{"_id":"6a8c89ae6b14a17e8509a6e2","slug":"employees-stage-sit-in-for-their-rights-agitation-if-no-resolution-by-the-31st-narnol-news-c-196-1-nnl1003-144303-2026-08-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahendragarh-Narnaul News: हक के लिए कर्मचारियों का धरना, 31 तक समाधान नहीं तो आंदोलन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahendragarh-Narnaul News: हक के लिए कर्मचारियों का धरना, 31 तक समाधान नहीं तो आंदोलन
विज्ञापन
फोटो नंबर-06मांगों को लेकर धरना देते पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल। स्रोत- संगठन
नारनौल। ऑल हरियाणा पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल कर्मचारी यूनियन ने कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांगों के समाधान की मांग को लेकर सोमवार को जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंडल नंबर-1 नारनौल के कार्यालय परिसर में एक दिवसीय सांकेतिक धरना-प्रदर्शन किया।
धरने की अध्यक्षता प्रदेशाध्यक्ष नरेंद्र धीमान ने की जबकि मंच संचालन शाखा प्रधान दीपक शांडिल्य ने किया। धरने को संबोधित करते हुए यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि 15 जून और 13 अगस्त को संगठन के शिष्टमंडल तथा कार्यकारी अभियंता के बीच हुई वार्ता में मांगों पर सकारात्मक सहमति बनी थी और बैठक की कार्यवाही भी जारी हुई थी। इसके बावजूद मांगों का समाधान नहीं होने से कर्मचारियों में रोष है।
यूनियन ने वर्ष 2024 में नवीन ठेकेदार द्वारा रोके गए 52 कर्मचारियों के बकाया वेतन का भुगतान कराने की मांग की। इनमें 39 कर्मचारियों का 13 माह और 13 कर्मचारियों का चार माह का वेतन शामिल है। पदाधिकारियों ने कहा कि विभाग द्वारा भुगतान ठेकेदार के खाते में पहले ही किया जा चुका है। इसके अलावा सभी कर्मचारियों को हर माह सात तारीख तक वेतन देने, आउटसोर्सिंग व एचकेआरएन कर्मचारियों का बकाया वेतन जारी करने, वर्ष 2020-23 की लंबित एलटीसी और मेडिकल बिलों का भुगतान करने की मांग उठाई गई।
विज्ञापन
एमपीडब्ल्यू कर्मचारियों के मार्च 2026 से लंबित पीएफ जमा कराने, जॉब सिक्योरिटी संबंधी आपत्तियों का निवारण, जर्जर जलघरों व चैंबरों की मरम्मत तथा कर्मचारियों को सेफ्टी किट, डांगरी, जूते और रेनकोट उपलब्ध कराने की मांग भी की गई।
प्रदेशाध्यक्ष नरेंद्र धीमान ने चेतावनी दी कि 31 अगस्त तक मांगों का ठोस समाधान नहीं हुआ तो यूनियन एक सितंबर से कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेगी। इस दौरान प्रांतीय महासचिव अमरीक सिंह चड्ढा, सुभाष यादव, गोपी राम सहित सैकड़ों कर्मचारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
धरने की अध्यक्षता प्रदेशाध्यक्ष नरेंद्र धीमान ने की जबकि मंच संचालन शाखा प्रधान दीपक शांडिल्य ने किया। धरने को संबोधित करते हुए यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि 15 जून और 13 अगस्त को संगठन के शिष्टमंडल तथा कार्यकारी अभियंता के बीच हुई वार्ता में मांगों पर सकारात्मक सहमति बनी थी और बैठक की कार्यवाही भी जारी हुई थी। इसके बावजूद मांगों का समाधान नहीं होने से कर्मचारियों में रोष है।
विज्ञापन
यूनियन ने वर्ष 2024 में नवीन ठेकेदार द्वारा रोके गए 52 कर्मचारियों के बकाया वेतन का भुगतान कराने की मांग की। इनमें 39 कर्मचारियों का 13 माह और 13 कर्मचारियों का चार माह का वेतन शामिल है। पदाधिकारियों ने कहा कि विभाग द्वारा भुगतान ठेकेदार के खाते में पहले ही किया जा चुका है। इसके अलावा सभी कर्मचारियों को हर माह सात तारीख तक वेतन देने, आउटसोर्सिंग व एचकेआरएन कर्मचारियों का बकाया वेतन जारी करने, वर्ष 2020-23 की लंबित एलटीसी और मेडिकल बिलों का भुगतान करने की मांग उठाई गई।
विज्ञापन
एमपीडब्ल्यू कर्मचारियों के मार्च 2026 से लंबित पीएफ जमा कराने, जॉब सिक्योरिटी संबंधी आपत्तियों का निवारण, जर्जर जलघरों व चैंबरों की मरम्मत तथा कर्मचारियों को सेफ्टी किट, डांगरी, जूते और रेनकोट उपलब्ध कराने की मांग भी की गई।
प्रदेशाध्यक्ष नरेंद्र धीमान ने चेतावनी दी कि 31 अगस्त तक मांगों का ठोस समाधान नहीं हुआ तो यूनियन एक सितंबर से कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेगी। इस दौरान प्रांतीय महासचिव अमरीक सिंह चड्ढा, सुभाष यादव, गोपी राम सहित सैकड़ों कर्मचारी मौजूद रहे।