस
महेंद्रगढ़। डाॅ. भीमराव आंबेडकर स्मारक समिति की ओर से द्वितीय सद्भावना सम्मेलन का आयोजन डाॅ. आंबेडकर भवन में किया गया। सम्मेलन की अध्यक्षता समिति के प्रशासक डॉ. ओपी आर्य ने की। पूर्व अतिरिक्त सेशन जज जरनैल सिंह कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
विज्ञापन

सम्मेलन के दौरान समिति के सदस्यों एवं समाज के गणमान्य लोगों की मौजूदगी में डाॅ. भीमराव आंबेडकर स्मारक समिति की नई कार्यकारिणी का सर्वसम्मति से गठन किया गया। इसमें प्रधान पद की जिम्मेदारी पन्नीलाल माजरा खुर्द को सौंपी गई।
विज्ञापन

महासचिव पद पर प्रेम प्रसाद सिरोहा को नियुक्त किया गया। सतीश जोनावास को सहसचिव, रोशन लाल निंबल को कोषाध्यक्ष व मुकेश चौहान सिसोठ को प्रेस सचिव बनाया गया। इसके अतिरिक्त राजबीर सिंह, अशोक को सलाहकार व प्रवक्ता अमर सिंह खुडाना को कार्यकारी रूप में शामिल किया गया। इस अवसर पर प्रशासक डॉ. ओपी आर्य ने सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। सभी पदाधिकारियों ने समाज की ओर से सौंपी गई जिम्मेदारियों को निष्ठा, ईमानदारी एवं समर्पण भाव से निभाने का संकल्प लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

वहीं दूसरी ओर सुंदर लाल जोरासिया ने बताया कि जिला रजिस्ट्रार नारनौल ने चुनाव अधिकारी मनी राम योगी लगाया था। उन्होंने डॉ. भीमराव आंबेडकर स्मारक समिति की वोटर लिस्ट चस्पा की थी जिसके बारे आपति मांगी थी। 23 दिसंबर, 2025 में 1000 रुपए की फीस भरकर जिला रजिस्ट्रार और राज्य रजिस्ट्रार को आपत्ति की थी। जिसका अभी तक फैसला भी नहीं हुआ है।

उसके बाद भी प्रशासक ने चुनाव अधिकारी के चुनाव कार्यक्रम जारी किए बिना बुलाई गई सद्भावना बैठक में ही चुनाव करके बॉडी बना दी है। यह बॉडी और प्रशासक का कार्य बिल्कुल अवैध है। जो कानूनन अमान्य ही नहीं अपराध है। यह कोई चुनाव नहीं है। उन्होंने कहा कि चुनाव अधिकारी के बिना चुनाव नहीं हो सकते है। इसलिए बिना चुनाव अधिकारी के प्रशासक द्वारा किया कृत्य अवैध व आपराधिक है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed