{"_id":"691e017f9d236ae0ec02bffd","slug":"illegal-kiosks-at-toll-plaza-collapse-affecting-50-families-narnol-news-c-196-1-nnl1010-132479-2025-11-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahendragarh-Narnaul News: टोल किनारे के अवैध खोखे ढहे, 50 परिवारों पर असर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahendragarh-Narnaul News: टोल किनारे के अवैध खोखे ढहे, 50 परिवारों पर असर
Wed, 19 Nov 2025 11:12 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Wed, 19 Nov 2025 11:12 PM IST
विज्ञापन
फोटो 08 अतिक्रमण हटाता बुलडोजर। संवाद
नांगल चौधरी। सिरोही बहाली टोल प्लाजा पर दो दिन पहले हुई तोड़फोड़ के बाद नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया हरकत में आ गई है।बुधवार को जिला प्रशासन व एनएचएआई की टीम ने टोल प्लाजा के आसपास बड़े पैमाने पर अवैध रूप से चल रहे खोखे, ढाबे व होटलों पर कार्रवाई करते हुए जगह खाली कराई है।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट पीडब्ल्यूडी एसडीओ नरेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में बुधवार सुबह भारी पुलिस बल के साथ टीम मौके पर पहुंची और टोल से सटे अवैध रूप से बनाए गए खोखों, ढाबों और होटलनुमा संरचनाओं पर बुलडोजर से हटा दिया।
साथ ही एनएचएआई की जगह पर होटलों के सामने रास्ता खोद दिया गया। प्रशासन ने पहले दुकान संचालकों को स्थल खाली करने के नोटिस व निर्देश दिए और उसके बाद कार्रवाई शुरू कर दी।
विज्ञापन
संदिग्ध गतिविधियों का गढ़ थे कई खोखे
टोल के किनारे बने कई अस्थायी खोखे संदिग्ध गतिविधियों का गढ़ बने गए थे। लोगों का कहना है कि इन खोखों में रंगदारी व वसूली की बातें आम थीं। कई बार यहां रात में बाहरी युवकों की भीड़ आती थी जिससे नशे का चलन भी बढ़ रहा था। ऐसे में टोल कर्मियों से लेकर राहगीरों तक, सभी असुरक्षित महसूस करते थे।
तोड़फोड़ के आरोपी अभी भी गिरफ्त से बाहर
रविवार देर शाम दो गाड़ियों में सवार होकर आए 8-10 युवकों ने अचानक टोल प्लाजा पर हमला बोल दिया था। हमलावरों ने करीब 10 बूथों के शीशे तोड़ दिए और कंप्यूटर सिस्टम को भी भारी नुकसान पहुंचाया। इस घटना में टोल कंपनी को करीब 10 से 15 लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। फिलहाल पुलिस ने मामले की शिकायत दर्ज कर ली है लेकिन हमलावर अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर उनकी पहचान की कोशिश जारी है।
50 परिवारों की रोजी-रोटी पर असर
एनएचएआई की कार्रवाई से एक तरफ जहां सुरक्षा के तिहाज से लोगों ने राहत की सांस ली, वहीं दूसरी ओर उन छोटे खोखा संचालकों की रोजी-रोटी पर असर पड़ा है जो यहां से कमाई करके अपना घर चलाते थे। इसमें से कई चाय की रेहड़ी तो बर्गर, पंचर व हवा भरने की रेहड़िया शामलि हैं। अनुमान के अनुसार, करीब 50 परिवार इन खोखों पर निर्भर थे।
बड़ी संख्या में पुलिस तैनात
कार्रवाई के दौरान पुलिस की टीम बड़ी संख्या में तैनात थी। जगह को खाली कराने व तोड़फोड़ की कार्रवाई के दौरान पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद रही, ताकि किसी भी तरह का विरोध या विवाद उत्पन्न न हो सके। कार्रवाई पूरी होने तक पुलिस हर जगह पर मुस्तैदी से तैनात रही।
वर्जन
कार्रवाई से पहले अवैध ढाबे व होटल चलाने वाले लोगों को एनएचएआई की जमीन को खाली करने के नोटिस दिए गए थे। एनएचएआई की हद से 30 मीटर तक पक्का निमार्ण नहीं किया जा सकता है।-नरेंद्र यादव, डयूटी मजिस्टे्रट (एसडीओ पीडब्ल्यूडी) नारनौल
विज्ञापन
ड्यूटी मजिस्ट्रेट पीडब्ल्यूडी एसडीओ नरेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में बुधवार सुबह भारी पुलिस बल के साथ टीम मौके पर पहुंची और टोल से सटे अवैध रूप से बनाए गए खोखों, ढाबों और होटलनुमा संरचनाओं पर बुलडोजर से हटा दिया।
विज्ञापन
साथ ही एनएचएआई की जगह पर होटलों के सामने रास्ता खोद दिया गया। प्रशासन ने पहले दुकान संचालकों को स्थल खाली करने के नोटिस व निर्देश दिए और उसके बाद कार्रवाई शुरू कर दी।
विज्ञापन
संदिग्ध गतिविधियों का गढ़ थे कई खोखे
टोल के किनारे बने कई अस्थायी खोखे संदिग्ध गतिविधियों का गढ़ बने गए थे। लोगों का कहना है कि इन खोखों में रंगदारी व वसूली की बातें आम थीं। कई बार यहां रात में बाहरी युवकों की भीड़ आती थी जिससे नशे का चलन भी बढ़ रहा था। ऐसे में टोल कर्मियों से लेकर राहगीरों तक, सभी असुरक्षित महसूस करते थे।
तोड़फोड़ के आरोपी अभी भी गिरफ्त से बाहर
रविवार देर शाम दो गाड़ियों में सवार होकर आए 8-10 युवकों ने अचानक टोल प्लाजा पर हमला बोल दिया था। हमलावरों ने करीब 10 बूथों के शीशे तोड़ दिए और कंप्यूटर सिस्टम को भी भारी नुकसान पहुंचाया। इस घटना में टोल कंपनी को करीब 10 से 15 लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। फिलहाल पुलिस ने मामले की शिकायत दर्ज कर ली है लेकिन हमलावर अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर उनकी पहचान की कोशिश जारी है।
50 परिवारों की रोजी-रोटी पर असर
एनएचएआई की कार्रवाई से एक तरफ जहां सुरक्षा के तिहाज से लोगों ने राहत की सांस ली, वहीं दूसरी ओर उन छोटे खोखा संचालकों की रोजी-रोटी पर असर पड़ा है जो यहां से कमाई करके अपना घर चलाते थे। इसमें से कई चाय की रेहड़ी तो बर्गर, पंचर व हवा भरने की रेहड़िया शामलि हैं। अनुमान के अनुसार, करीब 50 परिवार इन खोखों पर निर्भर थे।
बड़ी संख्या में पुलिस तैनात
कार्रवाई के दौरान पुलिस की टीम बड़ी संख्या में तैनात थी। जगह को खाली कराने व तोड़फोड़ की कार्रवाई के दौरान पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद रही, ताकि किसी भी तरह का विरोध या विवाद उत्पन्न न हो सके। कार्रवाई पूरी होने तक पुलिस हर जगह पर मुस्तैदी से तैनात रही।
वर्जन
कार्रवाई से पहले अवैध ढाबे व होटल चलाने वाले लोगों को एनएचएआई की जमीन को खाली करने के नोटिस दिए गए थे। एनएचएआई की हद से 30 मीटर तक पक्का निमार्ण नहीं किया जा सकता है।-नरेंद्र यादव, डयूटी मजिस्टे्रट (एसडीओ पीडब्ल्यूडी) नारनौल