फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Death of six children simultaneously, screams in Jhadli and Dhanaunda villages

Mahendragarh-Narnaul News: एक साथ छह बच्चों की मौत, झाड़ली और धनौंदा गांव में चीख-पुकार

Fri, 12 Apr 2024 01:28 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Fri, 12 Apr 2024 01:28 AM IST
विज्ञापन
Death of six children simultaneously, screams in Jhadli and Dhanaunda villages
कनीना (महेंद्रगढ़)। उपमंडल के गांव उन्हाणी के पास जीएल स्कूल बस हादसे में एक साथ छह विद्यार्थियों की मौत की घटना के बाद झाड़ली और धनौंदा गांव में चीख-पुकार मची है। कनीना अस्पताल में दिनभर भीड़ रही। भारी पुलिस प्रशासन का प्रबंध किया गया। अभिभावकों ने भी हंगामा किया। इस हादसे में चार बच्चे झाड़ली और दो बच्चे धनौंदा गांव के होने के कारण पीड़ित अभिभावकों व गांव वालों के पास आंसू नहीं थम रहे हैं। पीड़ित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं घटना से गुस्साए लोगों ने मौके पर ही कुछ देर के लिए जाम भी लगा दिया था।
विज्ञापन


झाड़ली निवासी संदीप कुमार के बुझ गए दोनों चिराग

संदीप कुमार और उनकी पत्नी सुषमा का हादसे के बाद बुरा हाल है। इनके दो पुत्र यक्षु और अंशु थे। परिवार में दो ही पुत्र थे। संदीप कुमार प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। यक्षु व अंशु दोनों सगे भाई सुबह 7:45 बजे बस में सवार हुए थे। उनकी इच्छा भविष्य में खिलाड़ी बनने की थी और वो दाेनों हीं इस हादसे का शिकार हो गए। दोनों की चिताएं पास-पास जलीं।
विज्ञापन




वहीं पूर्व शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा के भांजे एवं पूर्व सरपंच झाड़ली निवासी संजय के बेटे युवराज की भी इस हादसे में मौत हो गई है। वहीं सत्यम के पिता राकेश हादसे के बाद टूट चुके हैं। अब परिवार में एक लड़की है। वहीं हादसे में गांव धनौंदा निवासी रिक्की पुत्री रविंद्र व वंश पुत्र दुष्यंत निवासी धनौंदा भी हादसे का शिकार हुए हैं। गांव धनौंदा और झाड़ली में एक साथ छह चिताएं जलने से क्षेत्र में मातम है।
विज्ञापन
विज्ञापन


संजय का दूसरा बेटा नहीं गया था स्कूल, बच गई जान



मृतक युवराज के पिता संजय ने बताया कि उनके दो बच्चे हैं, एक लड़का युवराज व दूसरा लड़का काला (घर का नाम) है। वीरवार को स्कूल में केवल युवराज ही गया था। छोटा बच्चा स्कूल नहीं गया, जिसकी वजह से वह बच गया। वहीं मृतक सत्यम के पिता राकेश शर्मा ने बताया कि उनका एक लड़का व एक लड़की थे। लड़का सत्यम वीरवार को स्कूल में गया था। बेटी मुस्कान किसी कार्य से घर पर ही रह गई, जिस कारण हादसे का शिकार होने से बच गई। झाड़ली गांव के ग्रामीण अनिल, राजवीर, सुरेंद्र, महीपाल, नवीन ने बताया कि स्कूल के प्रिंसिपल को इसके बारे में कई बार सूचना दी गई थी कि बस चालक कोताही बरतता है। नशे में रहता है, लेकिन प्रिंसिपल व प्रशासन की ओर से कोई भी कार्रवाई नहीं की गई।

श्मशान घाट पर पहुंचे सांसद, शिक्षा मंत्री व पूर्व शिक्षा मंत्री

महेंद्रगढ़-भिवानी के सांसद चौधरी धर्मबीर कनीना उपमंडल के गांव झाड़ली के श्मशान घाट पर पहुंचे। इसके बाद गमगीन लोगों ने एक ही बात प्रमुखता से रखी कि यह हादसा भविष्य में किसी के साथ न हो, ऐसे में सभी निजी स्कूलों की जांच की जाए। बसों की स्थिति देखी जाए और दोषी पाए जाए तो उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। यहां तक कि बसों में लगाए जाने वाले चालकों का चरित्र व्यवहार देखा जाए और उन्होंने प्रशिक्षण ले रखा है या नहीं, इस बात का भी पता लगाया जाए। नियमों का पालन न करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। इस पर सांसद ने कहा कि दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा, साथ में उन्होंने गहरी शोक संवेदना व्यक्त की। एक ही परिवार के दो बेटों की एक साथ मौत होने पर भी गहरा शोक जताया और भगवान से परिजनों को कष्ट सहने की प्रार्थना की। पूर्व शिक्षा मंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा ने कहा कि इस तरह की घटना बहुत ही दुखदायी है, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।



स्कूल संचालक के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी : शिक्षा मंत्री



झाड़ली गांव में श्मशान घाट पहुंचीं शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा ने कहा कि जिस भी स्कूल में कागजात पूरे या किसी प्रकार की कोई अनियमितता पाई जाती है तो उसके खिलाफ विभाग द्वारा सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने मृतकों के परिजनों को आश्वासन दिया कि किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। स्कूल संचालक के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

टक्कर के बाद बस के शीशे टूटे, खिड़कियों से बाहर निकले बच्चे

प्रत्यक्षदर्शी जयप्रकाश के अनुसार, चालक नशे की हालत में मोड़ होने के कारण बस से नियंत्रण खो बैठा और नहरी पुलिया के पास एक बड़े पेड़ से टकराकर पलट गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कुछ बच्चे शीशे तोड़ते हुए खिड़कियों से बाहर जा गिरे।

आसपास के लोगों ने मौके पर पुलिस को हादसे की सूचना दी, जबकि घटनास्थल पर महज आधे घंटे में ही 300 से अधिक लोगों की भीड़ ने हर संभव सहयोग कर घायलों को निजी वाहनों व एंबुलेंस के माध्यम से उप नागरिक अस्पताल कनीना और एक निजी अस्पताल पहुंचाया। चार बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई थी, वहीं दो बच्चों ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था।



आखिर क्यों हुआ यह हादसा

कनीना स्थित जीएल पब्लिक स्कूल की बस गांव सेहलंग से खेड़ी-तलवाना, झाड़ली, खरकड़ा बास, धनौंदा आदि गांवों से बच्चों को बैठाकर कनीना स्थित जीएल स्कूल ले जाती थी। वीरवार को चालक 32 वर्षीय धर्मेंद्र शराब के नशे में था। वह गांव झाड़ली, खरकड़ा बास, धनौंदा से बच्चों को बस में बैठाकर उन्हाणी स्थित नहरी पुलिया व हैफेड के गोदाम के नजदीक पहुंचा। यहां हल्के मोड़ पर चालक ने गति कम न करते हुए ही बस मोड़ने का प्रयास किया। इसके बाद नियंत्रण खो बैठा और गलत दिशा में पेड़ से टकराने के बाद बस पलट गई। हादसे के दौरान हर ओर छोटे बच्चों की चीख-पुकार मच गई। आसपास खेतों में काम कर रहे किसान व सड़क पर आवागमन कर रहे वाहन चालक भी मौके पर पहुंच गए और बच्चों को बचाने में जुट गए।



गांव खेड़ी में हादसे के बाद छीन ली थी चालक से बस की चाबी



हादसे से पूर्व बस चालक ने गांव खेड़ी-तलवाना में एक बाइक को टक्कर मार दी थी, जिसके बाद खेड़ी निवासी युवक तूड़ी पर गिर गया था। उसने बस स्टैंड पर बस रुकवाकर चालक से चाबी छीन ली थी। चालक के मुंह से शराब की बदबू आने के बाद युवक ने इसकी शिकायत स्कूल प्रबंधन से कर दी थी, लेकिन प्रबंधन की ओर से स्कूल पहुंचने पर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया और चालक को बस लेकर जाने दिया गया। पीड़ित अभिभावकों का कहना है कि यदि स्कूल प्रबंधन उसी समय इस बात पर ध्यान देता तो शायद यह हादसा न होता। वहीं कुछ ग्रामीणों के बच्चे भी इस बस में सवार थे, जिनके अनुरोध पर चालक को चाबी वापस दे दी गई। इसके बाद उन्हाणी मोड़ पर यह हादसा हो गया।


अवकाश के दिन स्कूल खोला गया, इसके लिए विभाग को स्कूल की मान्यता रद्द करने का नोटिस जारी कर दिया गया है। गाड़ी का फिटनेस न होने के कारण गाड़ी के कोई भी कागजात पूरे नहीं है, इसके लिए आरटीओ को बोल दिया गया है। स्कूल संचालक के खिलाफ करवाई की जाएगी।

- मोनिका गुप्ता, उपायुक्त महेंद्रगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed