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Mahendragarh-Narnaul News: सूदखोरों पर कार्रवाई करने की उठाई मांग
Wed, 08 Jan 2025 11:13 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Wed, 08 Jan 2025 11:13 PM IST
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फोटो नंबर-21नारनौल में डीएसपी को ज्ञापन सौंपते सामाजिक संगठन के सदस्य।
नारनौल। शहर में सक्रिय सूदखोरों को लेकर लोगों ने बुधवार को उपपुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा। इसमें सूदखोरों द्वारा प्रताड़ित किए जाने वाले लोगों की शिकायत पर कार्रवाई की मांग की गई।
उप पुलिस अधीक्षक को सौंपे ज्ञापन में होशियार सिंह, सुरेश चंद संघी, गजेंद्र सिंह, गोबिंद यादव, कमल सैनी, प्रदीप शर्मा आदि ने बताया कि शहर में कई सूदखोर सक्रिय हैं, जो कि असंभव शर्तों तथा दरों पर अवैध रूप से ब्याज पर रुपये देने का कार्य करते हैं, जबकि ये सूदखोर कहीं पर भी रजिस्टर्ड नहीं हैं। अमानवीय दरों पर गैरकानूनी तरीके से रुपये ब्याज पर देते हैं। मजबूरी में फंसे लोग इनकी शर्तों पर कर्जा ले लेते हैं। परिणामस्वरूप वे इन सूदखोर दरिंदों के चंगुल से जीवनभर निकल नहीं पाते।
कर्जदार के जरा सा हीलहवाली पर ये लोग उन्हें अपमानित करने, डराने व उसके द्वारा गिरवी रखे चेक लगाने तथा अनेक प्रकार से मानसिक प्रताड़ना करने के अलावा मार पिटाई तक करते हैं। हाल ही में नगर में एक हृदय विदारक घटना घटी है जिसमें चार सदस्यों के एक पूरे परिवार ने सूदखोरों से तंग आकर कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। हालांकि इस प्रकार की सूदखोरी के विरुद्ध सरकार ने कानून बनाए हुए हैं, लेकिन आमतौर पर पुलिस इन सूदखोरों के विरुद्ध कोई ठोस कार्रवाई नहीं करती अपितु ऐसे भी उदाहरण सामने आते हैं कि सूदखोरी की ऐसी घटनाओं में पीड़ित की संलिप्तता का हवाला देकर पुलिस इस प्रकार की शिकायतों को भी हतोत्साहित करती है।
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उप पुलिस अधीक्षक को सौंपे ज्ञापन में होशियार सिंह, सुरेश चंद संघी, गजेंद्र सिंह, गोबिंद यादव, कमल सैनी, प्रदीप शर्मा आदि ने बताया कि शहर में कई सूदखोर सक्रिय हैं, जो कि असंभव शर्तों तथा दरों पर अवैध रूप से ब्याज पर रुपये देने का कार्य करते हैं, जबकि ये सूदखोर कहीं पर भी रजिस्टर्ड नहीं हैं। अमानवीय दरों पर गैरकानूनी तरीके से रुपये ब्याज पर देते हैं। मजबूरी में फंसे लोग इनकी शर्तों पर कर्जा ले लेते हैं। परिणामस्वरूप वे इन सूदखोर दरिंदों के चंगुल से जीवनभर निकल नहीं पाते।
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कर्जदार के जरा सा हीलहवाली पर ये लोग उन्हें अपमानित करने, डराने व उसके द्वारा गिरवी रखे चेक लगाने तथा अनेक प्रकार से मानसिक प्रताड़ना करने के अलावा मार पिटाई तक करते हैं। हाल ही में नगर में एक हृदय विदारक घटना घटी है जिसमें चार सदस्यों के एक पूरे परिवार ने सूदखोरों से तंग आकर कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। हालांकि इस प्रकार की सूदखोरी के विरुद्ध सरकार ने कानून बनाए हुए हैं, लेकिन आमतौर पर पुलिस इन सूदखोरों के विरुद्ध कोई ठोस कार्रवाई नहीं करती अपितु ऐसे भी उदाहरण सामने आते हैं कि सूदखोरी की ऐसी घटनाओं में पीड़ित की संलिप्तता का हवाला देकर पुलिस इस प्रकार की शिकायतों को भी हतोत्साहित करती है।
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